सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Education ›   Class 12 Student Questions CBSE Tender Process, Seeks Explanation Over Accountability Rules

CBSE OSM Controversy: 12वीं के छात्र का दावा- टेंडर से हटाए जवाबदेही वाले नियम; बोर्ड से मांगा जवाब

अमर उजाला, ब्यूरो Published by: Shahin Praveen Updated Sun, 31 May 2026 10:02 AM IST
विज्ञापन
सार

CBSE OSM Tender: सीबीएसई की ओएसएम टेंडर प्रक्रिया को लेकर 12वीं कक्षा के छात्र सिद्धांत ने सवाल उठाए हैं। अपने ब्लॉग में उसने दावा किया है कि टेंडर दस्तावेज से जवाबदेही सुनिश्चित करने वाले कुछ महत्वपूर्ण नियम हटा दिए गए हैं। छात्र ने इस बदलाव पर स्पष्टीकरण मांगते हुए बोर्ड से पारदर्शिता बरतने और मामले पर जवाब देने की मांग की है।

Class 12 Student Questions CBSE Tender Process, Seeks Explanation Over Accountability Rules
CBSE - फोटो : CBSE
विज्ञापन

विस्तार

CBSE: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के 12वीं कक्षा के छात्र सार्थक सिद्धांत ने बोर्ड की ऑनस्क्रीन मार्किंग (ओएसएम) प्रणाली के लिए टेंडर की प्रक्रिया पर गंभीर चिंता जाहिर की है। सार्थक ने बोर्ड के कई टेंडर दस्तावेज की तुलना करने के बाद निष्कर्ष ब्लॉग में साझा किए। उसने कहा, जवाबदेही तय करने वाले नियम टेंडर से हटा दिए गए। साथ ही, ऐसी गड़बड़ियों की ओर इशारा किया है, जिनसे लगता है कि खास सेवा प्रदाता को तरजीह दी गई। साथ ही, उम्मीद जताई कि सीबीएसई उसके सवालों का जवाब देगी।

Trending Videos


सार्थक सिद्धांत ने कहा, इसमें कई गड़बड़ियां थीं। मैंने बस की तुलना की है, मैंने कम से कम 15 गड़बड़ियां पाई हैं, जिसमें से तीन-चार को खास तौर पर उजागर करना चाहूंगा। सिद्धांत के मुताबिक, सीबीएसई ने ओएसएम के लिए तीन अलग-अलग टेंडर जारी किए थे। पहला टेंडर जीईएम पोर्टल से हटा दिया गया। दूसरे टेंडर के तकनीकी मूल्यांकन में सभी बोली लगाने वाले फेल हो गए और तीसरा टेंडर आखिरकार एडटेक फर्म को दे दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


सिद्धांत के मुताबिक, पहली गड़बड़ी यह है कि पुराने टेंडर में खराब प्रदर्शन से जुड़े तीन नियम थे। इनके अनुसार, अगर सेवा प्रदाता का प्रदर्शन खराब रहता, तो उसे अयोग्य घोषित कर दिया जाता। लेकिन नए टेंडर प्रस्ताव में इन नियमों को हटा दिया गया। उन्होंने ब्लैकलिस्ट करने, वित्तीय योग्यता की सीमाएं और प्रोजेक्ट के मानदंडों से जुड़े नियमों में बदलावों की ओर भी ध्यान दिलाया। आरोप है कि ये बदलाव, दिग्गज कंपनी टीसीएस के मुकाबले, उस एडटेक फर्म के पक्ष में किए गए थे। 

विज्ञापन

सीबीएसई के पोर्टल पर साइबर हमला

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के पुनर्मूल्यांकन पोर्टल की भुगतान प्रणाली पर साइबर हमला कर किसी ने अनधिकृत रूप से पोर्टल तक पहुंच हासिल कर ली। इससे करीब 50 छात्र प्रभावित हुए हैं।

सूत्रों ने बताया, पोर्टल पर कुछ लोगों ने अनधिकृत पहुंच हासिल कर ली। यह पेमेंट गेटवे एचडीएफसी से संबंधित था। इस समस्या के कारण पोर्टल पर शुल्क राशि असामान्य दिखाई देने लगी और कई मामलों में देय राशि एक रुपये से लेकर लगभग 67,000-68,000 रुपये तक घटती-बढ़ती रही। सूत्रों ने कहा, शरारत के तौर पर या दुर्भावनापूर्ण इरादे से यह किया गया। गड़बड़ी पोर्टल के लाइव होने के समय सामने आई।

विज्ञापन
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें शिक्षा समाचार आदि से संबंधित ब्रेकिंग अपडेट।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed