गर्मियों में AC हमारी सबसे बड़ी जरूरत बन जाता है, लेकिन इसके साथ गैस लीक होने, भारी-भरकम बिजली बिल आने और कंप्रेसर के शोर की टेंशन हमेशा बनी रहती है। इसके अलावा, AC से निकलने वाली गैसें धरती के तापमान को भी बढ़ा रही हैं।
सॉलिड स्टेट कूलिंग: बिना गैस और कंप्रेसर के चलेगा AC; बिजली बचेगी, कूलिंग भी मिलेगी और नहीं होगी लीक की टेंशन!
Solid State Cooling Technology: गर्मियों में AC की गैस खत्म होने, भारी-भरकम बिजली बिल और कंप्रेसर के शोर का झंझट अब इतिहास बनने वाला है। वैज्ञानिकों के जरिए विकसित की जा रही सॉलिड स्टेट कूलिंग टेक्नोलॉजी इसी दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है। ये बिना किसी हानिकारक गैस और कंप्रेसर के आपके कमरे को शिमला जैसा ठंडा कर देगी।
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क्या है सॉलिड स्टेट कूलिंग तकनीक?
वर्तमान में हमारे घरों में लगने वाले एयर कंडीशनर में कमरा ठंडा करने के लिए हाइड्रोफ्लोरोकार्बन (HFC) जैसी गैसों का इस्तेमाल होता है। ये गैसें पर्यावरण के लिए बेहद खतरनाक हैं। वहीं, सॉलिड स्टेट कूलिंग एक ऐसी आधुनिक तकनीक है जो बिना किसी गैस और बिना कंप्रेसर के कूलिंग देती है।
यह बिना गैस के कमरा कैसे ठंडा करेगी?
एक नॉर्मल AC गैस को लिक्विड और लिक्विड को गैस में बदलकर कूलिंग पैदा करता है। लेकिन नई सॉलिड-स्टेट तकनीक में ऐसा नहीं होता। यह कैलोरिक इफेक्ट्स यानी ठोस पदार्थों के भौतिक गुणों पर काम करती है। आसान शब्दों में कहें तो इस तकनीक में खास तरह के ठोस पदार्थों पर इलेक्ट्रिक फील्ड, मैग्नेटिक फील्ड या मैकेनिकल दबाव डाला जाता है।
इस दबाव की वजह से उन ठोस पदार्थों के तापमान में एकदम से बदलाव आता है और कूलिंग पैदा होती है। स्प्रिंगर नेचर के जर्नल के अनुसार, इसमें हानिकारक गैस को ठंडा करने की बजाय सिर्फ भौतिक दबाव प्रेशर का इस्तेमाल करके ठंडी हवा तैयार की जाती है।
आम AC से कितनी बेहतर है यह नई तकनीक?
यह नई तकनीक कई मायनों में आज के AC से कहीं ज्यादा एडवांस है:- शानदार कूलिंग: साइंसडायरेक्ट की रिपोर्ट के अनुसार, लैब टेस्टिंग में इस नई तकनीक का परफॉर्मेंस स्कोर (COP) 10 तक दर्ज किया गया है। वहीं, हमारे घरों में लगने वाले आम AC का स्कोर केवल 3 से 5.5 के बीच होता है।
- पर्यावरण की सुरक्षा: गैस न होने के कारण न तो गैस लीकेज का झंझट होगा और न ही पर्यावरण को नुकसान पहुंचेगा।
- बिल्कुल शांत: कंप्रेसर न होने की वजह से यह AC बिना कोई शोर किए बिल्कुल शांति से अपना काम करेगा।
क्या यह तकनीक अभी बाजार में आने के लिए तैयार है?
फिलहाल, सॉलिड-स्टेट टेक्नोलॉजी वाले AC बाजार में आम AC की जगह लेने के लिए पूरी तरह तैयार नहीं हैं। इसके पीछे दो मुख्य कारण हैं:
- लैब तक सीमित: अभी इसकी टेस्टिंग और बेहतरीन परफॉर्मेंस सिर्फ लैब के अंदर ही देखी गई है। लैब के बाहर बड़े कमरों में इसकी क्षमता अभी सीमित है।
- टिकाऊपन पर सवाल: ठोस पदार्थों पर बार-बार प्रेशर डालने से उनके जल्दी खराब होने का डर बना रहता है, जिसे लेकर वैज्ञानिक अभी भी रिसर्च कर रहे हैं।