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कबीरधाम: पेंड्रीकला उपार्जन केंद्र में करीब 73 लाख रुपये के धान की हेराफेरी, खरीदी केंद्र प्रभारी पर एफआईआर
अमर उजाला नेटवर्क, कबीरधाम
Published by: कबीरधाम ब्यूरो
Updated Sat, 31 Jan 2026 07:08 PM IST
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सार
कबीरधाम जिले में धान खरीदी के दौरान एक बार फिर बड़ा घोटाला सामने आया है। ग्राम पेंड्रीकला धान उपार्जन केंद्र में करीब 73 लाख रुपये के धान की हेराफेरी का मामला उजागर हुआ है।
कुंडा थाना में मामला दर्ज किया गया है
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विस्तार
कबीरधाम जिले में धान खरीदी के दौरान एक बार फिर बड़ा घोटाला सामने आया है। ग्राम पेंड्रीकला धान उपार्जन केंद्र में करीब 73 लाख रुपये के धान की हेराफेरी का मामला उजागर हुआ है। इस मामले में खरीदी केंद्र प्रभारी विवेक चंद्राकर के खिलाफ पुलिस थाना कुंडा में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। फिलहाल आरोपी फरार है और पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।
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73 लाख से अधिक के धान की कमी
भौतिक सत्यापन के दौरान ग्राम पेंड्रीकला धान उपार्जन केंद्र के स्टॉक से 2272 क्विंटल धान की कमी पाई गई। इस कमी की शासकीय कीमत 73 लाख 49 हजार 920 रुपये आंकी गई है। जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित राजनांदगांव की शाखा कुंडा के शाखा प्रबंधक राजेंद्र कुमार डाहिरे ने इस गड़बड़ी की लिखित शिकायत दर्ज कराई है, जिसके आधार पर यह कार्रवाई की गई है। जांच रिपोर्ट के अनुसार, शासन को कुल 73 लाख 49 हजार 920 रुपये का नुकसान हुआ है। रिपोर्ट में यह भी उल्लेख है कि 28 नवंबर 2025 से 11 जनवरी 2026 तक खरीदी की जिम्मेदारी विवेक चंद्राकर के पास थी और इसी अवधि में धान की यह कमी पाई गई, जिससे पूरी जवाबदेही उन्हीं पर तय की गई है।
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पूर्व में भी लगे थे बड़े घोटालों के आरोप
यह पहली बार नहीं है जब कबीरधाम जिले में धान खरीदी को लेकर गड़बड़ियां सामने आई हैं। इससे पहले भी जिले के धान संग्रहण केंद्रों से धान गायब होने के मामले चर्चा में रहे हैं। एक ऐसे ही मामले में तो दावा किया गया था कि सात करोड़ रुपये के धान को चूहों ने खा लिया था। हालांकि, उस मामले में प्रशासन ने एक कर्मचारी को निलंबित और एक विपणन अधिकारी को नोटिस जारी किया था। यह मामला पूरे प्रदेश में चर्चित रहा था और अभी भी इसकी जांच जारी है। जिले में लगातार सामने आ रही इन गड़बड़ियों ने धान खरीदी व्यवस्था की निगरानी और पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
