{"_id":"6a85d8704d16f5a15609bbc7","slug":"demonstration-of-strength-against-ucc-in-mp-muslim-community-50-districts-submitted-memorandum-to-president-2026-08-19","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"UCC: यूसीसी के खिलाफ MP में शक्ति प्रदर्शन, 50 जिलों में मुस्लिम समुदाय ने सौंपे राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UCC: यूसीसी के खिलाफ MP में शक्ति प्रदर्शन, 50 जिलों में मुस्लिम समुदाय ने सौंपे राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन
Wed, 19 Aug 2026 09:53 PM IST
दिनेश शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: दिनेश शर्मा
Updated Wed, 19 Aug 2026 09:53 PM IST
सार
यूसीसी के विरोध में मध्यप्रदेश के करीब 50 जिलों में मुस्लिम समुदाय ने राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपे। भोपाल में 21 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल कलेक्टर कार्यालय पहुंचा। आरिफ मसूद ने कहा कि पर्सनल लॉ से जुड़े अधिकारों की रक्षा के लिए यूसीसी के खिलाफ चरणबद्ध आंदोलन जारी रहेगा।
विज्ञापन
भोपाल में यूसीसी का विरोध कर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
समान नागरिक संहिता (यूसीसी) के विरोध में बुधवार को मध्यप्रदेश में मुस्लिम समुदाय ने एक साथ आवाज बुलंद की। विधायक आरिफ मसूद के आह्वान पर प्रदेश के करीब 50 जिला मुख्यालयों पर समुदाय के लोगों ने प्रदर्शन किया और राष्ट्रपति के नाम अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर यूसीसी को वापस लेने की मांग की। कई जगह महिलाओं ने भी प्रदर्शन में भाग लिया। राजधानी भोपाल में 21 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल कलेक्टर कार्यालय पहुंचा। प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपकर समान नागरिक संहिता का विरोध दर्ज कराया। इस दौरान बड़ी संख्या में महिलाएं भी मौजूद रहीं।
संविधान ने पर्सनल लॉ की आजादी दी
विधायक आरिफ मसूद ने पत्रकारों से चर्चा में कहा कि यूसीसी के खिलाफ आंदोलन का यह पहला चरण है। प्रदेश के अलग-अलग जिलों में मुस्लिम समुदाय के लोग जिला मुख्यालय पहुंचे और राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई है। मसूद ने कहा कि संविधान का अनुच्छेद 29 नागरिकों को अपनी संस्कृति और अधिकारों की रक्षा का आधार देता है। मुस्लिम समुदाय अपने व्यक्तिगत कानूनों के तहत मिलने वाले अधिकारों को बनाए रखने की मांग कर रहा है। उन्होंने कहा कि इन संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा।
ये भी पढ़ें- CBI को मिली गिरिबाला-समर्थ की कॉल रिकॉर्डिंग, वॉइस सैंपल-आईफोन डेटा मिलने पर पेश होगा पूरक चालान
विज्ञापन
विज्ञापन
संविधान ने पर्सनल लॉ की आजादी दी
विधायक आरिफ मसूद ने पत्रकारों से चर्चा में कहा कि यूसीसी के खिलाफ आंदोलन का यह पहला चरण है। प्रदेश के अलग-अलग जिलों में मुस्लिम समुदाय के लोग जिला मुख्यालय पहुंचे और राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई है। मसूद ने कहा कि संविधान का अनुच्छेद 29 नागरिकों को अपनी संस्कृति और अधिकारों की रक्षा का आधार देता है। मुस्लिम समुदाय अपने व्यक्तिगत कानूनों के तहत मिलने वाले अधिकारों को बनाए रखने की मांग कर रहा है। उन्होंने कहा कि इन संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- CBI को मिली गिरिबाला-समर्थ की कॉल रिकॉर्डिंग, वॉइस सैंपल-आईफोन डेटा मिलने पर पेश होगा पूरक चालान
विज्ञापन
जानकारी देते विधायक आरिफ मसूद
- फोटो : अमर उजाला
प्रदेशभर में आंदोलन आगे बढ़ाने की तैयारी
आरिफ मसूद ने कहा कि यूसीसी के खिलाफ विरोध केवल ज्ञापन तक सीमित नहीं रहेगा। आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में इस मुद्दे को लेकर प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे और सरकार से यूसीसी को वापस लेने की मांग जारी रहेगी।
आरिफ मसूद ने कहा कि यूसीसी के खिलाफ विरोध केवल ज्ञापन तक सीमित नहीं रहेगा। आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में इस मुद्दे को लेकर प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे और सरकार से यूसीसी को वापस लेने की मांग जारी रहेगी।
