Assembly Elections: बंगाल में आरोप-प्रत्यारोप तेज, भाजपा बोली- TMC कर रही नियमों का उल्लंघन; ECI जांच में जुटा
पश्चिम बंगाल में कुछ दिनों में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। इसी बीच भाजपा ने तृणमूल के एक उम्मीदवार पर आचार संहिता के कथित उल्लंघन करने का आरोप लगया है।
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तृणमूल के एक उम्मीदवार ने धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन करके आचार संहिता के कथित उल्लंघन की शिकायतें मिली। इसके बाद, आयोग के अधिकारी मामले की जांच के लिए हावड़ा जिले के बाली गए। यह जानकारी चुनाव आयोग के अधिकारियों ने सोमवार को दी। भाजपा ने आरोप लगाया है कि बाली से तृणमूल उम्मीदवार कैलाश मिश्रा ने मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए 'नाम-संकीर्तन' का आयोजन किया। उम्मीदवार का नाम 'संकीर्तन' कार्यक्रम में शामिल है।
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चुनाव आयोग कर रही जांच
शिकायत मिलने के बाद, चुनाव अधिकारी रविवार शाम को केंद्रीय बलों के साथ मौके पर 'संकीर्तन' कार्यक्रम का निरीक्षण करने गए। उन्होंने पूछताछ की और यह देखना चाहा कि क्या इसके लिए कोई अनुमति प्राप्त थी। तृणमूल ने इस घटना को लेकर भाजपा को निशाना बनाया है। जैसे-जैसे मतदान का दिन नजदीक आ रहा है, बाली में राजनीतिक माहौल गरमाता जा रहा है। भाजपा उम्मीदवार संजय सिंह ने आरोप लगाया कि उनके प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवार ने तृणमूल कार्यालय के सामने एक धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया, जो चुनाव आयोग के नियमों की पूरी तरह से अवहेलना दर्शाता है।
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मंच पर लगे बैनर पर तृणमूल उम्मीदवार का नाम भी अंकित है। चुनाव आयोग के नियमों के अनुसार, किसी उम्मीदवार को धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन करने की अनुमति नहीं है, जब तक कि पहले से विशेष अनुमति प्राप्त न कर ली जाए। शिकायत मिलने पर आयोग मौके पर गया और आयोजकों से प्रशासनिक अनुमति मांगी। तृणमूल के एक नेता के अनुसार, उनके उम्मीदवार कैलाश ने आयोग के अधिकारियों से बात की और उन्होंने कहा कि यदि अनुमति नहीं मिली तो कार्यक्रम को रोकना पड़ेगा।
धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने की कोशिश
कैलाश ने दावा किया कि भाजपा सिर्फ राजनीतिक लाभ के लिए लोगों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा, "वे हमारे कार्यक्रम को रोकने के लिए चुनाव आयोग और प्रशासन का इस्तेमाल कर रहे हैं। आम लोग धार्मिक कार्यक्रम में शामिल हुए हैं। भाजपा इसका विरोध कर रही है।" स्थानीय सूत्रों के अनुसार, घटना अभी भी जारी है और इस मामले पर निर्णय की प्रतीक्षा की जा रही है। हालांकि, भाजपा के एक नेता ने दावा किया कि धार्मिक आयोजन करना विधानसभा चुनावों के लिए लागू आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन है। हावड़ा जिले की बली विधानसभा सीट पर दूसरे चरण का मतदान 29 अप्रैल को होगा।