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Kurukshetra News: दिनभर रुक-रुककर हुई बूंदाबांदी, धान पर मंडराया खतरा
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कुरुक्षेत्र। थानेसर अनाजमंडी में बदले मौसम के चलते तिपराल से ढका अधिकतर धान। संवाद
कुरुक्षेत्र। जिले में वीरवार को दिन भर रुक-रुक कर हल्की बूंदाबांदी होती रही। इससे अनाज मंडियों में करीब एक लाख मीट्रिक टन धान के भीगने का खतरा मंडराता रहा। बदले मौसम से आढ़तियों, किसानों और मिलर्स में चिंता देखी गई।
तेज बारिश न होने और अधिकतर धान को तिरपाल से ढकने के कारण वह भीग नहीं पाया। मौसम में बदलाव के चलते धान का उठान बेहद धीमा रहा, महज तीन फीसदी ही हो पाया। अब तक आठ लाख 24 हजार 391 मीट्रिक टन धान खरीदा जा चुका है। इसमें से 91 फीसदी यानी सात लाख 53 हजार 351 मीट्रिक टन धान का उठान हुआ है। करीब एक लाख मीट्रिक टन धान अभी भी अनाजमंडियों में पड़ा है। इसमें 71 हजार 40 मीट्रिक टन खरीदा हुआ धान है। वहीं करीब 30 हजार मीट्रिक टन धान खरीद की प्रतीक्षा में है। चार दिन पहले हुई बारिश से करीब दो लाख मीट्रिक टन धान भीग गया था।
धान खरीद और उठान की स्थिति
खाद्य आपूर्ति एवं हैफेड एजेंसी ने बुधवार तक आठ लाख 15 हजार 549 मीट्रिक टन धान की खरीद पूरी कर ली थी। इसमें खाद्य आपूर्ति विभाग ने पांच लाख 98 हजार 82 मीट्रिक टन धान खरीदा। हैफेड ने दो लाख 17 हजार 467 मीट्रिक टन धान की खरीद की। डीएफएससी नरेश कुमार ने बताया कि धान सीजन में एजेंसियां तेजी से खरीद कार्य कर रही हैं।
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प्रशासन के निर्देश और भुगतान
अधिकारियों को उठान कार्य पर विशेष ध्यान देने की हिदायत दी गई है। इसका उद्देश्य व्यापारियों और किसानों को किसी भी दिक्कत से बचाना है। मंडी परिसर में किसानों के लिए पर्याप्त बिजली, पानी और सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए हैं। प्रशासन ने किसानों की फसल का एक-एक दाना खरीदने के लिए व्यवस्था की है। अभी तक 1805 करोड़, 72 लाख, चार हजार 810 रुपये का भुगतान किया जा चुका है।
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तेज बारिश न होने और अधिकतर धान को तिरपाल से ढकने के कारण वह भीग नहीं पाया। मौसम में बदलाव के चलते धान का उठान बेहद धीमा रहा, महज तीन फीसदी ही हो पाया। अब तक आठ लाख 24 हजार 391 मीट्रिक टन धान खरीदा जा चुका है। इसमें से 91 फीसदी यानी सात लाख 53 हजार 351 मीट्रिक टन धान का उठान हुआ है। करीब एक लाख मीट्रिक टन धान अभी भी अनाजमंडियों में पड़ा है। इसमें 71 हजार 40 मीट्रिक टन खरीदा हुआ धान है। वहीं करीब 30 हजार मीट्रिक टन धान खरीद की प्रतीक्षा में है। चार दिन पहले हुई बारिश से करीब दो लाख मीट्रिक टन धान भीग गया था।
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धान खरीद और उठान की स्थिति
खाद्य आपूर्ति एवं हैफेड एजेंसी ने बुधवार तक आठ लाख 15 हजार 549 मीट्रिक टन धान की खरीद पूरी कर ली थी। इसमें खाद्य आपूर्ति विभाग ने पांच लाख 98 हजार 82 मीट्रिक टन धान खरीदा। हैफेड ने दो लाख 17 हजार 467 मीट्रिक टन धान की खरीद की। डीएफएससी नरेश कुमार ने बताया कि धान सीजन में एजेंसियां तेजी से खरीद कार्य कर रही हैं।
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प्रशासन के निर्देश और भुगतान
अधिकारियों को उठान कार्य पर विशेष ध्यान देने की हिदायत दी गई है। इसका उद्देश्य व्यापारियों और किसानों को किसी भी दिक्कत से बचाना है। मंडी परिसर में किसानों के लिए पर्याप्त बिजली, पानी और सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए हैं। प्रशासन ने किसानों की फसल का एक-एक दाना खरीदने के लिए व्यवस्था की है। अभी तक 1805 करोड़, 72 लाख, चार हजार 810 रुपये का भुगतान किया जा चुका है।