{"_id":"697a636ebf4ea2997e053a7e","slug":"jammu-kashmir-news-kathua-news-c-201-1-knt1006-128585-2026-01-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kathua News: वार्ड 17 में आवारा पशुओं का आतंक, टूट रहा जनता का सब्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kathua News: वार्ड 17 में आवारा पशुओं का आतंक, टूट रहा जनता का सब्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Thu, 29 Jan 2026 12:58 AM IST
विज्ञापन
लावारिस मवेशियों की परेशानी का समाधान किए जाने की मांग को लेकर नगर परिषद कार्यालय के समक्ष प्र
विज्ञापन
कठुआ। वार्ड 17 क्षेत्र में आवारा पशुओं की समस्या अब भयावह रूप ले चुकी है। दर्जनों की संख्या में घूमने वाले इन लावारिस मवेशियों के कारण लोगों की सुरक्षा पर मंडरा रहे खतरे को देखते हुए लोगों का गुस्सा फूट पड़ा है।
बुधवार को लोगों ने नगर परिषद कार्यालय के समक्ष जमा होकर नारेबाजी कर रोष का इजहार किया और चेतावनी दी कि अगर जल्द लोगों की इस समस्या का निदान नहीं किया गया तो उन्हें प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे जन जागृति मंच के प्रधान संजय कुमार ने कहा कि उनके वार्ड में घूमने वाले मवेशियों की इस समस्या का निदान करने के लिए आज से छह माह पूर्व भी उन्होंने लोगों की सुरक्षा से जुड़े इस मसले को ज्ञापन के माध्यम से नगर परिषद के संज्ञान में लाया था। इस पर गंभीरता नहीं दिखाई गई। गत 22 जनवरी को वार्ड में घूमने वाले इन मवेशियों की चपेट में आने से एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गए। इन्हें अस्पताल में भर्ती करवाना पड़ा। लावारिस मवेशियों के कारण वार्ड की मौजूदा सूरत-ए-हाल यह है कि लोगों ने बच्चों के घर से निकलने पर पाबंदी लगा दी है। महिलाएं भी गलियों से निकलते हुए डरती हैं।
उन्होंने कहा कि इसी मसले को लेकर वह लोग नगर परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी से मिले। उन्होंने आश्वासन देने के बजाय उन्हें दो दिन रुकने के बाद शिकायत डीसी कठुआ तक पहुंचाने के लिए कहा है। संवाद
Trending Videos
बुधवार को लोगों ने नगर परिषद कार्यालय के समक्ष जमा होकर नारेबाजी कर रोष का इजहार किया और चेतावनी दी कि अगर जल्द लोगों की इस समस्या का निदान नहीं किया गया तो उन्हें प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे जन जागृति मंच के प्रधान संजय कुमार ने कहा कि उनके वार्ड में घूमने वाले मवेशियों की इस समस्या का निदान करने के लिए आज से छह माह पूर्व भी उन्होंने लोगों की सुरक्षा से जुड़े इस मसले को ज्ञापन के माध्यम से नगर परिषद के संज्ञान में लाया था। इस पर गंभीरता नहीं दिखाई गई। गत 22 जनवरी को वार्ड में घूमने वाले इन मवेशियों की चपेट में आने से एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गए। इन्हें अस्पताल में भर्ती करवाना पड़ा। लावारिस मवेशियों के कारण वार्ड की मौजूदा सूरत-ए-हाल यह है कि लोगों ने बच्चों के घर से निकलने पर पाबंदी लगा दी है। महिलाएं भी गलियों से निकलते हुए डरती हैं।
उन्होंने कहा कि इसी मसले को लेकर वह लोग नगर परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी से मिले। उन्होंने आश्वासन देने के बजाय उन्हें दो दिन रुकने के बाद शिकायत डीसी कठुआ तक पहुंचाने के लिए कहा है। संवाद