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Gulzar Birthday: परिवार की मर्जी के खिलाफ लेखक बनने मुंबई चले आए थे गुलजार, गैराज में मैकेनिक का करते थे काम

Thu, 18 Aug 2022 09:00 AM IST
ज्योति राघव एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला Published by: ज्योति राघव Updated Thu, 18 Aug 2022 09:00 AM IST
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Sampooran Singh Kalra aka Gulzar Birthday: know more about poet lyricist author life and marriage with Rakhee
गुलजार नज़्म - फोटो : internet

मशहूर कवि, लेखक, गीतकार और स्क्रीनराइटर गुलजार किसी पहचान के मोहताज नहीं हैं। वह शब्दों के जादूगर हैं। उन्होंने अपने इस जादू से फिल्म इंडस्ट्री को गुलजार किया है। गुलजार ने एक से बढ़कर एक गाने और डायलॉग, कविता और पटकथा लिखे हैं, जो आज भी दिलों को छूते हैं। दिलचस्प बात यह है कि गुलजार साहब ने सिर्फ कविता या गाने ही नहीं लिखे, बल्कि फिल्म निर्देशन में भी हाथ आजमाया है। उन्होंने 'आंधी', 'मौसम', 'मिर्जा गालिब', जैसी मशहूर और यादगार फिल्मों का निर्देशन किया है। आज गुलजार साहब अपना 88वां जन्मदिन मना रहे हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में....

Sampooran Singh Kalra aka Gulzar Birthday: know more about poet lyricist author life and marriage with Rakhee
गुलजार नज़्म - फोटो : internet

गुलजार साहब का जन्म 18 अगस्त 1934 को बंटवारे से पहले पंजाब में झेलम जिले के दीना गांव में हुआ था, जो आज पाकिस्तान में है। गुलजार का जन्म एक सिख परिवार में हुआ था। जन्म के बाद इनका नाम संपूर्ण सिंह कालरा रखा गया था। बंटवारे के बाद वो परिवार के साथ पंजाब में आकर रहने लगे। गुलजार शुरुआत से एक लेखक बनना चाहते थे, परिवार की मर्जी के खिलाफ वो मुंबई पहुंचे और यहां एक गैराज में मैकेनिक के तौर पर काम करने लगे। 

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गुलजार और मेघना - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

जब तक संपूर्ण सिंह कालरा को गुलजार के रूप में पहचान नहीं मिली थी। वह गैराज में काम करते रहे। रिपोर्ट्स के मुताबिक उनका काम दुर्घटनाग्रस्त गाड़ियों की खंरोंचों पर होने वाले पेंट का रंग तैयार करना था। दरअसल, गुलजार की रंगों को लेकर समझ अच्छी थी। वह इस काम को बखूबी करते थे, लेकिन साथ में वह अपने शौक को जी रहे थे। मुंबई में रहते हुए गुलजार साहब निर्देशक बिमल रॉय, ऋषिकेश मुखर्जी और संगीतकार हेमंत कुमार के साथ सहायक के तौर पर काम करने लगे। इसके बाद उन्हें बिमल रॉय की फिल्म 'बंदिनी' के लिए पहला गाना लिखने का अवसर मिला और यह गाना था- 'मोरा गोरा अंग'। यह गाना खूब पसंद किया गया और इसने गुलजार साहब की किस्मत के दरवाजे खोल दिए।

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राखी और गुलजार - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

बॉलीवुड में काम के दौरान गुलजार की मुलाकात फिल्म अभिनेत्री राखी से हुई। दोनों ने एक दूसरे से शादी भी की और इनके एक बेटी हुई, जिनका नाम मेघना गुलजार है और वह इंडस्ट्री की जानी-मानी डायरेक्टर-प्रोड्यूसर हैं। हालांकि, राखी के साथ गुलजार साहब की शादी नहीं चली। शादी के एक साल बाद ही दोनों अलग हो गए। चार दशक से भी अधिक समय से दोनों अलग रह रहे हैं। हालांकि, आधिकारिक रूप से दोनों का तलाक नहीं हुआ है।

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