{"_id":"69cce4d029277c6d70002b21","slug":"bill-seeking-to-recognise-amaravati-as-sole-and-permanent-capital-of-andhra-pradesh-passed-by-lok-sabha-2026-04-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Andhra Pradesh: अमरावती को आंध्र प्रदेश की राजधानी बनाने का बिल लोकसभा से पारित, भाजपा-कांग्रेस ने दिया समर्थन","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Andhra Pradesh: अमरावती को आंध्र प्रदेश की राजधानी बनाने का बिल लोकसभा से पारित, भाजपा-कांग्रेस ने दिया समर्थन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Nitin Gautam
Updated Wed, 01 Apr 2026 02:56 PM IST
विज्ञापन
सार
अमरावती को आंध्र प्रदेश की राजधानी बनाने संबंधी विधेयक लोकसभा से पारित हो गया है। आजाद भारत में पहली बार है,जब संसद में किसी जगह को राज्य की राजधानी बनाने का विधेयक पेश किया गया है।
लोकसभा की कार्यवाही (फाइल फोटो)
- फोटो : ANI
विज्ञापन
विस्तार
अमरावती को आंध्र प्रदेश की स्थायी और एकमात्र राजधानी के रूप में मान्यता देने वाला बिल बुधवार को लोकसभा से पारित हो गया। भाजपा और तेदेपा के साथ ही कांग्रेस ने भी इस बिल का समर्थन किया। हालांकि आंध्र प्रदेश की मुख्य विपक्षी पार्टी वाईएसआरसीपी ने इस बिल का विरोध किया। लोकसभा में आंध्र प्रदेश पुनर्गठन (संशोधन) विधेयक, 2026 पर बहस शुरू करते हुए कांग्रेस सांसद मनिकम टैगोर ने कहा कि कांग्रेस पूरी तरह से बिल का समर्थन करती है, लेकिन राज्य को विशेष दर्जा भी दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा, 'अमरावती को बंगलूरू, चेन्नई या हैदराबाद की तरह विकसित किया जाए। विशाखापत्तनम, तिरुपति और कुर्नूल को भी विकसित किया जाए। हम अमरावती को आंध्र प्रदेश की स्थायी राजधानी मानते हैं।'
पहली बार किसी जगह को राजधानी बनाने का विधेयक संसद में पेश
आंध्र प्रदेश की सत्ताधारी पार्टी तेदेपा के सांसद और केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं संचार राज्यमंत्री चंद्र शेखर पेम्मासानी ने भी सदन से अपील की कि बिल को सर्वसम्मति से पास किया जाए ताकि आंध्र प्रदेश की स्थायी राजधानी मिल सके। भाजपा सांसद सीएम रमेश ने कहा कि यह आजाद भारत के इतिहास में पहली बार है जब संसद में किसी स्थान को राज्य की राजधानी घोषित करने के लिए विधेयक पेश किया गया है। उन्होंने कहा कि अमरावती को स्थायी राजधानी बनाने से कोई इसे बदल नहीं सकेगा। उन्होंने पूर्व की वाईएसआरसीपी की सरकार द्वारा तीन राजधानियों की योजना को तर्कहीन और अव्यवहारिक बताया।
वहीं, वाईएसआर कांग्रेस के सांसद पीवी मिधुन रेड्डी ने बिल का विरोध करते हुए कहा कि किसानों के हितों की सुरक्षा और मुआवजे की स्पष्ट समयसीमा के बिना इस बिल का कोई मतलब नहीं है। उन्होंने याद दिलाया कि अमरावती विकास के लिए राज्य सरकार ने 34,000 एकड़ भूमि अधिग्रहित की थी। जिसके लिए किसानों को रिहायशी प्लॉट आदि देने का वादा किया गया था, लेकिन अभी तक किसानों को इसका फायदा नहीं मिला।
आंध्र प्रदेश और तेलंगाना की साझा राजधानी थी हैदराबाद
विधेयक में कहा गया है कि 2014 के आंध्र प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम के अनुसार, हैदराबाद 10 साल तक आंध्र प्रदेश और तेलंगाना की साझा राजधानी थी। इसके बाद तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद होगी और आंध्र प्रदेश के लिए नई राजधानी होगी। बिल के लागू होने के बाद अमरावती कानूनी रूप से आंध्र प्रदेश की राजधानी होगी।
Trending Videos
पहली बार किसी जगह को राजधानी बनाने का विधेयक संसद में पेश
आंध्र प्रदेश की सत्ताधारी पार्टी तेदेपा के सांसद और केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं संचार राज्यमंत्री चंद्र शेखर पेम्मासानी ने भी सदन से अपील की कि बिल को सर्वसम्मति से पास किया जाए ताकि आंध्र प्रदेश की स्थायी राजधानी मिल सके। भाजपा सांसद सीएम रमेश ने कहा कि यह आजाद भारत के इतिहास में पहली बार है जब संसद में किसी स्थान को राज्य की राजधानी घोषित करने के लिए विधेयक पेश किया गया है। उन्होंने कहा कि अमरावती को स्थायी राजधानी बनाने से कोई इसे बदल नहीं सकेगा। उन्होंने पूर्व की वाईएसआरसीपी की सरकार द्वारा तीन राजधानियों की योजना को तर्कहीन और अव्यवहारिक बताया।
विज्ञापन
विज्ञापन
वहीं, वाईएसआर कांग्रेस के सांसद पीवी मिधुन रेड्डी ने बिल का विरोध करते हुए कहा कि किसानों के हितों की सुरक्षा और मुआवजे की स्पष्ट समयसीमा के बिना इस बिल का कोई मतलब नहीं है। उन्होंने याद दिलाया कि अमरावती विकास के लिए राज्य सरकार ने 34,000 एकड़ भूमि अधिग्रहित की थी। जिसके लिए किसानों को रिहायशी प्लॉट आदि देने का वादा किया गया था, लेकिन अभी तक किसानों को इसका फायदा नहीं मिला।
आंध्र प्रदेश और तेलंगाना की साझा राजधानी थी हैदराबाद
विधेयक में कहा गया है कि 2014 के आंध्र प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम के अनुसार, हैदराबाद 10 साल तक आंध्र प्रदेश और तेलंगाना की साझा राजधानी थी। इसके बाद तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद होगी और आंध्र प्रदेश के लिए नई राजधानी होगी। बिल के लागू होने के बाद अमरावती कानूनी रूप से आंध्र प्रदेश की राजधानी होगी।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन