जानना जरूरी: मौसम विभाग के येलो, रेड और ऑरेंज अलर्ट का क्या होता है मतलब? जानिए यहां
मौसम खराब होने पर भारतीय मौसम विभाग अलग-अलग रंगों के अलर्ट जारी करता है, जिनका सीधा संबंध लोगों की सुरक्षा से होता है। येलो, ऑरेंज और रेड अलर्ट का क्या मतलब होता है आइए जानते हैं इसके बारे में -
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विस्तार
भारत में बदलते मौसम के बीच भारतीय मौसम विभाग (IMD) की ओर से जारी किए जाने वाले येलो, ऑरेंज और रेड अलर्ट काफी अहम चेतावनी होते हैं। मानसून, आंधी, भारी बारिश, हीटवेव, ठंड या तूफान जैसी परिस्थितियों में मौसम विभाग अलग-अलग रंगों की चेतावनी जारी करके लोगों को सतर्क करने का काम करता है। मौसम विभाग द्वारा जारी किए जाने वाले इन अलर्ट का उद्देश्य केवल मौसम की जानकारी देना नहीं होता है बल्कि इसका काम संभावित खतरे से पहले लोगों और प्रशासन दोनों को तैयार करना भी होता है। ऐसे में आपको यह जानना जरूरी है कि आखिर IMD द्वारा जारी किए जाने वाले येलो, ऑरेंज और रेड अलर्ट का मतलब क्या होता है?
येलो अलर्ट
येलो अलर्ट को शुरुआती चेतावनी के रूप में देखा जाता है। इसका मतलब होता है कि मौसम अचानक बदल सकता है और लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। इस स्थिति में तेज बारिश, बिजली गिरने, धूल भरी आंधी या तापमान में तेजी से बदलाव देखने को मिल सकता है।
ऑरेंज अलर्ट
ऑरेंज अलर्ट में खराब मौसम का असर स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगता है। भारी वर्षा, तेज हवाएं, जलभराव, हीटवेव या ठंड की तीव्र लहर जैसी परिस्थितियों में इस चेतावनी को जारी किया जाता है। इस दौरान प्रशासनिक विभागों को अलर्ट मोड पर रखा जाता है और नागरिकों को अनावश्यक यात्रा करने, सुरक्षित स्थानों पर रहने और आधिकारिक सलाह का पालन करने की सलाह दी जाती है।
रेड अलर्ट
रेड अलर्ट गंभीर मौसम चेतावनी होती है। इसे तब जारी किया जाता है जब प्राकृतिक परिस्थितियां बड़े खतरे का संकेत देने लगती हैं। अत्यधिक बारिश, बाढ़, चक्रवात, लू या भीषण ठंड जैसी स्थितियों में मौसम विभाग रेड अलर्ट जारी करता है। रेड अलर्ट को बिल्कुल भी हल्के में नहीं लेना चाहिए। यह सीधे सुरक्षा और जनजीवन से जुड़ा होता है।
जलवायु परिवर्तन की वजह से मौसमी घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। ऐसी स्थिति में IMD द्वारा जारी अलर्ट केवल औपचारिक सूचना भर नहीं हैं बल्कि ये सुरक्षा का महत्वपूर्ण माध्यम बन चुके हैं। लोगों को चाहिए कि वे टीवी, रेडियो, मोबाइल एप और आधिकारिक मौसम अपडेट पर नजर रखें। समय रहते सतर्कता बरतने से बड़ी दुर्घटना को रोका जा सकता है।