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Bilaspur News: पांच वर्ष से जमीन पर नहीं बनी बात, बंदला हाइड्रो कॉलेज का मुख्य गेट अधूरा

Sat, 24 Oct 2026 12:46 AM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Sat, 24 Oct 2026 12:46 AM IST
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No progress on the ground for five years; main gate of Bandla Hydro College remains incomplete
हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज बंदला का मुख्य प्रवेश द्वार। संवाद
जमीन के मुआवजे पर फंसा पेंच, भू-मालिक ने प्रति बीघा एक करोड़ रुपये मांगे
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63.61 लाख रुपये की वित्तीय स्वीकृति, अब 27 अक्तूबर को होगी जन सुनवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। बंदला स्थित हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज में कक्षाएं शुरू हुए छह वर्ष बीत गए हैं, लेकिन मुख्य गेट का निर्माण आज तक नहीं हो पाया। कॉलेज के भवन, सड़क और मुख्य द्वार के निर्माण के लिए प्रस्तावित 3 बीघा 10 बिस्वा जमीन का अधिग्रहण मुआवजे पर सहमति नहीं बनने से पांच साल से अटका है। सरकार की ओर से भूमि अधिग्रहण के लिए वित्तीय स्वीकृति मिलने के बावजूद मामला नहीं सुलझ पाया है। अब 27 अक्तूबर को सुबह 11 बजे पंचायत घर बंदला में जन सुनवाई होगी। प्रशासन ने प्रभावित भू-मालिकों और पंचायत प्रतिनिधियों को इसमें शामिल होने के लिए कहा है।
जमीन अधिग्रहण पूरा नहीं होने से कॉलेज के मुख्य गेट और भवन निर्माण का काम अधर में है। मुख्य द्वार के अभाव में परिसर में आने-जाने वालों की निगरानी की जिम्मेदारी सुरक्षाकर्मी संभाल रहे हैं। कॉलेज के लिए प्रस्तावित जमीन के मुआवजे को लेकर शुरुआत में करीब 70 लाख रुपये देने की बात हुई थी। बाद में यह राशि बढ़ाकर करीब 1.37 करोड़ रुपये किए जाने की बात सामने आई, लेकिन भूमि मालिक इससे भी सहमत नहीं हैं। भूमि मालिक दया राम निवासी कोग का कहना है कि जमीन का मूल्य किस आधार पर तय किया गया है, यह स्पष्ट होना चाहिए। वह प्रति बीघा एक करोड़ रुपये मुआवजे की मांग कर रहे हैं। इसके अलावा उन्होंने अपने बेटे को शैक्षणिक योग्यता के आधार पर नौकरी देने की मांग भी रखी है। दया राम के अनुसार, शुरुआत में उनकी जमीन के लिए करीब 70 लाख रुपये देने की बात कही गई थी, जबकि अब करीब 1.37 करोड़ रुपये देने की बात कही जा रही है। उन्होंने कहा कि जमीन की कीमत तय करने का आधार स्पष्ट होना चाहिए। अभी तक मुआवजे पर सहमति नहीं बनी है। अब उन्हें एसडीएम की ओर से बातचीत के लिए पत्र मिला है। 27 अक्तूबर को प्रशासन के साथ बैठक निर्धारित है।
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2023 में जारी हुई थी अधिसूचना
हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज के लिए जमीन अधिग्रहण से प्रभावित परिवारों के पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन की प्रक्रिया के लिए 17 मार्च 2023 को तकनीकी शिक्षा सचिव की ओर से अधिसूचना जारी की गई थी। इसके तहत उपायुक्त बिलासपुर को प्रशासक नियुक्त किया गया। फरवरी 2024 में तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग के विशेष सचिव की ओर से भूमि अधिग्रहण के लिए वित्तीय स्वीकृति दी गई थी। इसके लिए 63.61 लाख रुपये स्वीकृत किए जाने की जानकारी है। हालांकि, मुआवजे पर सहमति नहीं बनने से अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई।
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मुख्य गेट नहीं, सुरक्षाकर्मी के जिम्मे निगरानी
बंदला हाइड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज में छह साल से कक्षाएं चल रही हैं, लेकिन मुख्य गेट का निर्माण नहीं हो पाया है। प्रवेश द्वार के अभाव में सुरक्षाकर्मी ही परिसर में आने-जाने वालों पर नजर रख रहे हैं। जमीन अधिग्रहण में देरी का असर भवन और अन्य निर्माण कार्यों पर भी पड़ रहा है। अब 27 अक्तूबर को होने वाली जन सुनवाई के बाद ही मामले में आगे की प्रक्रिया स्पष्ट हो सकेगी।
कोट
बंदला कॉलेज के लिए प्रस्तावित भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया को पूरा किया जा रहा है। इससे जुड़ी सभी औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं।
-राज कुमार, एसडीएम, सदर
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