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Rampur Bushahar News: ठियोग में वन भूमि और नालों में डाला जा रहा मलबा
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ठियोग में सडक़ निर्माण से निकलने वाला मलबा जंगल में लगाया जा रहा ठिकाने। संवाद
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उपमंडल प्रशासन ने संयुक्त टीम का गठन कर निरीक्षण के दिए निर्देश
वन विभाग जुटा नुकसान के आकलन में, होगी कार्रवाई
सुनील ग्रोवर
ठियोग (रामपुर बुशहर)।
ठियोग उपमंडल में सड़क के निर्माण कार्य से निकलने वाला मलबा बेतरतीब तरीके से वन भूमि और नालों में ठिकाने लगाया जा रहा है। अब मामला उपमंडल प्रशासन के ध्यान में आया है। प्रशासन ने संयुक्त विभागीय टीम का गठन कर मौके का निरीक्षण कर रिपोर्ट सौंपने को कहा है। ठियोग उपमंडल की ट्याली पंचायत में टियाली-नाहौल सड़क के करीब 8 किलोमीटर हिस्से और बागड़ी-सैंज सड़क के करीब 26 किलोमीटर हिस्से के चौड़ीकरण और टारिंग का कार्य चला हुआ है। इन कार्यों के दौरान ठेकेदार की ओर से नियमों को ताक पर रखकर मलबा वनभूमि और स्थानीय नालों में डलवाया जा रहा है। टियाली-नाहौल सड़क पर 8 करोड़ और बागड़ी-सैंज पर 18 करोड़ रुपये की लागत से कार्य किए जा रहे हैं। टियाली पंचायत के संदीप वर्मा का आरोप है कि अवैध रूप से मलबे को ठिकाने लगाने से वन संपदा को भारी नुकसान पहुंचा है। प्राकृतिक जल स्रोत दूषित हो रहे हैं, वहीं जंगली जीव जंतुओं के आशियाने भी नष्ट हो रहे हैं। यह सब कुछ सार्वजनिक रूप से हो रहा है, जो पर्यावरण संरक्षण कानूनों का उल्लंघन है। लोक निर्माण विभाग और वन विभाग की टीमों ने मौके का निरीक्षण किया। इसके बावजूद अभी तक किसी भी ठेकेदार के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। स्थानीय निवासी रणवीर सिंह का मनरेगा के तहत पानी का टैंक बनाने के लिए किया गया गड्ढा इस मलबे में दब गया है, लेकिन उनके नुकसान की भरपाई नहीं हुई। अब यह मामला अब ठियोग के एसडीएम शशांक गुप्ता के संज्ञान में भी आ चुका है। उन्होंने सोमवार को विभिन्न विभागों की संयुक्त टीम को मौके पर भेजकर स्थिति का निरीक्षण करने और रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। संवाद
मामले की गंभीरता को देखते हुए वह खुद सोमवार को प्रशासन, वन विभाग, लोक निर्माण विभाग, पुलिस, पर्यावरण विभाग, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ मौके का निरीक्षण करने जाएंगे। इस मामले में उचित कार्रवाई की जाएगी। - शशांक गुप्ता, एसडीएम, ठियोग
मामला संज्ञान में आया है। मौके का निरीक्षण किया गया है। वन संपदा को हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। इसके बाद नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी। - मनीष रामपाल, डीएफओ, ठियोग
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वन विभाग जुटा नुकसान के आकलन में, होगी कार्रवाई
सुनील ग्रोवर
ठियोग (रामपुर बुशहर)।
ठियोग उपमंडल में सड़क के निर्माण कार्य से निकलने वाला मलबा बेतरतीब तरीके से वन भूमि और नालों में ठिकाने लगाया जा रहा है। अब मामला उपमंडल प्रशासन के ध्यान में आया है। प्रशासन ने संयुक्त विभागीय टीम का गठन कर मौके का निरीक्षण कर रिपोर्ट सौंपने को कहा है। ठियोग उपमंडल की ट्याली पंचायत में टियाली-नाहौल सड़क के करीब 8 किलोमीटर हिस्से और बागड़ी-सैंज सड़क के करीब 26 किलोमीटर हिस्से के चौड़ीकरण और टारिंग का कार्य चला हुआ है। इन कार्यों के दौरान ठेकेदार की ओर से नियमों को ताक पर रखकर मलबा वनभूमि और स्थानीय नालों में डलवाया जा रहा है। टियाली-नाहौल सड़क पर 8 करोड़ और बागड़ी-सैंज पर 18 करोड़ रुपये की लागत से कार्य किए जा रहे हैं। टियाली पंचायत के संदीप वर्मा का आरोप है कि अवैध रूप से मलबे को ठिकाने लगाने से वन संपदा को भारी नुकसान पहुंचा है। प्राकृतिक जल स्रोत दूषित हो रहे हैं, वहीं जंगली जीव जंतुओं के आशियाने भी नष्ट हो रहे हैं। यह सब कुछ सार्वजनिक रूप से हो रहा है, जो पर्यावरण संरक्षण कानूनों का उल्लंघन है। लोक निर्माण विभाग और वन विभाग की टीमों ने मौके का निरीक्षण किया। इसके बावजूद अभी तक किसी भी ठेकेदार के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। स्थानीय निवासी रणवीर सिंह का मनरेगा के तहत पानी का टैंक बनाने के लिए किया गया गड्ढा इस मलबे में दब गया है, लेकिन उनके नुकसान की भरपाई नहीं हुई। अब यह मामला अब ठियोग के एसडीएम शशांक गुप्ता के संज्ञान में भी आ चुका है। उन्होंने सोमवार को विभिन्न विभागों की संयुक्त टीम को मौके पर भेजकर स्थिति का निरीक्षण करने और रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। संवाद
मामले की गंभीरता को देखते हुए वह खुद सोमवार को प्रशासन, वन विभाग, लोक निर्माण विभाग, पुलिस, पर्यावरण विभाग, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ मौके का निरीक्षण करने जाएंगे। इस मामले में उचित कार्रवाई की जाएगी। - शशांक गुप्ता, एसडीएम, ठियोग
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मामला संज्ञान में आया है। मौके का निरीक्षण किया गया है। वन संपदा को हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। इसके बाद नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी। - मनीष रामपाल, डीएफओ, ठियोग

ठियोग में सडक़ निर्माण से निकलने वाला मलबा जंगल में लगाया जा रहा ठिकाने। संवाद

ठियोग में सडक़ निर्माण से निकलने वाला मलबा जंगल में लगाया जा रहा ठिकाने। संवाद