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राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से जल्द जुड़ेगा नगालैंड: व्यापार को मिलेगा बढ़ावा, दीमापुर-कोहिमा लाइन का 40% काम पूरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: हिमांशु चंदेल
Updated Sat, 24 Jan 2026 04:41 PM IST
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सार
दीमापुर-कोहिमा 78.42 किमी रेलवे परियोजना के 40 प्रतिशत काम के पूरा होने के साथ नगालैंड की राजधानी कोहिमा जल्द राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से जुड़ेगी। दिसंबर 2029 तक परियोजना पूरी करने का लक्ष्य है। आइए जानते हैं बेहतर रेल कनेक्टीविटी से राज्य को क्या-क्या फायदे होंगे।
रेलवे
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
नगालैंड की राजधानी कोहिमा के लिए एक ऐतिहासिक बदलाव तेजी से आकार ले रहा है। 78.42 किलोमीटर लंबी दीमापुर-कोहिमा रेलवे लाइन परियोजना के तेज़ी से आगे बढ़ने के साथ ही कोहिमा राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से जुड़ने की दिशा में निर्णायक कदम पर है। नॉर्थ ईस्ट फ्रंटियर रेलवे के अनुसार परियोजना का करीब 40 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है और शेष हिस्सों पर निर्माण कार्य तेज गति से जारी है।
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यह नई रेल लाइन धनसिरी से शुरू होती है, जो लुमडिंग-तिनसुकिया मुख्य रेल मार्ग पर स्थित एक मौजूदा स्टेशन है, और ज़ुब्ज़ा तक जाती है, जो कोहिमा शहर से लगभग 20 किलोमीटर दूर है। परियोजना को राष्ट्रीय महत्व की परियोजना घोषित किया गया है। इसके पूरा होने पर कोहिमा को देश की राजधानी सहित देशभर से सीधी रेल कनेक्टिविटी मिलेगी। लक्ष्य के अनुसार परियोजना दिसंबर 2029 तक पूरी की जानी है।
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स्टेशन, सुरंग और पुल
दीमापुर-कोहिमा मार्ग पर कुल आठ स्टेशन प्रस्तावित हैं। धनसिरी, धनसिरीपार, शोखुवी, मोलवोम, फेरिमा, पिफेमा, मेंगुज़ुमा और ज़ुब्ज़ा। इनमें से धनसिरी, धनसिरीपार, शोखुवी और मोलवोम स्टेशन पूरे हो चुके हैं। परियोजना में 31,169 मीटर लंबी कुल 20 सुरंगें शामिल हैं, जिनमें से सात पूरी हो चुकी हैं। इसके अलावा 30 बड़े और 150 छोटे पुल प्रस्तावित हैं, जिनमें 12 बड़े और 141 छोटे पुल तैयार हो चुके हैं। अधिकारियों के अनुसार धनसिरी-शोखुवी (16.5 किमी) खंड अक्टूबर 2021 में और शोखुवी-मोलवोम (14.64 किमी) मार्च 2025 में चालू किया गया।
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आर्थिक विकास और रोजगार पर क्या असर?
- बेहतर रेल कनेक्टिविटी से नगालैंड और पड़ोसी पूर्वोत्तर राज्यों के बीच आवागमन आसान होगा।
- सड़क परिवहन पर निर्भरता में कमी आएगी।
- यात्रियों को सस्ता, आरामदायक और समय-कुशल यात्रा विकल्प मिलेगा।
- स्टेशन और मालगोदामों के विकास से स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
- आसपास के इलाकों में सेवाओं और छोटे व्यवसायों को बढ़ावा मिलेगा।
- शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और बाजारों तक लोगों की पहुंच बेहतर होगी।
- दीमापुर-कोहिमा रेल परियोजना नगालैंड के सामाजिक और आर्थिक विकास के लिए गेमचेंजर साबित होगी।
2022 से अबतक कहां पहुंचा रेलवे का विकास?
- वर्ष 2022 में शोखुवी से पहली बार यात्री ट्रेन सेवा शुरू हुई।
- शोखुवी, दीमापुर के बाद नगालैंड का दूसरा रेलवे स्टेशन बना।
- सितंबर 2025 में मोलवोम स्टेशन से पहली बार कार्गो संचालन शुरू किया गया।
- कार्गो सेवा से नगालैंड में व्यापार और वाणिज्य को नई गति मिली।
- वर्तमान में शोखुवी स्टेशन से गुवाहाटी और नाहरलागुन के लिए नियमित ट्रेन सेवाएं चल रही हैं।
- रेल सेवाओं से यात्रियों को अधिक सुरक्षित, सुगम और भरोसेमंद यात्रा सुविधा मिली है।
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