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Meerut: 'हर चुनाव में देते हैं वोट, नहीं मिली राजनीतिक भागीदारी', भारतीय ब्राह्मण संसद ने किया भाजपा का विरोध

अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ Published by: Mohd Mustakim Updated Thu, 19 Mar 2026 01:53 PM IST
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सार

भारतीय ब्राह्मण संसद संगठन का कहना है कि प्रदेश में लगभग 18 प्रतिशत ब्राह्मण आबादी होने के बावजूद पर्याप्त राजनीतिक प्रतिनिधित्व नहीं दिया जा रहा है। इससे समाज में असंतोष गहराता जा रहा है।

Meerut: 'Vote in every election, still do not get political participation', Indian Brahmin Parliament opposes
भारतीय ब्राह्मण संसद की बैठक में मौजूद लोग। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार

भारतीय ब्राह्मण संसद ने राजनीतिक तौर पर उचित भागीदारी न मिलने, ब्राह्मण विरोधी कृत्यों की बात कहते हुए भाजपा का विरोध किया है। साथ ही आगामी चुनावों में भाजपा को वोट न देने का एलान किया है। 
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मोदीपुरम में भारतीय ब्राह्मण संसद संगठन की चिंतन बैठक का आयोजन किया गया। इसमें ब्राह्मण समाज पर कथित हमलों, उपेक्षा और राजनीतिक प्रतिनिधित्व की कमी जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि लंबे समय से भाजपा को समर्थन देने के बावजूद समाज को संगठन और सरकार में अपेक्षित सम्मान और भागीदारी नहीं मिली है।
 
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राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रेमचंद शर्मा और प्रदेश अध्यक्ष राजपाल शर्मा ने कहा कि पश्चिम उत्तर प्रदेश में ब्राह्मण समाज ने हर चुनाव में भाजपा को लगभग 90 प्रतिशत तक समर्थन दिया है। इसके बावजूद, समाज को न तो कैबिनेट स्तर पर पर्याप्त भागीदारी दी गई है और न ही संगठन में प्रमुख पदों पर स्थान मिला है। उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि मेरठ समेत पूरे क्षेत्र में वरिष्ठ और समर्पित ब्राह्मण नेताओं की लगातार अनदेखी की गई है, जिससे समाज में नाराजगी बढ़ी है।
 

आपत्तिजनक बयानों और चित्रण पर सरकार की निष्क्रियता
बैठक में यह भी कहा गया कि हाल के वर्षों में ब्राह्मण समाज के खिलाफ आपत्तिजनक बयान, फिल्मों और प्रतियोगी परीक्षाओं में नकारात्मक चित्रण जैसी घटनाएं सामने आई हैं। हालांकि, सरकार द्वारा इन मामलों में ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे समाज में आक्रोश है।
 

कार्यकारिणी गठन पर भी उठाए सवाल
इसके अलावा, भाजपा महानगर मेरठ की हालिया कार्यकारिणी गठन पर भी सवाल उठाए गए। आरोप लगाया गया कि अनुभवी नेताओं को दरकिनार कर नए लोगों को प्राथमिकता दी गई है। यह भी कहा गया कि प्रदेश में लगभग 18 प्रतिशत ब्राह्मण आबादी होने के बावजूद उन्हें पर्याप्त राजनीतिक प्रतिनिधित्व नहीं दिया जा रहा है। यह स्थिति लंबे समय से बनी हुई है, जिससे समाज में असंतोष गहराता जा रहा है।
 

आगामी चुनावों में कड़ा विरोध का निर्णय
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि प्रदेश और केंद्र के आगामी चुनावों में ब्राह्मण समाज भाजपा का कड़ा विरोध करेगा। समाज उस राजनीतिक दल का समर्थन करेगा जो उन्हें अधिक टिकट और महत्वपूर्ण पदों पर भागीदारी सुनिश्चित करेगा।

मेरठ में होगी बड़ी ब्राह्मण संसद
साथ ही, यह भी घोषणा की गई कि जल्द ही मेरठ में ब्राह्मण समाज की एक बड़ी संसद आयोजित की जाएगी। इस संसद में प्रदेश और देशभर के राष्ट्रीय अध्यक्ष, विधायक, सांसद, चेयरमैन और अन्य गणमान्य लोगों को आमंत्रित किया जाएगा। 
बैठक में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कैलाशचंद शर्मा, अमित शर्मा, राजीव दत्त, आनंद शर्मा, सुनील शर्मा, नमन शर्मा, सुशील शर्मा, भास्कर शर्मा, राहुल शर्मा आदि मौजूद रहे। 
 
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