HP Politics: जयराम ठाकुर बोले- सरकार ने कोर्ट से फजीहत में पार किया दहाई का आंकड़ा
जिला परिषद शिमला के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष चुनाव में देरी के मामले में न्यायालय द्वारा चुनाव जल्द से जल्द करवाने की तिथि स्पष्ट करने के निर्देश का स्वागत करते हुए नेता विपक्ष ने मुख्यमंत्री पर जनादेश, लोकतंत्र और संविधान की धज्जियां उड़ाने का आरोप लगाया।
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नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार ने हाईकोर्ट से फजीहत करवाने में दहाई का आंकड़ा पार कर लिया है। जिला परिषद शिमला के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष चुनाव में देरी के मामले में न्यायालय द्वारा चुनाव जल्द से जल्द करवाने की तिथि स्पष्ट करने के निर्देश का स्वागत करते हुए नेता विपक्ष ने मुख्यमंत्री पर जनादेश, लोकतंत्र और संविधान की धज्जियां उड़ाने का आरोप लगाया। जयराम ने मंगलवार को जारी बयान में कहा कि मुख्यमंत्री को समझना चाहिए कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में तानाशाही नहीं चल सकती।
सिर्फ अपनी नाक बचाने के लिए मुख्यमंत्री न्यायालय, लोकतंत्र, जनादेश, सबका अपमान कर रहे हैं। चुनाव को लेकर जब 11 जनवरी को न्यायालय ने अपना फैसला दिया था, तो भी मुख्यमंत्री ने न्यायालय पर टिप्पणी की थी। जिला परिषद के दस में से नौ जिलों में कांग्रेस को अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का प्रत्याशी तक नहीं मिला। इतिहास में सत्ताधारी दल की ऐसी हार कभी नहीं हुई थी। इस हार का अंदाजा उन्हें पहले था, इसीलिए चुनाव से वह भाग रहे थे, लेकिन न्यायालय के आदेश के सामने उन्हें विवश होना पड़ा।
अब उसी हार की खुन्नस निकाल रहे हैं। नेता विपक्ष ने कहा कि चुनाव न करवाने के लिए सरकार ने आपदा प्रबंधन एक्ट लागू कर दिया लेकिन सरकार के तीन साल के कार्यकाल के पूरे होने का जश्न मनाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश की 92 ब्लॉक समितियों के अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष के चुनाव में भाजपा के 51 अध्यक्ष, 54 उपाध्यक्ष निर्वाचित हुए हैं, जबकि कांग्रेस के 29 अध्यक्ष तथा 25 उपाध्यक्ष निर्वाचित हुए हैं। 8 ब्लॉक समितियों के चुनाव अभी तक तय नहीं हुए हैं, क्योंकि कांग्रेस की वहां दाल गलने वाली नहीं है।
झारखंड में छात्रों पर कार्रवाई को लेकर कांग्रेस पर बरसे बिंदल
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने झारखंड में रोजगार और भर्ती संबंधी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई कथित पुलिस कार्रवाई की निंदा करते हुए कांग्रेस और झारखंड मुक्ति मोर्चा सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे युवाओं पर लाठीचार्ज, आंसू गैस और वाटर कैनन का इस्तेमाल लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है। बिंदल ने मंगलवार को जारी बयान में कहा कि कांग्रेस दिल्ली में छात्रों के मुद्दों पर राजनीति करती है, लेकिन झारखंड में छात्रों की आवाज दबाए जाने पर मौन है। उन्होंने राहुल गांधी से इस मामले पर अपना रुख स्पष्ट करने और युवाओं के प्रति कथित दोहरे रवैये पर जवाब देने की मांग की। बिंदल ने कहा कि भाजपा झारखंड के युवाओं की न्यायोचित मांगों के साथ खड़ी है। राज्य सरकार से छात्रों की समस्याओं का समाधान करने की मांग करती है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस युवाओं के मुद्दों पर सुविधा की राजनीति कर रही है।