Jammu Kashmir: पूर्व सैनिकों और वीर नारियों के लिए बेहतर सुविधाओं पर जोर, उत्तरी कमान का दो दिवसीय कॉन्क्लेव
भारतीय सेना की उत्तरी कमान ने जम्मू में दो दिवसीय वेटरन्स कॉन्क्लेव आयोजित कर पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके आश्रितों के कल्याण व पुनर्वास पर चर्चा की।
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भारतीय सेना की उत्तरी कमान ने जम्मू में पूर्व सैनिकों के कल्याण और पुनर्वास से जुड़े मुद्दों पर दो दिवसीय कॉन्क्लेव आयोजित किया। इसमें केंद्र सरकार, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख प्रशासन तथा सेना की विभिन्न इकाइयों से जुड़े अधिकारियों ने हिस्सा लिया।
19 और 20 अगस्त को आयोजित इस कॉन्क्लेव का उद्देश्य पूर्व सैनिकों वीर नारियों और उनके आश्रितों के सामने आने वाली मौजूदा चुनौतियों पर चर्चा करना और उनके लिए कल्याणकारी योजनाओं को अधिक प्रभावी बनाना था।
बैठक में स्वास्थ्य सुविधाओं, जागरूकता एवं आउटरीच, कौशल विकास और संस्थागत सहायता जैसे मुद्दों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। इसके अलावा विभिन्न विभागों के बीच बेहतर तालमेल और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल बनाने के उपायों पर भी चर्चा हुई, ताकि पूर्व सैनिक समुदाय तक सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ तेजी से पहुंच सके।
उत्तरी कमान के आर्मी कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल प्रतीक शर्मा ने सभी संबंधित एजेंसियों से मिलकर काम करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों के कल्याण को सुनिश्चित करने के लिए सभी स्तरों पर समन्वित प्रयास जरूरी हैं।
रक्षा मंत्रालय के पूर्व सैनिक कल्याण विभाग की सचिव सुकृति लिखी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कॉन्क्लेव में हिस्सा लिया। उन्होंने जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के पूर्व सैनिकों के कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।
उन्होंने पूर्व सैनिकों से जुड़े सभी हितधारकों को एक मंच पर लाने के लिए उत्तरी कमान की पहल की सराहना की और बेहतर समन्वय के जरिए पूर्व सैनिकों तथा उनके परिवारों को प्रभावी सहायता उपलब्ध कराने पर जोर दिया।