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हिसार:प्रोफेसर नरसी राम बिश्नोई राजस्थान के महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालय के कुलपति नियुक्त, ये रहा कार्यकाल
Fri, 25 Sep 2026 11:26 AM IST
Naveen
माई सिटी रिपोर्टर, हिसार (हरियाणा)
माई सिटी रिपोर्टर, हिसार (हरियाणा)
Published by: Naveen
Updated Fri, 25 Sep 2026 11:26 AM IST
सार
प्रोफेसर नरसी राम बिश्नोई 2023 से 2026 तक गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के कुलपति रहे। 3 मई 2023 को उनका कार्यकाल पूरा होने के बाद उन्हें विस्तार दिया गया था और 31 अगस्त 2026 को वे जीजेयू से कार्यमुक्त हुए थे।
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गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रोफेसर नरसी राम बिश्नोई
- फोटो : संवाद
विस्तार
गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रोफेसर नरसी राम बिश्नोई को राजस्थान के बीकानेर स्थित महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालय का कुलपति नियुक्त किया गया है। राजस्थान के राज्यपाल द्वारा यह नियुक्ति पत्र जारी किया गया है।
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प्रोफेसर नरसी राम बिश्नोई का गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, हिसार के साथ 30 वर्षों से अधिक का गहरा जुड़ाव रहा है। उन्होंने इस संस्थान में कुलपति के पद के अलावा एक वरिष्ठ प्रोफेसर और शीर्ष प्रशासनिक अधिकारी के रूप में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
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प्रोफेसर बिश्नोई का शैक्षणिक और प्रशासनिक अनुभव
प्रोफेसर नरसी राम बिश्नोई 2023 से 2026 तक गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के कुलपति रहे। 3 मई 2023 को उनका कार्यकाल पूरा होने के बाद उन्हें विस्तार दिया गया था और 31 अगस्त 2026 को वे जीजेयू से कार्यमुक्त हुए थे। उन्होंने विश्वविद्यालय में डीन ऑफ रिसर्च, डीन ऑफ कॉलेजेज, डीन (फैकल्टी ऑफ लॉ), तथा डीन (फैकल्टी ऑफ नॉन-कन्वेंशनल सोर्सेज ऑफ एनर्जी एंड एनवायरनमेंटल साइंसेज) जैसे प्रमुख पदों पर कार्य किया है। वे पर्यावरण विज्ञान एवं इंजीनियरिंग विभाग के अध्यक्ष भी रहे। उन्होंने विश्वविद्यालय की अत्याधुनिक सेंट्रल इंस्ट्रूमेंटेशन लैब के प्रमुख के रूप में भी कार्यभार संभाला।
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पर्यावरण विज्ञान के क्षेत्र में वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विख्यात शोधकर्ता हैं। स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी द्वारा जारी दुनिया के टॉप 2% वैज्ञानिकों की सूची में उनका नाम शामिल रहा है। जीजेयू में रहते हुए उन्होंने 25 से अधिक पीएचडी शोधार्थियों और 77 से अधिक एम.टेक छात्रों का मार्गदर्शन किया। उनके लगभग 286 शोध पत्र राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय जर्नल्स में प्रकाशित हो चुके हैं।