{"_id":"6a720ebdd3608320d9027531","slug":"whatsapp-age-verification-test-begins-india-know-what-changing-2026-08-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"WhatsApp Age Verification: अब व्हाट्सएप चलाने के लिए भी बतानी होगी उम्र? भारत में नए फीचर की टेस्टिंग शुरू","category":{"title":"Tech Diary","title_hn":"टेक डायरी","slug":"tech-diary"}}
WhatsApp Age Verification: अब व्हाट्सएप चलाने के लिए भी बतानी होगी उम्र? भारत में नए फीचर की टेस्टिंग शुरू
Tue, 04 Aug 2026 09:39 PM IST
जागृति शुक्ला
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: जागृति शुक्ला
Updated Tue, 04 Aug 2026 09:39 PM IST
सार
WhatsApp Age Verification: मैसेजिंग एप व्हाट्सएप भारत में यूजर्स की उम्र कंफर्म करने के नए तरीकों की टेस्टिंग कर रहा है। कंपनी का कहना है कि यह कदम आने वाले डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन (DPDP) एक्ट का पालन करने के लिए उठाया जा रहा है। हालांकि, WhatsApp ने साफ किया है कि फिलहाल यह फीचर पूरी तरह वैकल्पिक है और एप का इस्तेमाल जारी रखने के लिए उम्र बताना जरूरी नहीं होगा।
विज्ञापन
व्हाट्सएप पर आ सकता है एज वेरिफिकेशन
- फोटो : एआई जनरेटेड
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
WhatsApp DOB Update: व्हाट्सएप ने मंगलवार को पुष्टि की कि वह भारत में यूजर्स की उम्र कंफर्म करने के नए तरीकों की टेस्टिंग कर रहा है। कंपनी के अनुसार, यह कदम देश में लागू होने जा रहे डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन (DPDP) एक्ट समेत अन्य आगामी कानूनी नियमों का पालन करने की दिशा में उठाया जा रहा है।
इसके साथ ही, व्हाट्सएप के प्रस्तावित यूजरनेम फीचर को लेकर केंद्र सरकार (IT मंत्रालय) और कंपनी के बीच चर्चा जारी है, जहां सरकार ने सुरक्षा कारणों से इस फीचर पर फिलहाल रोक लगाने के निर्देश दिए हैं।
क्या व्हाट्सएप इस्तेमाल के लिए उम्र बताना जरूरी है?
हाल ही के दिनों में ही एक्स पर कई भारतीय यूजर्स ने व्हाट्सएप के उस मैसेज के स्क्रीनशॉट शेयर किए हैं, जिसमें जन्मतिथि (Date of Birth) जोड़ने के लिए कहा जा रहा है और लिखा है भारत में आने वाले कानूनों के तहत हमें आपकी उम्र पूछनी पड़ रही है। इस परीक्षण पर कंपनी और सरकार ने स्थिति साफ की है।
विज्ञापन
DPDP एक्ट और बच्चों के डेटा से जुड़े कड़े नियम
डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन एक्ट डिजिटल पर्सनल डेटा की प्रोसेसिंग को रेगुलेट करता है। यह आम नागरिकों के डेटा प्राइवेसी अधिकारों और कानूनी जरूरतों के बीच संतुलन बनाता है।
यूजरनेम फीचर पर क्यों बढ़ा विवाद और सरकार का नोटिस?
व्हाट्सएप का प्रस्तावित यूजरनेम फीचर यूजर्स को फोन नंबर शेयर किए बिना एक-दूसरे से कनेक्ट होने की सुविधा देता है। हालांकि, सरकार ने इस फीचर पर गंभीर सुरक्षा चिंताएं जताई हैं:
विज्ञापन
इसके साथ ही, व्हाट्सएप के प्रस्तावित यूजरनेम फीचर को लेकर केंद्र सरकार (IT मंत्रालय) और कंपनी के बीच चर्चा जारी है, जहां सरकार ने सुरक्षा कारणों से इस फीचर पर फिलहाल रोक लगाने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
क्या व्हाट्सएप इस्तेमाल के लिए उम्र बताना जरूरी है?
