राजस्थान: ‘कांग्रेस की मति मारी गई है’, बेढ़म का हमला; विश्वेंद्र सिंह को लेकर दिया बड़ा बयान
गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म ने कांग्रेस की अंदरूनी गुटबाजी और नेतृत्व को लेकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में अंतर्द्वंद्व चरम पर है और विश्वेंद्र सिंह जैसे वरिष्ठ नेता की उपेक्षा हो रही है। भाजपा के दरवाजे सभी के लिए खुले हैं।
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राजस्थान सरकार के गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म ने कांग्रेस में चल रही कथित अंदरूनी खींचतान को लेकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में गुटबाजी और अंतर्द्वंद्व चरम पर पहुंच गया है। कांग्रेस के प्रदर्शनों में भी नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच एक-दूसरे के प्रति आक्रोश दिखाई दे रहा है। बेढ़म ने कहा कि पार्टी के भीतर स्थिति ऐसी हो गई है कि कभी भी बड़ी घटना सामने आ सकती है।
बेढ़म ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के बयानों पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि डोटासरा के बयानों में कांग्रेस की हताशा साफ दिखाई देती है। उनके मुताबिक, कांग्रेस के बड़े नेता एक-दूसरे को नीचा दिखाने में लगे हुए हैं और पार्टी का ध्यान जनता के मुद्दों से हटकर अंदरूनी संघर्ष पर केंद्रित हो गया है।
गृह राज्य मंत्री ने पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता विश्वेंद्र सिंह का जिक्र करते हुए कहा कि वे राजस्थान के बड़े नेताओं में शामिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि विश्वेंद्र सिंह की राजनीतिक हैसियत और कद को दरकिनार नहीं किया जा सकता। बेढ़म के मुताबिक, कांग्रेस द्वारा ऐसे कद्दावर नेता की उपेक्षा करना पार्टी के लिए उचित नहीं है।
बेढ़म ने कहा, "कांग्रेस की मति मारी गई है, जो विश्वेंद्र सिंह जैसे नेता की बात नहीं सुन रही है।" उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस में केवल आपसी वर्चस्व की लड़ाई चल रही है। उनके अनुसार, पार्टी नेताओं को जनता की समस्याओं से कोई सरोकार नहीं है और वे अपने पद बचाए रखने के लिए हर तरह के प्रयास कर रहे हैं।
कांग्रेस के ‘वोट चोरी’ के आरोपों पर भी बेढ़म ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि जब-जब कांग्रेस चुनाव में हारती है, तब-तब ईवीएम और वोट चोरी को लेकर आरोप लगाए जाते हैं। बेढ़म ने दावा किया कि जनता कांग्रेस की इस राजनीति को समझ चुकी है।
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उन्होंने आगामी पंचायती राज चुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि इन चुनावों में भी कांग्रेस की स्थिति खराब रहने वाली है। हालांकि, चुनावी नतीजों को लेकर किसी भी तरह का आकलन मतदाताओं के वास्तविक मतदान और परिणाम आने के बाद ही स्पष्ट होगा। राजस्थान की मौजूदा राजनीतिक बहस में विश्वेंद्र सिंह की भूमिका और कांग्रेस के भीतर उनके स्थान को लेकर भी चर्चा जारी है।
जवाहर सिंह बेढ़म ने यह भी कहा कि फैसला तो विश्वेंद्र सिंह को खुद करना है। वह पहले भारतीय जनता पार्टी में थे। अब वह कांग्रेस के कद्दावर नेता हैं। भारतीय जनता पार्टी में तो सबके लिए दरवाजे खुले हैं, जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रीति-नीति पर विश्वास करता है।