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Rajasthan: 'छह लाख और ग्रेनाइट चमकाने का फॉर्मूला दो...,' खुद का किया अपहरण, फिर बाप से की अजीब डिमांड
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, जालौर
Published by: अरविंद कुमार
Updated Fri, 21 Jun 2024 05:06 PM IST
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सार
जालौर जिले के ग्रेनाइट व्यापारी रतन लोहार का बेटा सोमवार को गायब हो गया था। इसके बाद मैसेज आए कि बेटे को जिंदा देखना है तो छह लाख रुपये और ग्रेनाइट में चमक लाने का फॉर्मूला देना होगा।
आरोपी गिरफ्तार
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
राजस्थान के जालौर में ग्रेनाइट व्यापारी के बेटे ने शेयर मार्केट में घाटे की भरपाई के लिए अपने ही अपहरण की झूठी साजिश रच दी। पैसों की लालच के लिए एक ग्रेनाइट व्यापारी के बेटे ने अपनी ही किडनैपिंग की झूठी साजिश रचकर जालौर पुलिस को दो रात और तीन दिन तक लगातार घुमाता रहा। पुलिस के इनवेस्टिगेशन में सामने आया कि व्यापारी के बेटे राजेंद्र ने अपने पिता को धमकी भरा मैसेज भी भेजा और उसमें फिरौती की डिमांड कर दी।
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मामले में जालौर पुलिस की सात टीमों ने दो रात और तीन दिन तक 100 से ज्यादा कैमरे खंगालकर गुरुवार को मामले की तह तक पहुंच गए और रणकपुर के रास्ते में पुलिस ने व्यापारी के बेटे को दबोच लिया। फिरौती में ग्रेनाइट स्टोन में चमक लाने का फॉर्मूला और छह लाख कैश की मांग की थी। पुलिस ने अपहृत राजेन्द्र कुमार पुत्र रतनलाल जाति मालवीय लोहार निवासी साई विहार कॉलोनी, जालौर को कस्बा सादड़ी पुलिस थाना सादड़ी जिला पाली से दस्तयाब किया।
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अपहृत से घटना के संबंध में गहनता से पूछताछ की गई तो राजेंद्र ने बताया कि उसने शेयर बाजार में फ्यूचर एंड ऑप्शन में पैसे लगाए, जिसमें उसके दिसंबर 2023 से जून 2024 तक करीब 10,50,000 रुपये का नुकसान हुआ। इसकी भरपाई करने के लिए उसने 4,50,000 रुपये का एक्सिस बैंक से ऑनलाइन लोन लिया तथा शेष 6,00,000 रुपये की वसूली के लिए स्वयं के अपहरण की योजना बनाकर घर से अपनी मोटर साइकिल लेकर अपना मोबाइल फोन बंद करके सिरोही गया।
वहां अपने फोन से अपने पिता रतनलाल को स्वयं के अपहरण होने तथा फिरौती 6,00,000 रुपये की मांग करने और फिरौती नहीं देने पर बेटे को जान से मारने का मैसेज कर फोन बंद कर दिया। उसके बाद सिरोही, हरजी, बालोतरा, पचपदरा, साण्डेराव, रानी व सादड़ी घूमता रहा। जहां से दिनांक 20.6.2024 सांय काल में राजेंद्र को रणकपुर रोड सादड़ से मोटर साइकिल सहित दस्तयाब किया गया। राजेंद्र को दस्तयाब करने के पश्चात पूछताछ में गलत सूचना देकर गुमराह करने, अज्ञात व्यक्तियों द्वारा स्वयं का अपहरण किया जाकर 6,00,000 रुपये की मांग किए जाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रामेश्वरलाल ने बताया, जालौर के कोतवाली थाना इलाके में रहने वाले ग्रेनाइट व्यापारी रतन लोहार का बेटा सोमवार को गायब हो गया था। इसके बाद रतन लोहार के पास शाम 5.30 के करीब धमकी भरे मैसेज आए, जिसमें लिखा था कि बेटे को जिंदा देखना चाहते हो तो छह लाख कैश और ग्रेनाइट पत्थर में चमक लाने के लिए बनाई जाने वाली बट्टी का फॉर्मूला लेकर बताए हुए पते पर आ जाओ, जिसके बाद रतन लोहार ने किडनैपिंग और फिरौती का केस दर्ज कराया।
सामने आया कि व्यापारी के बेटे राजेंद्र (25) ने खुद ही अपने अपहरण की झूठी कहानी रची थी।गुरुवार शाम 4.15 बजे राजेंद्र को देसुरी-रणकपुर के बीच के रास्ते से पकड़ लिया। वह यहां सड़क से कुछ दूर झाड़ियों में आराम कर रहा था। पुलिस ने 48 घंटे तक लगातार उसकी तलाश की। जैसे-जैसे राजेंद्र की लोकेशन मिली, उस क्षेत्र में पुलिस की टीमें पहुंचीं और तकनीकी सहायता लेकर उसे ढूंढने की कोशिश की। इधर, अभय कमांड व साइबर टीमें भी लगातार उसे ट्रैस कर रही थीं। राजेंद्र के पास आईफोन था। इसलिए उसकी लोकेशन आसानी से ट्रैस नहीं हो पा रही थी। पुलिस को जहां भी सीसीटीवी फुटेज में राजेंद्र नजर आया, वह अकेला था। ऐसे में शक हुआ कि उसने किडनैप की कहानी रची है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने बताया कि राजेंद्र सोमवार को अपने घर से दोपहर को भोजन कर ग्रेनाइट फैक्ट्री जाने के लिए निकला था। वह अपने घर थर्ड फेज से धवला होते हुए नारायणावास गया। वहां से बरलूट होते हुए सिरोही पहुंच गया। पुलिस को वह सिरोही के गोयली चौराहे पर कैमरे में दिखा। उसने अपना मुंह रुमाल से ढक रखा था। इसी जगह से उसने सोमवार शाम फिरौती का पहला मैसेज किया। इसके बाद वह जालौर की ओर लौटा। उसने बुडतरा नदी के आसपास से दूसरा मैसेज किया। यहीं उसके पिता रतन लोहार पुलिस के साथ फिरौती की रकम सहित पहुंचे, उसने कार का इंडिकेटर चालू रखकर लोकेशन (छिपाड़वारा-हरजी के बीच) पर आने की धमकी दी थी। लेकिन मंगलवार को कई गाड़ियां देख उसने डील रद्द कर दी। इसके बाद फोन बंद कर दिया।
बुधवार दोपहर में अपना फोन कुछ देर के लिए खोला। इस दौरान उसकी लोकेशन समदड़ी के पास जाणियाणा गांव के नजदीक मिली। गुरुवार को राजेंद्र ने कई बार फोन ऑन किए। दोपहर को फोन ऑन किया तो नेतरा लोकेशन मिली। इस पर जालौर और आहोर थानाधिकारी और डीएसटी प्रभारी वहां पहुंचे। इसके बाद रानी-खीमेल के आसपास उसकी लोकेशन मिली। इसके बाद पाली पुलिस की मदद से उसे गुरुवार शाम 4:15 बजे के रणकपुर के रास्ते पकड़ लिया गया।