सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Manipur Police remove 3200 objectionable posts from social media

Manipur: पुलिस ने सोशल मीडिया से 3200 आपत्तिजनक पोस्ट हटाए, पुलिस को कई सुरक्षा वाहनों की मिली सौगात

न्यूज डेस्क, अमर उजाला Published by: Sandhya Kumari Updated Mon, 25 May 2026 03:27 PM IST
विज्ञापन
सार

Manipur पुलिस ने जून 2023 से अब तक 5,406 हिंसक और सांप्रदायिक सोशल मीडिया पोस्ट चिन्हित किए, जिनमें 3,200 हटाए गए और 187 अकाउंट ब्लॉक हुए। 

Manipur Police remove 3200 objectionable posts from social media
मणिपुर में पुलिस ने 187 पेज और अकाउंट भी ब्लॉक किए - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार

मणिपुर पुलिस ने जून 2023 से अब तक 5,406 संवेदनशील, हिंसक और सांप्रदायिक पोस्ट की पहचान की है। इनमें से लगभग 3,200 पोस्ट हटा दिए गए हैं। पुलिस ने 187 पेज और अकाउंट भी ब्लॉक किए हैं। यह जानकारी पुलिस महानिदेशक राजीव सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि यह कार्रवाई राज्य आईटी विभाग और केंद्र के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने मिलकर की है। यह कदम मई 2023 में जातीय हिंसा भड़कने के बाद सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए उठाया गया। 

डीजीपी राजीव सिंह ने यह बात एक कार्यक्रम में कही, जहां मुख्यमंत्री वाई खेमचंद सिंह ने प्रथम मणिपुर राइफल्स ग्राउंड में 477 पुलिस वाहनों को हरी झंडी दिखाई। इन वाहनों में बख्तरबंद कारें और दोपहिया वाहन शामिल थे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

फर्जी सोशल मीडिया पोस्ट हटाए गए

डीजीपी ने कहा, एक जून 2023 से कुल 5,406 संवेदनशील, हिंसक और सांप्रदायिक पोस्ट की पहचान की गई। राज्य आईटी विभाग और मीईटीवाई के समन्वय से लगभग 3,200 पोस्ट हटाए गए। कुल 187 पेज और अकाउंट भी ब्लॉक किए गए। उन्होंने सार्वजनिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए फर्जी खबरों और गलत सूचनाओं की रोकथाम, निगरानी और सत्यापन की आवश्यकता पर जोर दिया। 

विज्ञापन
Trending Videos

डीजीपी ने कहा, केंद्र सरकार के समर्थन ने मणिपुर पुलिस की परिचालन क्षमता को काफी बढ़ाया है। इसने उभरती सुरक्षा चुनौतियों का प्रभावी ढंग से जवाब देने की हमारी क्षमता को मजबूत किया है। उन्होंने आगे कहा कि आज हरी झंडी दिखाए गए वाहन पहाड़ी और घाटी दोनों जिलों में गतिशीलता, प्रतिक्रिया समय और रसद सहायता में सुधार करेंगे। नए खरीदे गए वाहनों में से 54 फीसदी पहाड़ी जिलों में भेजे जाएंगे। शेष वाहन घाटी और पुलिस की तकनीकी इकाइयों में तैनात किए जाएंगे।

पुलिस आधुनिकीकरण और क्षमता वृद्धि

डीजीपी ने बताया कि जब उन्होंने जून 2023 में कार्यभार संभाला था, तब राज्य दो समुदायों के बीच हिंसा के कारण कठिन दौर से गुजर रहा था। पुलिस के आधुनिकीकरण की एक व्यापक योजना तैयार की गई और 2023 के अंत में राज्य सरकार को भेजी गई। गृह मंत्रालय ने 31 अक्टूबर, 2025 को सुरक्षा, बुनियादी ढांचे, गतिशीलता, फोरेंसिक और संचार प्रणालियों को मजबूत करने के लिए 196.61 करोड़ रुपये की राशि मंजूर की। यह राशि स्मार्ट पुलिसिंग पहल के लिए भी है। क्षमता निर्माण के महत्व को समझते हुए, मणिपुर पुलिस ने जून 2025 में राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड के साथ एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। यह समझौता विशेष प्रशिक्षण और क्षमता वृद्धि के लिए किया गया है।

जबरन वसूली विरोधी अभियान और सार्वजनिक सहयोग

जबरन वसूली गतिविधियों से निपटने के लिए एक समर्पित एकीकृत जबरन वसूली विरोधी प्रकोष्ठ स्थापित किया गया है। अब तक पहाड़ी और घाटी दोनों जिलों में 1,000 से अधिक जबरन वसूली करने वालों को गिरफ्तार किया गया है। डीजीपी ने बताया कि जबरन वसूली और असामाजिक तत्वों के खिलाफ अभियानों के दौरान विरोध प्रदर्शन हुए हैं। 


 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed