{"_id":"698074d9c259098c470f62b7","slug":"supreme-court-updates-sonam-wangchuk-wife-plea-against-detention-in-nsa-justice-g-r-swaminathan-of-madras-hc-2026-02-02","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"SC Updates: विक्रम मजीठिया को मिली जमानत; धर्मांतरण विरोधी कानून मामल में केंद्र और 12 राज्यों को नोटिस जारी","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
SC Updates: विक्रम मजीठिया को मिली जमानत; धर्मांतरण विरोधी कानून मामल में केंद्र और 12 राज्यों को नोटिस जारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: देवेश त्रिपाठी
Updated Mon, 02 Feb 2026 03:53 PM IST
विज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट (फाइल)
- फोटो : ANI
विज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को भारत में गिरिजाघरों (चर्च) की राष्ट्रीय परिषद की ओर से दायर एक नई जनहित याचिका सुनवाई की। सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार के साथ राजस्थान और अरुणाचल प्रदेश सहित 12 राज्यों से उनके धर्मांतरण विरोधी कानूनों की वैधता को चुनौती देते हुए जवाब मांगा।
Trending Videos
नेशनल काउंसिल ऑफ चर्चेस इन इंडिया (एनसीसीआई) की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता मीनाक्षी अरोरा ने इन राज्यों के कानूनों के लागू किए जाने पर रोक लगाने की मांग की। भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची की पीठ ने एनसीसीआई की दलीलों पर ध्यान दिया और केंद्र तथा 12 राज्य सरकारों से चार सप्ताह के भीतर जवाब मांगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
नए आवेदनों को लंबित आवेदनों के साथ जोड़ने का आदेश देते हुए मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि तीन न्यायाधीशों की पीठ इन सभी पर एक साथ सुनवाई करेगी। केंद्र सरकार की ओर से पेश हुए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि राज्य के कानूनों को चुनौती देने वाली इसी तरह की याचिकाएं लंबित हैं। विधि अधिकारी ने कहा, 'हमारा जवाब तैयार है और जल्द ही दाखिल किया जाएगा।'
सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया को आय से अधिक संपत्ति के मामले में जमानत दे दी। न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और संदीप मेहता की पीठ ने पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय के उस आदेश को चुनौती देने वाली मजीठिया की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया, जिसमें उन्हें इस मामले में जमानत देने से इनकार कर दिया गया था। सुप्रीम कोर्ट ने गौर किया कि मजीठिया इस मामले में पिछले सात महीनों से हिरासत में है।
पिछले साल 4 दिसंबर को दिए अपने आदेश में हाईकोर्ट ने मजीठिया की जमानत याचिका को यह कहते हुए खारिज कर दिया था कि जांच को प्रभावित करने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है। पंजाब सतर्कता ब्यूरो को तीन महीने के भीतर अपनी जांच पूरी करने का निर्देश देते हुए हाईकोर्ट ने कहा था कि इसके बाद मजीठिया जमानत पर रिहाई की मांग कर सकते हैं।
पंजाब सतर्कता ब्यूरो ने पिछले साल 25 जून को आय से अधिक संपत्ति के मामले में मजीठिया को गिरफ्तार किया था, जिसमें कथित तौर पर 540 करोड़ रुपये की संपत्ति जमा करने का आरोप है। मजीठिया के खिलाफ दर्ज एफआईआर, पंजाब पुलिस की एक विशेष जांच टीम द्वारा 2021 के एक ड्रग मामले की चल रही जांच से संबंधित है।
पिछले साल 4 दिसंबर को दिए अपने आदेश में हाईकोर्ट ने मजीठिया की जमानत याचिका को यह कहते हुए खारिज कर दिया था कि जांच को प्रभावित करने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है। पंजाब सतर्कता ब्यूरो को तीन महीने के भीतर अपनी जांच पूरी करने का निर्देश देते हुए हाईकोर्ट ने कहा था कि इसके बाद मजीठिया जमानत पर रिहाई की मांग कर सकते हैं।
पंजाब सतर्कता ब्यूरो ने पिछले साल 25 जून को आय से अधिक संपत्ति के मामले में मजीठिया को गिरफ्तार किया था, जिसमें कथित तौर पर 540 करोड़ रुपये की संपत्ति जमा करने का आरोप है। मजीठिया के खिलाफ दर्ज एफआईआर, पंजाब पुलिस की एक विशेष जांच टीम द्वारा 2021 के एक ड्रग मामले की चल रही जांच से संबंधित है।
सुप्रीम कोर्ट सोमवार को राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के तहत जेल में बंद जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की हिरासत के खिलाफ उनकी पत्नी गीतांजलि जे आंगमो की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करेगा।
सुप्रीम कोर्ट उन प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कार्रवाई की याचिका पर भी सुनवाई करेगा, जिन्होंने कथित तौर पर मद्रास हाई कोर्ट के जस्टिस जीआर स्वामीनाथन के खिलाफ जाति और धर्म आधारित अपमानजनक टिप्पणी की थी। यह घटना मदुरै के थिरुपरनकुंद्रम पहाड़ी पर 'कार्तिगई दीपम' का तेल का दीपक जलाने की अनुमति देने वाले उनके आदेश के बाद हुई।
इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट देशभर की जेलों की स्थितियों से संबंधित स्वतः संज्ञान मामले की सुनवाई करेगा। सुप्रीम कोर्ट विकलांग व्यक्तियों के लिए सार्वजनिक स्थानों तक सार्थक पहुंच से संबंधित याचिका पर भी सुनवाई करेगा।
सुप्रीम कोर्ट उन प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कार्रवाई की याचिका पर भी सुनवाई करेगा, जिन्होंने कथित तौर पर मद्रास हाई कोर्ट के जस्टिस जीआर स्वामीनाथन के खिलाफ जाति और धर्म आधारित अपमानजनक टिप्पणी की थी। यह घटना मदुरै के थिरुपरनकुंद्रम पहाड़ी पर 'कार्तिगई दीपम' का तेल का दीपक जलाने की अनुमति देने वाले उनके आदेश के बाद हुई।
इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट देशभर की जेलों की स्थितियों से संबंधित स्वतः संज्ञान मामले की सुनवाई करेगा। सुप्रीम कोर्ट विकलांग व्यक्तियों के लिए सार्वजनिक स्थानों तक सार्थक पहुंच से संबंधित याचिका पर भी सुनवाई करेगा।
