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जानवरों के बीच पले ये बच्चे, हरकतें भी थीं उन्हीं के जैसी

Updated Mon, 08 Feb 2016 07:01 PM IST
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जानवरों के बीच पले ये बच्चे, हरकतें भी थीं उन्हीं के जैसी

children who were brought up by animals
इंसान के बच्चे को इंसान ही पाले, ये हमेशा जरूरी नहीं। जा‌निए उन बच्चों के बारे में जिन्हें इंसानों की नहीं बल्कि जानवरों की परवरिश मिली।


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जानवरों के बीच पले ये बच्चे, हरकतें भी थीं उन्हीं के जैसी

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इस लिस्ट में सबसे पहले नाम आता है ऑक्साना मलाया का। ऑक्साना को साल 1991 में युक्रेन में एक कुत्तों के बीच उनके घर में पाया गया था। तब वो आठ साल की थी। वो कुत्तों की तरह ही चार पैरों पर चलती, भौंकती और अपने जीभ को बाहर निकाले रहती। जांच के बाद पता चला कि वो पिछले छह सालों से कुत्तों के बीच ही रह रही है। उसके माता-पिता शराब के आदी थे और उसे घर को छोड़कर चले गए थे। घिसटते हुए वो बच्ची कुत्तों के बीच पहुंच गई। तभी से वो वहीं की होकर रह गई। इन दिनों वो युक्रेन के ओडीशा के एक क्लिनिक में डॉक्टरों की देख रेख में रहती है।       सभी तस्वीरें बीबीसी से।

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अब जानिए भारत के शामदेव की कहानी। शामदेव लगभग चार साल का था जब उसे एक जंगल में पाया गया। वो भेड़ियों के बीच रहता था। उसका व्यवहार एकदम जानवरों सा था। वो पीने के लिए खून ढूंढता था, मिट्टी खाता था और कुत्तों के बीच रहता था। उसने कभी कुछ बोला नहीं, पर साइन लैंग्वेज थोड़ा सीख पाया। उसकी मौत 1985 में हो गई।

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मरीना चैपमैन का किस्सा भी काफी पुराना है। आज की तारीख में वो अपने पति और दो बेटियों के साथ  
यॉर्कशायर, ब्रिटेन में रहती हैं। उनकी कहानी अजीब है। जब वो पांच साल की थी तब उनका अपहरण हो गया था। 1954 में अपरहरणकर्ताओं ने उन्हें जंगल ले जाकर छोड़ दिया। खोज-बीन के बाद भी उन्हें नहीं ढूंढा जा सका। पांच साल तक वो बच्ची बंदरों के बीच रही। खाना ढूंढने से लेकर जानवरों जैसा ही व्यवहार करने तक सब कुछ उनके अंदर जंगली ही था। वक्त बाद उन्हें शिकारियों के एक समूह ने ढूंढा और उनकी जिंदगी लौटाई।

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जॉन सिबनया की कहानी भी हैरान करने वाली है। जॉन तब काफी छोटे थे जब उन्होंने अपने पिता को अपनी मां का घर में मर्डर करते हुए देख लिया था। ये किस्सा 1988 का है। ऐसा देखते ही वो जंगल में भाग गए थे। कोई उन्हें ढूंढ नहीं पाया। पांच सालों तक वो बंदरों के बीच ही रहे। साल 1991 में उन्हें जब पाया गया तो वो जानवरों सा ही बर्ताव करने लगे थे। लेकिन उन्हें अच्छी जिंदगी में वापस लाया गया।

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