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CG: बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष ने फोस्टर केयर की जमीनी हकीकत जानी, बच्चों के भविष्य पर हुई चर्चा
अमर उजाला नेटवर्क, जगदलपुर
Published by: अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 25 Feb 2026 08:27 AM IST
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बच्चो से चर्चा करती अध्यक्ष
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छत्तीसगढ़ राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा ने हाल ही में जगदलपुर के प्रवास के दौरान फोस्टर केयर व्यवस्था का गहन निरीक्षण किया और वहां निवासरत बच्चों से मुलाकात की। यह कदम बच्चों के कल्याण और उनके सुरक्षित भविष्य को सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
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फोस्टर केयर एक ऐसी व्यवस्था है जहां ऐसे बच्चे, जो किन्हीं कारणों से अपने माता-पिता के साथ नहीं रह पाते, उन्हें कुछ समय के लिए एक वैकल्पिक परिवार के सुरक्षित वातावरण में रखा जाता है। इस दौरान उनकी देखभाल, शिक्षा और समग्र विकास सुनिश्चित किया जाता है। जगदलपुर के दूरस्थ गांवों, जैसे बाबूसेमरा और कलचा, में स्थित फोस्टर परिवारों से भेंट कर अध्यक्ष डॉ. शर्मा ने बच्चों के हालचाल जाने और उनसे शिक्षा, स्वास्थ्य, खेलकूद व उनकी व्यक्तिगत रुचियों जैसे विभिन्न विषयों पर संवाद किया।
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निरीक्षण के दौरान यह पाया गया कि फोस्टर केयर का क्रियान्वयन संतोषजनक स्तर पर हो रहा है। विशेष रूप से, नक्सल प्रभावित क्षेत्र के एक ही परिवार के तीन बालकों ने, जो वर्तमान में फोस्टर केयर में रह रहे हैं, भविष्य में भारतीय सेना में सेवा देने की इच्छा व्यक्त की है। यह उनकी मजबूत इच्छाशक्ति और सकारात्मक सोच का प्रतीक है।
एक अन्य मामले में, एक बालिका जो पहले दुर्ग बालिका गृह और राजनांदगांव में फोस्टर देखरेख में रह चुकी है, अब कलचा के एक परिवार के साथ निवासरत है। पिछले एक वर्ष से वह इस परिवार में पूरी तरह से घुलमिल गई है। उसने स्थानीय भाषा भतरी और हलबी भी सीख ली है और उसे संस्कृत विषय में विशेष रुचि है।