Fact Check: एआई से बनी है धुरंधर की टीम के राम मंदिर में दर्शन करने वाली तस्वीर, पढ़ें पड़ताल
Fact Check: सोशल मीडिया पर कुछ तस्वीरें शेयर की जा रही हैं। इन तस्वीरों से दावा किया जा रहा है कि धुरंधर फिल्म की टीम राम मंदिर दर्शन करने पहुंची है। हमारी पड़ताल में यह दावा गलत निकला है।
विस्तार
सोशल मीडिया पर कुछ तस्वीरें शेयर किया जा रही हैं। इन तस्वीरों में धुरंधर की टीम राम मंदिर में नजर आ रही है। इस तस्वीर में मुख्य तौर पर रणवीर सिंह, आदित्य धर, अक्षय खन्ना, अर्जुन रामपाल, आर.माधवन, संजय दत्त, यामी गौतम नजर आ रहे हैं। इन तस्वीरों को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि धुरंधर की पूरी टीम फिल्म के अच्छे प्रदर्शन के बाद, दर्शन करने राम मंदिर पहुंची थी।
अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में इस दावे को गलत पाया है। हमारी पड़ताल में सामने आया कि इस दावे में किसी तरह की कोई सच्चाई नहीं है। ये भी पता चला कि सभी तस्वीरों को एआई के माध्यम से बनाया गया है।
क्या है दावा
इस तस्वीर को शेयर करके दावा किया जा रहा है किया जा रहा है कि धुरंधर फिल्म की पूरी कास्ट फिल्म के अच्छे प्रदर्शन के बाद राम मंदिर में रामलला के दर्शन करने पहुंची।
अनु डागर (@TheAnuDagar) नाम के एक एक्स यूजर ने इस तस्वीर को शेयर करके लिखा, “धुरंधर टीम को अच्छे से पता है जले पर नमक कैसे छिड़कना है” पोस्ट का लिंक और आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
इस तरह के कई और दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इसके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले कीवर्ड के माध्यम से इसकी मीडिया रिपोर्ट खोजने की कोशिश की। लेकिन हमें कोई भी विश्वसनीय मीडिया रिपोर्ट नहीं मिली। इसके बाद हमने तस्वीर को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां हमें देव पाल नाम के एक इंस्टाग्राम अकाउंट पर ये तस्वीर देखने को मिली। इस तस्वीर के साथ कैप्शन लिखा गया था, “श्री राम जन्मभूमि मंदिर, अयोध्या से ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ की कास्ट की लीक हुई तस्वीरें वायरल हो रही हैं और इंटरनेट पर तहलका मचा रही हैं।”
आगे इस यूजर का अकाउंट पूरा सर्च करने पर हमें इसके डिस्क्रिप्शन में एआई आर्टिस्ट लिखा हुआ देखने को मिला। यहां से हमें लगा ये तस्वीर एआई से बनी हो सकती है इस अकाउंट सभी कंटेंट एआई से बने हुए लग रहे थे।
आगे हमने तस्वीर को एआई डिटेक्शन टूल के माध्यम से सर्च किया ताकि तस्वीरों के एआई से बने होने की और जानकारी मिले। इसके लिए हमने हाइव डिटेक्श टूल का इस्तेमाल किया। यहां हमें इन तस्वीरों के 99.9 प्रतिशत एआई से बने होने की जानकारी मिली।
आगे की पड़ताल के लिए हमने गूगल के एआई टूल से बनी तस्वीरों को बारे में बताने वाले टूल सिंथआईडी डिटेक्टर पर इन तस्वीरों की सच्चाई जानने की कोशिश की। सिंथआईडी डिटेक्टर ने भी इन तस्वीरों को गूगल के एआई टूल से बना बताया।
पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में यह साफ है कि तस्वीरों को एआई से माध्यम से बनाया गया है। इसमें किसी तरह की कोई सच्चाई नहीं है।