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कोलकाता भगदड़ के बाद ओडिशा पुलिस सतर्क: दुर्गा पंडालों के लिए जारी किए नए नियम, आम लोगों पर क्या पड़ेगा फर्क?
Sun, 18 Oct 2026 07:02 PM IST
प्रशांत तिवारी
पीटीआई, भुवनेश्वर
पीटीआई, भुवनेश्वर
Published by: प्रशांत तिवारी
Updated Sun, 18 Oct 2026 07:02 PM IST
सार
कोलकाता में भगदड़ से 19 लोगों की मौत के बाद ओडिशा पुलिस ने दुर्गा पूजा पंडालों में कतार से दर्शन, सीसीटीवी निगरानी और भीड़ नियंत्रण के लिए सख्त इंतजाम करने के निर्देश दिए हैं।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विस्तार
कोलकाता के दुर्गा पूजा पंडाल में मची भगदड़ में 19 लोगों की मौत के बाद ओडिशा पुलिस भी सतर्क हो गई है। भुवनेश्वर और कटक में दुर्गा पूजा के दौरान भीड़ को संभालने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए खास इंतजाम किए जा रहे हैं। पुलिस ने पूजा समितियों को साफ निर्देश दिया है कि पंडालों में दर्शन के लिए कतार की व्यवस्था करें, ताकि भीड़ एक जगह जमा न हो और किसी तरह की अनहोनी से बचा जा सके।
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संकरी सड़कों पर भीड़ से बचने की तैयारी
ओडिशा के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) विनयतोष मिश्रा ने रविवार को बताया कि संकरे रास्तों पर अचानक भीड़ बढ़ने से भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो सकती है। इसी खतरे को देखते हुए पूजा समितियों से कहा गया है कि वे पंडालों में लोगों के आने-जाने का रास्ता तय करें और कतार लगाकर दर्शन कराने की व्यवस्था करें। उन्होंने कहा कि पंडालों के प्रवेश और निकास द्वारों पर पुलिसकर्मियों के साथ स्वयंसेवकों को भी तैनात किया गया है। एक बार में सीमित संख्या में ही लोगों को अंदर जाने दिया जाएगा। अगर पंडाल के भीतर कोई व्यक्ति गिरता है, तो तुरंत लोगों का प्रवेश रोक दिया जाएगा, ताकि स्थिति बिगड़ने से बचाई जा सके।
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पुलिस और आपातकालीन टीमें रहेंगी तैनात
डीजीपी के मुताबिक, भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस की मोबाइल टीमें, चेन छिनने की घटनाओं को रोकने वाले दस्ते, छेड़छाड़ पर नजर रखने वाली टीमें और विशेष बल तैनात किए गए हैं। पंडालों की ओर जाने वाली संकरी सड़कों पर चार पहिया वाहनों की आवाजाही भी सीमित की गई है। इसके अलावा, आपात स्थिति से निपटने के लिए आयोजन स्थलों पर एंबुलेंस और दमकल की गाड़ियां भी तैनात रहेंगी। इन इंतजामों का मकसद है कि जरूरत पड़ने पर घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके और आग लगने जैसी घटनाओं पर जल्द काबू पाया जा सके।
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पूजा समितियों को सीसीटीवी लगाने के निर्देश
कटक-भुवनेश्वर के पुलिस कमिश्नर एस. देव दत्त सिंह ने कहा कि पंडालों में आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना पूजा समितियों की जिम्मेदारी है। पुलिस कानून-व्यवस्था बनाए रखने और जरूरी सुरक्षा इंतजाम करने का काम कर रही है। उन्होंने बताया कि पूजा आयोजकों और संबंधित अधिकारियों के साथ कई बैठकें की गई हैं। सभी समितियों को सीसीटीवी कैमरे लगाने और भीड़ संभालने के लिए पर्याप्त संख्या में स्वयंसेवक तैनात करने को कहा गया है। पुलिस कमिश्नर ने चेतावनी दी कि दिशा-निर्देशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने पंडालों में कतार से दर्शन कराने पर भी जोर दिया।
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शांति और भाईचारा बनाए रखने की अपील
सेंट्रल रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) सत्यजीत नाइक ने लोगों से दुर्गा पूजा शांतिपूर्ण ढंग से मनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि त्योहार के दौरान अनुशासन बनाए रखना और एक-दूसरे का सम्मान करना जरूरी है। पूजा समितियों को जुलूस और मूर्ति विसर्जन के कार्यक्रम भी तय नियमों के अनुसार कराने चाहिए।