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किशोरियों को सर्वाकल कैंसर से बचाने के लिए एचपीवी वैक्सीन जरूरी : डीसी
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
Updated Sat, 02 May 2026 11:30 PM IST
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झज्जर। डीसी स्वप्निल रविंद्र पाटिल ने बच्चों के अभिभावकों से अपील की है कि वे किशोरियों को सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए वैक्सीन अवश्य लगवाएं।
वैक्सीन सरकार द्वारा निशुल्क उपलब्ध कराई जा रही है। इसका उद्देश्य बेटियों को गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखना है। डीसी ने कहा कि इस अभियान को सफल बनाने के लिए शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। स्कूल स्तर पर व्यापक जागरूकता अभियान चलाएं।
उन्होंने निर्देश दिए कि किशोरियों और उनके अभिभावकों को टीकाकरण के महत्व की जानकारी दी जाए। टीकाकरण अभियान मुख्य रूप से 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की किशोरियों के लिए चलाया जा रहा है। यह वैक्सीन एचपीवी के टाइप-16 और 18 से सुरक्षा प्रदान करती है, जो सर्वाकल कैंसर के प्रमुख कारण माने जाते हैं।
साथ ही टाइप-6 और 11 से भी बचाव करती है। उन्होंने बताया कि सर्वाकल कैंसर गर्भाशय के निचले हिस्से (सर्विक्स) में विकसित होने वाला कैंसर है, जिसका मुख्य कारण एचपीवी संक्रमण है। धूम्रपान, कम उम्र में विवाह व गर्भधारण, बार-बार प्रसव और कमजोर प्रतिरक्षा प्रणाली इसके जोखिम को बढ़ाते हैं।
उन्होंने शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि स्कूलों में किशोरियों का डाटा तैयार कर स्वास्थ्य विभाग से साझा करें। पीटीएम के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीम को आमंत्रित कर अभिभावकों और छात्राओं को जागरूक किया जाए ताकि अधिक से अधिक किशोरियों इस अभियान का लाभ उठा सकें। उन्होंने श्रम विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे श्रमिकों के माध्यम से उनकी बेटियों को वैक्सीन के लिए प्रेरित करें।
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वैक्सीन सरकार द्वारा निशुल्क उपलब्ध कराई जा रही है। इसका उद्देश्य बेटियों को गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखना है। डीसी ने कहा कि इस अभियान को सफल बनाने के लिए शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। स्कूल स्तर पर व्यापक जागरूकता अभियान चलाएं।
उन्होंने निर्देश दिए कि किशोरियों और उनके अभिभावकों को टीकाकरण के महत्व की जानकारी दी जाए। टीकाकरण अभियान मुख्य रूप से 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की किशोरियों के लिए चलाया जा रहा है। यह वैक्सीन एचपीवी के टाइप-16 और 18 से सुरक्षा प्रदान करती है, जो सर्वाकल कैंसर के प्रमुख कारण माने जाते हैं।
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साथ ही टाइप-6 और 11 से भी बचाव करती है। उन्होंने बताया कि सर्वाकल कैंसर गर्भाशय के निचले हिस्से (सर्विक्स) में विकसित होने वाला कैंसर है, जिसका मुख्य कारण एचपीवी संक्रमण है। धूम्रपान, कम उम्र में विवाह व गर्भधारण, बार-बार प्रसव और कमजोर प्रतिरक्षा प्रणाली इसके जोखिम को बढ़ाते हैं।
उन्होंने शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि स्कूलों में किशोरियों का डाटा तैयार कर स्वास्थ्य विभाग से साझा करें। पीटीएम के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीम को आमंत्रित कर अभिभावकों और छात्राओं को जागरूक किया जाए ताकि अधिक से अधिक किशोरियों इस अभियान का लाभ उठा सकें। उन्होंने श्रम विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे श्रमिकों के माध्यम से उनकी बेटियों को वैक्सीन के लिए प्रेरित करें।
