नीट लीक मामला: एनटीए-CBI समेत शिक्षा मंत्रालय के बड़े अधिकारी तलब, संसदीय समिति ने अनियमितताओं पर मांगा जवाब
NEET UG: नीट यूजी परीक्षा और मेडिकल कॉलेज घोटाले को लेकर संसद की समिति ने शिक्षा मंत्रालय, एनटीए और सीबीआई अधिकारियों को तलब किया है। शुक्रवार को होने वाली बैठक में पेपर लीक, परीक्षा संचालन और कथित अनियमितताओं पर जवाब मांगा जाएगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
NEET UG: नीट यूजी परीक्षा और मेडिकल कॉलेज घोटाले से जुड़े मामलों को लेकर संसद की एक अहम समिति ने शिक्षा मंत्रालय, नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) और केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) के वरिष्ठ अधिकारियों को तलब किया है। शुक्रवार को होने वाली इस बैठक में परीक्षा संचालन, पेपर लीक और कथित अनियमितताओं पर चर्चा की जाएगी।
राज्यसभा सचिवालय की ओर से 27 मई को जारी नोटिस के मुताबिक, सरकारी आश्वासन समिति शुक्रवार सुबह 11 बजे अधिकारियों से जवाब मांगेगी। बैठक में शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग के सचिव विनीत जोशी, एनटीए के महानिदेशक अभिषेक सिंह और सीबीआई निदेशक प्रवीण सूद शामिल होंगे।
समिति के सामने यह मामला नवंबर 2024 में राज्यसभा में पूछे गए एक अनस्टार्ड प्रश्न से जुड़ा है, जिसमें एनटीए द्वारा परीक्षाओं के संचालन को लेकर सवाल उठाए गए थे। उस समय शिक्षा मंत्रालय ने लिखित जवाब में कहा था कि परीक्षाएं कराने के लिए एजेंसियों को भारत सरकार के नियमों और दिशा-निर्देशों के अनुसार अनुबंध दिए जाते हैं।
शिक्षा मंत्रालय ने दिया ये जवाब
मंत्रालय ने यह भी बताया था कि यदि किसी वेंडर के खिलाफ शिकायत मिलती है, तो टेंडर और कार्य आदेश की शर्तों के आधार पर कार्रवाई की जाती है। इसमें भुगतान में कटौती से लेकर एजेंसी को ब्लैकलिस्ट करने तक के कदम शामिल हो सकते हैं।
नीट यूजी 2024 पेपर लीक मामले पर मंत्रालय ने पहले जानकारी दी थी कि सीबीआई कथित साजिश, धोखाधड़ी और अन्य अनियमितताओं की व्यापक जांच कर रही है। 22 नवंबर 2024 तक एजेंसी इस मामले में 45 आरोपियों के खिलाफ पांच चार्जशीट दाखिल कर चुकी थी।
21 जून को होनी है पुनर्परीक्षा
इस वर्ष मेडिकल कोर्स में दाखिले के लिए नीट यूजी परीक्षा 3 मई को आयोजित की गई थी, लेकिन पेपर लीक के आरोपों के बाद एनटीए ने 12 मई को परीक्षा रद्द कर दी। फिलहाल मामले की जांच सीबीआई कर रही है और दोबारा परीक्षा 21 जून को प्रस्तावित है।
समिति मेडिकल कॉलेज घोटाले से जुड़े मामले पर भी अधिकारियों से जवाब तलब करेगी। इस बैठक में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की सचिव पुण्य सलिला श्रीवास्तव, नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) के अध्यक्ष अभिजात चंद्रकांत शेठ और CBI निदेशक भी शामिल होंगे।
राज्यसभा में जुलाई 2025 में दिए गए जवाब में स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया था कि मेडिकल कॉलेजों में डमी फैकल्टी, फर्जी निरीक्षण और गलत मरीज रिकॉर्ड जैसे मामलों को लेकर सीबीआई ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत नई दिल्ली में एफआईआर दर्ज की थी। मंत्रालय के अनुसार इस पूरे मामले की जांच अभी जारी है।