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Raigarh: डिजिटल अरेस्ट ठगी का खुलासा, महिला समेत अंतर्राज्यीय गिरोह के पांच आरोपी गिरफ्तार

अमर उजाला नेटवर्क, रायगढ़ Published by: रायगढ़ ब्यूरो Updated Fri, 24 Apr 2026 05:23 PM IST
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सार

रायगढ़ पुलिस ने डिजिटल अरेस्ट ठगी का खुलासा करते हुए अंतर्राज्यीय गिरोह के 5 आरोपियों को पकड़ा है। आरोपियों के द्वारा  टेलीकॉम अधिकारी, फर्जी आईपीएस और सीबीआई अफसर बनकर ठगी की घटना को अंजाम दिया जाता था।

Digital Arrest Scam Exposed Five Accused Including a Woman from Inter-State Gang Arrested in Raigarh
डिजिटल अरेस्ट ठगी का खुलासा, 5 गिरफ्तार
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विस्तार

रायगढ़ पुलिस ने डिजिटल अरेस्ट ठगी का खुलासा करते हुए अंतर्राज्यीय गिरोह के 5 आरोपियों को पकड़ा है। आरोपियों के द्वारा टेलीकॉम अधिकारी, फर्जी आईपीएस और सीबीआई अफसर बनकर ठगी की घटना को अंजाम दिया जाता था। गिरोह से अलग अलग प्रदेश में 1 करोड़ 40 लाख 77 हजार 300 की सायबर ठगी मिली है।आरोपियों ने रायगढ़ के सेवानिवृत्त विद्युत विभाग पर्यवेक्षक से करीब 36.97 लाख रुपये की ठगी की घटना को भी अंजाम दिया था।

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पुलिस कंट्रोल रूम में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में एसएसपी शशि मोहन सिंह ने गिरोह के अपराध करने के तरीके का खुलासा करते हुए बताया कि कैसे आरोपियों ने गिरोह बनाया, इस गिरोह में शामिल राहुल व्यास बंधन बैंक का कर्मचारी है, आरोपी महिला बेव साइड डेव्लपर है । संगठित तरीके से काम कर रहा यह गिरोह बेहद शातिर तरीके से लोगों को कानून, मनी लॉन्ड्रिंग और गिरफ्तारी का डर दिखाकर ठगी को अंजाम देता था।
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फरवरी माह में सायबर ठगो ने खुद को पुलिस अधिकारी और सीबीआई अधिकारी बताकर डिजिटल अरेस्ट का भय दिखाते हुए विद्युत विभाग के सेवानिवृत्त परिवेक्षक नरेन्द्र ठाकुर से 36 लाख, 97 हजार 117 रुपए की ठगी कर ली थी। जिसके बाद पीड़ित ने 17 फरवरी को सायबर थाना में मामले की लिखित शिकायत की थी। जिस पर पुलिस ने धारा 308(6), 318(4) भारतीय न्याय संहिता एवं 66(D) आईटी एक्ट के तहत अपराध दर्ज करते हुए जांच शुरू की।

राजस्थान में मिला आरोपियों का लोकेशन
सायबर थाने की टीम ने बैंक खातों आर अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच की गई। जिसमें पीड़ित द्वारा भेजे गए 4.50 लाख रुपए भीलवाडा राजस्थान के बैंक में जमा होने की जानकारी मिली। जिसके बाद बैंक डिटेल और तकनीकी साक्ष्य जुटा कर आरोपियों का पता लगाया गया। एक टीम गठित कर भीलवाड़ा राजस्थान रवाना किया गया, जहां तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों का पता उठाई जिसमें बंधन बैंक भीलवाड़ा के एम्पलाई राहुल व्यास की संलिप्तता अपराध में पाई और उसे तत्काल हिरासत में लेते हुए पूछताछ करने पर पूरे गिरोह का खुलासा हुआ। जिसके बाद अन्य आरोपी रविराज सिंह उसकी पत्नी आरती राजपूत आरोपी संजय मीणा और गौरव व्यास को अलग-अलग स्थानों पर दबिश देकर हिरासत में लेकर ट्रांजिट रिमांड पर रायगढ़ लाया गया है ।

गूगल और वीडियो देख देख कर सीखा साइबर ठगी
गैंग के मास्टर माइंड ने बताया कि 2007 से मनिकेलाल वर्मा शासकीय महाविद्यालय भीलवाड़ा में पढ़ाई के दौरान आरती राजपूत से उसकी जान-पहचान थी, आरती राजपूत क्वालिटी एनालिस्ट एवं ऑनलाईन वेबसाईट बनाने का काम करती थी, उसके पति रविराज सिंह चव्हाण है। करीब 3 साल पहले आरती और रविराज के खाते में संदिग्ध रूपये आने लगे। जिसके बाद साइबर ठगों से इनसे संपर्क किया। जब इनके खातों में मोटी रकम आने लगी तब ये पैसे नहीं लौटाकर खुद साइबर ठगी करने और रूपये कमाने का प्लान बनाया और साइबर ठगों से जुड़ गये और इन्होंने विभिन्न वेबसाईटों गूगल के माध्यम से विडियो देखकर साइबर ठगी सीखना बताये ।

आपस में बांट ली जाती थी ठगी की रकम
आरोपियों के व्हाटसअप में विभिन्न कॉल रिकार्डिंग तथा व्हाटसअप चैटिंग कर घटना को अंजाम देने की बातों पर चैटिंग उपलबध हैं। ठगी से जो रूपये मिलते हैं उनमें कुल रूपयों का पाँच प्रतिशत राशि राहुल व्यास लेता था और रविराज को दो प्रतिशत एवं आरती राजपूत को पाँच प्रतिशत तथा गौरव व्यास निवासी प्रज्ञा सर्किल के पास भीलवाड़ा को चार प्रतिशत देने की बात, आरोपी संजय मीणा को दो प्रतिशत और अपने गिरोह के और साथियों में 2-2 प्रतिशत रकम का बटवारा किये थे । सभी 5 आरोपियों के बैंक डिटेल की जानकारी ली गई ।

पूरे देश भर में की ठगी
आरोपी गौरव व्यास के बैंक खाते में ₹60 लाख रुपए ठगी के पाया गया। वहीं अन्य आरोपियों के खाते में भी संदिग्ध रकम मिली है। इन सभी आरोपियों का बैंक खाता सीज कराया गया है। आरोपियों के कब्जे से 7 मोबाइल, 01 लैपटॉप की जप्ती की गई है । इस गैंग द्वारा पूरे देश में करीब ₹1,40,77,300 की ठगी की जानकारी मिली है, पुलिस टीम ने इस रकम के एटीएम जमा पर्ची जप्त किया गया है। प्रकरण में और भी आरोपियों की संलिप्तता के सबूत मिले हैं, जिनकी जांच की जा रही है ।

गिरफ्तार आरोपियों में
1.राहुल व्यास पिता मकेश कुमार व्यास सदर बाजार गणेश मंदिर के पास नहरी रायपुर, भीलवाडा राजस्थान
2.रविराज सिंह पिता राजू सिंह, उम्र-27 वर्ष निवासी सिरोदनिया थाना देवगढ़ जिला राजसमन राजस्थान हा.गु. शारदा 2 ड्रीम सिटी-सी-127, थाना गंगरोप, जिला भीलवाड़ा राजस्थान
3.संजय मीणा पिता खेमराज मीणा उम्र-27 वर्ष निवासी 10 एस-11 पटेल नगर थाना प्रतापनगर, जिला भीलवाड़ा राजस्थान
4.आरती राजपूत पति रविराज चव्हाण उम्र 26 वर्ष, निवासी, सिरोदनिया थाना देवगढ़ जिला राजसमन राजस्थान हा. मु.शारदा ड्रीम सिटी-सी-127, थाना गंगरोप, जिला भीलवाड़ा राजस्थान
5.गौरव व्यास पिता ब्रम्हानंद व्यास उम्र 24 वर्ष, निवासी 351/10, आई-सेक्टर, आजाद नगर थाना प्रतापनंगर जिला भीलवाड़ा राजस्थान



 
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