Kerala Power Cuts: केरल में बिना बताए कट रही बिजली, सप्लाई बाधित होने पर भड़का आक्रोश, विपक्ष ने सरकार को घेरा
केरल में अघोषित बिजली कटौती के कारण कई जगहों पर प्रदर्शन हुआ। लोगों ने केएसईबी के स्थानीय कार्यालयों पर लेट कर प्रदर्शन किया। इस मामले पर विपक्ष ने सरकार को घेरा।
विस्तार
केरल में अघोषित बिजली कटौती के खिलाफ विरोध प्रदर्शन भड़क उठे है। नाराज उपभोक्ताओं ने केएसईबी के स्थानीय कार्यालयों के सामने धरना प्रदर्शन किया। त्रिशूर जिले में लंबे समय तक बिजली कटौती के बाद मंगलवार आधी रात को एक बड़ी भीड़ एरुमापेट्टी स्थित केरल राज्य विद्युत बोर्ड (केएसईबी) के कुंदनूर डिवीजन कार्यालय की ओर मार्च करने लगी।
यह भी पढ़ें- Madras High Court: 'तीसरी गर्भावस्था पर भी पूरा मातृत्व अवकाश दें'; हाईकोर्ट का तमिलनाडु सरकार को सख्त निर्देश
लेटकर जताया विरोध
विरोध प्रदर्शन बुधवार सुबह तक जारी रहा, जिसमें कई प्रतिभागियों ने समाधान की मांग करते हुए कार्यालय परिसर के अंदर और बाहर लेटकर विरोध जताया। हालांकि अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को बताया कि बिजली आपूर्ति में व्यवधान एक प्रमुख फीडर लाइन में खराबी के कारण हुआ था, फिर भी उन्होंने विरोध प्रदर्शन जारी रखा। कोझिकोड से भी इसी तरह के विरोध प्रदर्शन की खबरें आईं, जहां यूथ लीग के कार्यकर्ताओं ने बिजली कटौती के विरोध में तड़के पन्नियंकरा केएसईबी कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया।
केएसईबी के कर्मचारियों पुलिस सुरक्षा मांगी
नादपुरम सबस्टेशन पर कार्यकर्ताओं ने मोमबत्ती जलाकर विरोध प्रदर्शन किया। मलप्पुरम के पंडिक्कड़ स्थित केएसईबी कार्यालय में भी कल रात युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा इसी तरह का विरोध प्रदर्शन किया गया। कई जगहों पर, बिजली कटौती को लेकर संभावित विरोध प्रदर्शनों के कारण केएसईबी के कर्मचारियों ने कथित तौर पर पुलिस सुरक्षा मांगी।
यह विरोध प्रदर्शन ऐसे समय में भारी हो रहे हैं, जब केएसईबी ने घोषणा की है कि भीषण गर्मी के कारण बढ़ती मांग के मद्देनजर ग्रिड की स्थिरता बनाए रखने के लिए वह शाम 6 बजे से आधी रात के बीच 30 मिनट तक की अल्पकालिक बिजली कटौती लागू कर सकता है। यह निर्णय मंगलवार को अतिरिक्त मुख्य सचिव (विद्युत) पुनीत कुमार की अध्यक्षता में हुई एक उच्च स्तरीय बैठक में लिया गया, जिसमें केएसईबी के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक मिन्हाज आलम और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
यह भी पढ़ें- बंगाल चुनाव: भवानीपुर में शुभेंदु अधिकारी के साथ TMC कार्यकर्ताओं की झड़प, भाजपा का आरोप- बूथ में बाहरी लोग
केएसईबी के एक बयान के अनुसार, बिजली की मांग में तीव्र वृद्धि ने पारेषण और वितरण नेटवर्क पर काफी दबाव डाला है, जिससे समय पर प्रबंधन न किए जाने पर गंभीर व्यवधानों का खतरा बढ़ गया है।ग्रिड की स्थिरता सुनिश्चित करने के लिए राज्य लोड डिस्पैच सेंटर के मुख्य अभियंता को आवश्यकता पड़ने पर शाम के व्यस्त समय के दौरान अल्पकालिक प्रतिबंध लागू करने का अधिकार दिया गया है। स्थिति की समीक्षा प्रतिदिन की जाएगी।
विपक्षी दल ने की आलोचना
बिजली मंत्री के. कृष्णनकुट्टी ने कहा है कि मौजूदा बिजली संकट अत्यधिक गर्मी और इंडक्शन कुकर और एयर कंडीशनर के बढ़ते उपयोग के कारण उत्पन्न हुआ है। केरल राज्य विद्युत नियामक आयोग ने बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए केएसईबी को 15 मई तक प्रतिदिन 250 मेगावाट अतिरिक्त बिजली खरीदने की अनुमति दी है। इस स्थिति के बीच, विपक्षी यूडीएफ ने सत्तारूढ़ एलडीएफ के एक दशक तक बिजली कटौती न होने के दावे की आलोचना की है। राज्य के विभिन्न हिस्सों से हाल ही में सामने आई बिजली कटौती की घटनाओं का हवाला दिया है।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

कमेंट
कमेंट X