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ISRO: 'भारतीय अंतरिक्ष उद्योग निजी कंपनियों को दे रहा जबरदस्त अवसर', कार्यक्रम में बोले इसरो प्रमुख
Sun, 12 May 2024 03:23 PM IST
काव्या मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोच्चि
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोच्चि
Published by: काव्या मिश्रा
Updated Sun, 12 May 2024 03:23 PM IST
सार
इसरो प्रमुख सोमनाथ ने कहा कि केंद्र सरकार ने देश में अंतरिक्ष क्षेत्र को अगले पांच से 10 वर्षों में नौ से 10 अरब डॉलर का उद्योग बनाने की परिकल्पना की है।
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इसरो के प्रमुख एस सोमनाथ
- फोटो : एएनआई
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विस्तार
इसरो के अध्यक्ष एस सोमनाथ का कहना है कि भारतीय अंतरिक्ष उद्योग वृद्धि और विकास के नए क्षेत्र के रूप में देश में निजी क्षेत्र के लिए जबरदस्त अवसर दे रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने देश में अंतरिक्ष क्षेत्र को अगले पांच से 10 वर्षों में नौ से 10 अरब डॉलर का उद्योग बनाने की परिकल्पना की है।
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विज्ञप्ति में कहा गया कि सोमनाथ ने शनिवार को यहां एक समारोह में एनईएसटी समूह की प्रमुख कंपनी एसएफओ टेक्नोलॉजीज की कार्बन कटौती पहल का अनावरण करने के बाद यह बात कही। उन्होंने कहा कि इसरो द्वारा अपने विभिन्न मिशनों के लिए विकसित की गई तकनीक से निजी क्षेत्र की 400 कंपनियों को लाभ हुआ है।
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गौरतलब है, एसएफओ टेक्नोलॉजीज जैसी कंपनियां भारत सरकार द्वारा अंतरिक्ष क्षेत्र में नई नीतिगत पहलों का लाभ उठा रही है। एसएफओ टेक्नोलॉजीज का इसरो के साथ कई वर्षों से घनिष्ठ संबंध है। दोनों ने चंद्रयान और आदित्य मिशनों के लिए आरएफ उप-प्रणाली, एंटीना सिस्टम के निर्माण और लॉन्च वाहनों के लिए क्रायोजेनिक इंजन नियंत्रण प्रणाली जैसे कई कार्यक्रमों में काम किया है।
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कई वर्षों से घनिष्ठ संबंध
एसएफओ टेक्नोलॉजीज का इसरो के साथ कई वर्षों से घनिष्ठ संबंध है। दोनों ने चंद्रयान और आदित्य मिशनों के लिए आरएफ उप-प्रणाली, एंटीना सिस्टम के निर्माण और लॉन्च वाहनों के लिए क्रायोजेनिक इंजन नियंत्रण प्रणाली जैसे कई कार्यक्रमों में काम किया है। इसरो प्रमुख ने कहा, 'भारतीय अंतरिक्ष उद्योग वृद्धि और विकास के एक नए क्षेत्र के रूप में निजी कंपनियों के लिए एक जबरदस्त अवसर प्रदान कर रहा है।'
इस मौके पर इसरो प्रमुख ने एनईएसटी हाईटेक पार्क में एक पौधा लगाया। इसके अलावा, सोमनाथ ने एसएफओ टेक्नोलॉजीज और इसरो के सहयोग पर प्रकाश डालते हुए परिसर में चंद्रयान की प्रतिकृति का भी अनावरण किया। उन्होंने बाद में एनईएसटी इंजीनियरों और प्रबंधन टीम के साथ बातचीत की।
विज्ञप्ति में कहा गया है कि एनईएसटी समूह की कार्बन कटौती पहल संयुक्त राष्ट्र के 2035 तक 50 प्रतिशत कटौती और 2040 तक शून्य उत्सर्जन हासिल करने के उद्देश्य के अनुरूप है।
विभिन्न परियोजनाओं के लिए इसरो के साथ चल रही चर्चा
एनईएसटी समूह के अध्यक्ष एन जहांगीर ने कहा कि मानव को पहली बार अंतरिक्ष में पहुंचाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे महत्वाकांक्षी 'गगनयान' मिशन सहित विभिन्न परियोजनाओं के लिए इसरो के साथ चर्चा चल रही है। वहीं, एसएफओ टेक्नोलॉजीज, हार्डवेयर एवं विनिर्माण के सीईओ और कार्यकारी निदेशक अल्थफ जहांगीर ने कहा कि एसएफओ टेक्नोलॉजीज और एनईएसटी समूह पर्यावरण की रक्षा और कार्बन उत्सर्जन को कम करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने कार्बन प्रदूषण को कम करके सामाजिक रूप से जिम्मेदार संगठन होने का एक मॉडल बनाने के लिए कई भागीदारों के साथ समझौतों पर हस्ताक्षर किए हैं। नेस्ट डिजिटल की सीईओ और कार्यकारी निदेशक नाजनीन जहांगीर ने भी इस अवसर पर बात की।