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दुनिया की सबसे ऊंची लेह रेलवे लाइन पर होंगी हवाई जहाज जैसी प्रेशराइज्ड बोगियां

एजेंसी, नई दिल्ली Updated Sun, 28 Oct 2018 07:20 PM IST
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aircraft pressure based bogies will be on the highest Leh railway line in the world
प्रतिकात्मक तस्वीर - फोटो : social media
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दुनिया की सबसे ऊंची बिलासपुर-मनाली-लेह रेलवे लाइन पर चलने वाली ट्रेन के कोच हवाई जहाज के केबिन जैसे होंगे। चीन की सीमा के करीब से गुजरने वाले इस ट्रैक पर रेलवे प्रेशराइज्ड कोच के इस्तेमाल पर विचार कर रहा है। इससे यात्रियों को ऊंचाई पर कम ऑक्सीजन वाले क्षेत्रों से ट्रेन के गुजरने पर सांस लेने में दिक्कत नहीं होगी। 
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उत्तर रेलवे के चीफ इंजीनियर डीआर गुप्ता के मुताबिक, इस तकनीक का इस्तेमाल विमानों के केबिन बनाने में किया जाता है। प्रेशराइज्ड तकनीक से केबिन के भीतर ऑक्सीजन का स्तर बनाए रखने में मदद मिलती है। समुद्र तल से पांच हजार फीट से ज्यादा ऊंचाई पर यात्रियों को ऑक्सीजन की कमी महसूस न हो, इसलिए रेलवे विशेष दबाव वाले रोलिंग स्टॉक तकनीक का इस्तेमाल इन कोचों में करेगा।
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देश में पहली बार इस तरह के प्रेशराइज्ड कोच का इस्तेमाल होगा। इस तरह के कोच अभी सिर्फ चीन में क्वीनग्हे-तिब्बत रेल मार्ग पर इस्तेमाल होते हैं। डीआर गुप्ता ने कहा कि भारतीय रेलवे ऐसे कोच बनाने के लिए कनाडा की कंपनी बॉमबार्डियर इंक से बात कर सकता है। इस कंपनी ने ही चीनी रेलवे के कोच डिजाइन किए हैं। हालांकि, अभी स्पष्ट नहीं है कि कोच का निर्माण भारत में होगा या बाहर से कराया जाएगा।   

दो तरह के सिस्टम 

डीआर गुप्ता ने बताया कि क्वीनग्हे-तिब्बत ट्रेन में ऑक्सीजन के स्तर को बनाए रखने के लिए दो तरह के सिस्टम का इस्तेमाल किया जाता है। एक मुख्य नियंत्रण से होता है, जिसमें पूरे कोच में ऑक्सीजन के मानक स्तर को बनाए रखता है। दूसरा प्रत्येक यात्री के लिए ऑक्सीजन पोर्ट होता है। जब भी यात्री असहज महसूस करते हैं तो इसका इस्तेमाल करते हैं। 

बिलासपुर-मनाली-लेह ट्रैक 

465 किमी का होगा पूरा ट्रैक 
5,360 मीटर ऊंचा समुद्र तल से 
83,360 करोड़ रुपये खर्च होंगे प्रोजेक्ट पर    

इन इलाकों से होकर गुजरेगी लाइन 

लाइन का निर्माण पूरा होने के बाद यह बिलासपुर और लेह के बीच कई अहम जगहों को जोड़ेगी। यह लाइन सुंदरनगर, मंडी, मनाली, केलोंग, कोकसार, दारचा, उपशी और कारू समेत हिमाचल प्रदेश और जम्मू कश्मीर के कई अहम शहरों से होकर गुजरेगी।  

74 सुरंग और 124 बड़े ब्रिज बनेंगे 

पहले चरण के सर्वे के मुताबिक, बिलासपुर-मनाली-लेह रेलवे लाइन पर 74 सुरंग, 124 बड़े ब्रिज और 396 छोटे ब्रिज का निर्माण किया जाना है। हालांकि, परियोजना का अंतिम लोकेशन सर्वे अभी चल रहा है। 
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