Banswara News: रीवा घटना के विरोध में बांसवाड़ा में जैन समाज की मौन महारैली, राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन
बांसवाड़ा के जैन समाज ने मध्य प्रदेश के रीवा में एक जैन साध्वी की दुर्घटना के हत्या करने के विरोध में मौन रैली निकाली। समाजजनों ने राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन देकर जैन संतों की सुरक्षा की मांग की।
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मध्य प्रदेश के रीवा में जैन समाज की पदविहारी पूज्य साध्वी आर्यिका माताजी के साथ हुई दर्दनाक घटना और निर्मम हत्या के विरोध में बांसवाड़ा जिला स्तरीय सकल जैन समाज ने गहरा आक्रोश व्यक्त किया। जैन संतों की सुरक्षा की मांग को लेकर जिला मुख्यालय पर मौन महारैली निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में समाजजन शामिल हुए। रैली के बाद जिला कलेक्टर के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री के नाम 7 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा गया।
मौन महारैली कुशलबाग मैदान से शुरू होकर शहर के प्रमुख मार्गों गांधी मूर्ति, पीपली चौक, सदर बाजार, आजाद चौक, पाला रोड और नई आबादी होते हुए कलेक्ट्रेट पहुंची। इसमें समाज के पुरुष और बच्चे पारंपरिक सफेद वस्त्रों में तथा महिलाएं केसरिया वस्त्र धारण कर शामिल हुईं। सभी ने मौन रहकर रैली में भाग लिया। हाथों में तख्तियां लिए लोगों ने जैन संतों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग उठाई।
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ज्ञापन में रखीं ये प्रमुख मांगें
श्री सकल जैन समाज बांसवाड़ा की ओर से जिला कलेक्टर को सौंपे गए 7 सूत्रीय ज्ञापन में रीवा घटना की एसआईटी अथवा न्यायिक जांच करवाने और सभी सीसीटीवी व डिजिटल साक्ष्यों को सुरक्षित रखने की मांग की गई। इसके अलावा देशभर में पद विहार करने वाले जैन साधु-संतों की सुरक्षा के लिए ‘संत सुरक्षा प्रोटोकॉल’ लागू करने, विहार के दौरान पुलिस-प्रशासन का सहयोग अनिवार्य करने तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन और समाज के बीच समन्वय तंत्र व विशेष हेल्पलाइन व्यवस्था बनाने का आग्रह किया गया।
शांति और अहिंसा में विश्वास रखने वाला समाज
जैन समाज के प्रतिनिधि महेंद्र कवालिया ने बताया कि मुनि सेवा समिति के महामंत्री महावीर बोहरा ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए त्वरित कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि जैन समाज सदैव शांति और अहिंसा में विश्वास रखता है। जैन संत पैदल विहार करने वाले तपस्वी होते हैं, इसलिए उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए कड़े सुरक्षा प्रावधान किए जाने चाहिए।
बड़ी संख्या में समाजजन रहे मौजूद
महारैली में श्वेतांबर और दिगंबर जैन समाजों के पदाधिकारी, युवा संगठन और मातृशक्ति बड़ी संख्या में मौजूद रहे। इसमें श्री दिगंबर जैन मुनि संघ सेवा समिति, पुलक मंच परिवार सहित श्रेयांशनाथ मंदिर खांडू कॉलोनी, श्री आदिनाथ दिगंबर जैन मंदिर महालक्ष्मी चौक, वासुपूज्य मंदिर, सुमतिनाथ मंदिर (बाहुबली कॉलोनी), मुनिसुव्रतनाथ मंदिर, पार्श्वनाथ मंदिर, अनंतनाथ मंदिर (कमर्शियल कॉलोनी), भगवान महावीर मंदिर, चंद्रप्रभु मंदिर, आदिनाथ मंदिर मोहन कॉलोनी, अहिंसा पुरी और श्री महावीर चैत्यालय (गांधी मूर्ति) के अध्यक्ष और पदाधिकारी शामिल हुए।