चंडीगढ़ में थाने के बाहर शव: पुलिस के खिलाफ गुस्सा, मृतक के परिजनों का हंगामा, धर्मपाल की आत्महत्या से बवाल
चार दिन पहले मौली जागरां में रात के समय कुछ लोगों ने पथराव कर कई गाड़ियों के शीशे तोड़ दिए थे और मोहल्ले में जमकर उत्पात मचाया। यह पथराव पारिवारिक विवाद के चलते हुआ था।
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चंडीगढ़ के गांव मौली जागरां पुलिस स्टेशन के बाहर खूब हंगामा हो रहा है। गांव मौली जागरां के एक व्यक्ति ने आत्महत्या की थी। व्यक्ति की आत्महत्या के बाद जमकर बवाल हो रहा है। परिजन मृतक का शव लेकर पुलिस थाने के बाहर धरना दे रहे हैं। परिजनों का आरोप है कि मृतक को आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाले आरोपियों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई नहीं कर रही है। मृतक गांव मौली जागरां निवासी धर्मपाल था। आरोप है कि धर्मपाल ने गांव में ही रहने वाले दूसरी बिरादरी के लोगों के परेशान हो कर आत्महत्या की थी। गुस्साए लोग पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर रोष जता रहे हैं। मृतक के परिजनों का कहना है कि जब तक पुलिस आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करती वह मृतक का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। हालांकि पुलिस मृतक के परिजनों को समझाने का प्रयास कर रही है, लेकिन गुस्साए लोग मानने को तैयार नहीं हैं।
बता दें कि चार दिन पहले मौली जागरां में रात के समय कुछ लोगों ने पथराव कर कई गाड़ियों के शीशे तोड़ दिए थे और मोहल्ले में जमकर उत्पात मचाया। यह पथराव पारिवारिक विवाद के चलते हुआ था। दरअसल मकान नंबर 4550 निवासी धर्मपाल (55) ने रविवार शाम फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी। धर्मपाल की आत्महत्या के बाद दूसरी बिरादरी के लोगों ने उसके घर पर पथराव किया था। क्योंकि धर्मपाल के भाई संजय का लड़के (धर्मपाल के भतीजे) ने पिछले महीने दूसरी बिरादरी के लड़की से लव मैरिज (कोर्ट मैरिज) की थी। कोर्ट मैरिज करने के बाद वह घर नहीं आ रहा था। रविवार को जब धर्मपाल ने आत्महत्या की, तो लड़की के परिवार के लोगों को लगा कर उसके भाई का परिवार और बेटा घर लौटे हैं तो लड़की की बिरादरी के लोगों ने उनके घर और मोहल्ले में खड़ी गाड़ियों पर पत्थरबाजी कर दी।
मृतक धर्मपाल की बेटी दीक्षा और उसके भाई संजय का कहना था कि जबसे उनके लड़के ने इस बिरादरी की लड़की से शादी की है, तबसे यह लोग धर्मपाल को रास्ता रोककर लगातार परेशान कर रहे थे। लड़की की बिरादरी वाले लोगों से तंग आकर धर्मपाल ने घर में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। इस बाद उसी दिन शाम को फिर लड़की परिवार के लोगों को लगा कि लड़का और उसका परिवार घर आए होंगे तो इन लोगों ने उनके घर पर हमला करके बाहर खड़ी मोहल्ले के लोगों की कई गाड़ियों को नुकसान पहुंचाया। परिजनों के अनुसार शादि के बाद से ही लड़के के परिवार को लगातार धमकियां मिल रही थीं और पीछा किया जा रहा था, जिसके चलते पूरा परिवार घर छोड़कर बाहर रहने को मजबूर था। धर्मपाल की मौत के बाद जब परिवार वापस लौटा तो दूसरी बिरादरी के लोगों ने फिर से हमला कर दिया और जमकर तोड़फोड़ की थी।