हाल ही के दिनों में ही एक्स पर कई भारतीय यूजर्स ने व्हाट्सएप के उस मैसेज के स्क्रीनशॉट शेयर किए हैं, जिसमें जन्मतिथि (Date of Birth) जोड़ने के लिए कहा जा रहा है और लिखा है भारत में आने वाले कानूनों के तहत हमें आपकी उम्र पूछनी पड़ रही है। इस परीक्षण पर कंपनी और सरकार ने स्थिति साफ की है।
विज्ञापन
- वैकल्पिक टेस्ट: व्हाट्सएप ने स्पष्ट किया है कि यह टेस्ट पूरी तरह से ऑप्शनल है। प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल जारी रखने के लिए यूजर्स को अपनी उम्र कंफर्म करना अनिवार्य नहीं है।
- प्राइवेसी की सुरक्षा: कंपनी ने भरोसा दिया है कि यूजर्स की उम्र की जानकारी पूरी तरह प्राइवेट रहेगी और प्लेटफॉर्म पर किसी अन्य के साथ शेयर नहीं की जाएगी।
- व्हाट्सएप के प्रवक्ता का बयान: प्रवक्ता ने बताया कि भारत में आने वाले कानूनों, जैसे कि DPDP एक्ट, का पालन करने के लिए हम लोगों की उम्र कंफर्म करने के ऐसे तरीकों की टेस्टिंग कर रहे हैं जो प्राइवेसी की सुरक्षा करते हैं। इससे व्हाट्सएप के काम करने के तरीके या आपके अनुभव में कोई बदलाव नहीं आएगा।
- IT सेक्रेटरी का रुख: IT सेक्रेटरी एस कृष्णन ने कहा कि यह कदम DPDP एक्ट के संदर्भ में हो सकता है, जिसमें उम्र से जुड़े कड़े प्रावधान हैं। उन्होंने कहा कि डेडलाइन नजदीक आने के कारण इस विषय पर कंपनियों से बातचीत की जाएगी।
DPDP एक्ट और बच्चों के डेटा से जुड़े कड़े नियम
डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन एक्ट डिजिटल पर्सनल डेटा की प्रोसेसिंग को रेगुलेट करता है। यह आम नागरिकों के डेटा प्राइवेसी अधिकारों और कानूनी जरूरतों के बीच संतुलन बनाता है।
- अभिभावक की सहमति: नियम लागू होने पर प्लेटफॉर्म्स को 18 साल से कम उम्र के बच्चों का कोई भी पर्सनल डेटा प्रोसेस करने से पहले उनके माता-पिता या कानूनी अभिभावक से वेरिफिएबल सहमति लेनी होगी।
- ट्रैकिंग व विज्ञापनों पर रोक: प्लेटफॉर्म्स को ऐसी गतिविधियों की सख्त मनाही है जिससे बच्चों को नुकसान पहुंचे। बच्चों के व्यवहार की निगरानी और उन्हें टारगेटेड विज्ञापन दिखाने पर पूरी तरह रोक रहेगी।
- भारी जुर्माना: नियमों के उल्लंघन पर भारी आर्थिक दंड का प्रावधान है। भले ही वेरिफिएबल सहमति से जुड़ा नियम 10 मई 2027 में पूरी तरह लागू होना है, लेकिन कंपनियां अपने सिस्टम को पहले से तैयार करने के लिए डेटा जुटाना शुरू कर सकती हैं।
यूजरनेम फीचर पर क्यों बढ़ा विवाद और सरकार का नोटिस?
व्हाट्सएप का प्रस्तावित यूजरनेम फीचर यूजर्स को फोन नंबर शेयर किए बिना एक-दूसरे से कनेक्ट होने की सुविधा देता है। हालांकि, सरकार ने इस फीचर पर गंभीर सुरक्षा चिंताएं जताई हैं:
- साइबर क्राइम का खतरा: सरकार ने नोटिस भेजकर चिंता जताई है कि बिना फोन नंबर वाले यूजरनेम फीचर से ऑनलाइन धोखाधड़ी, फिशिंग, डिजिटल अरेस्ट स्कैम और किसी और का रूप धरकर किए जाने वाले हमलों का बढ़ावा दे सकता है।
- ड्यू डिलिजेंस की जिम्मेदारी: आईटी मंत्रालय ने मेटा को याद दिलाया कि एक प्रमुख सोशल मीडिया इंटरमीडियरी होने के नाते व्हाट्सएप आईटी एक्ट और नियमों के तहत जरूरी सावधानी बरतने के दायित्व से बंधा हुआ है।
- रोलआउट पर रोक: सरकार के निर्देश के बाद व्हाट्सएप ने जवाब दिया है कि जब तक सरकार की संतुष्टि के मुताबिक बातचीत पूरी नहीं हो जाती, तब तक वह भारत में इस फीचर को लॉन्च नहीं करेगा।
- टेलीग्राम और सिग्नल को भी नोटिस: आईटी सेक्रेटरी एस कृष्णन ने साफ कहा है कि यह मुद्दा सिर्फ व्हाट्सएप तक सीमित नहीं है। IT मंत्रालय ने टेलीग्राम और सिग्नल को भी उनके मौजूदा यूजरनेम फीचर्स पर नोटिस भेजकर पूछा है कि वे धोखाधड़ी और इम्पर्सोनेशन के जोखिमों से कैसे निपट रहे हैं।
- भारत में व्हाट्सएप के लगभग 50 करोड़ यूजर्स हैं, जिससे यह देश कंपनी के लिए दुनिया का सबसे बड़ा और अहम बाजार बन जाता है। सरकार सभी मैसेजिंग प्लेटफॉर्म्स के फीडबैक की समीक्षा करने के बाद ही इस पर अंतिम फैसला लेगी।