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Rishikesh News: लिव-इन पार्टनर पर चाकू से जानलेवा हमले के आरोपी की जमानत खारिज

Thu, 06 Aug 2026 06:15 PM IST
देहरादून ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश Updated Thu, 06 Aug 2026 06:15 PM IST
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Bail denied to man accused of life-threatening knife attack on live-in partner
-एडीजे बोले, गर्दन पर गंभीर वार, रिहा होने पर गवाहों को कर सकता है प्रभावित
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ऋषिकेश। लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही महिला पर कथित रूप से चाकू से जानलेवा हमला करने के आरोपी हिमांशु तोमर को अदालत से राहत नहीं मिली है। प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश कंवर अमनिन्दर सिंह की अदालत ने मामले की गंभीरता और पीड़िता को आई गंभीर चोटों को देखते हुए आरोपी की जमानत अर्जी खारिज कर दी।

रायवाला पुलिस ने बीते 17 मई को हिमांशु तोमर को गिरफ्तार किया था। हिमांशु पर उसके साथ लिव इन रिलेशन में रह रही महिला पर चाकू से जानलेवा हमला करने का आरोप है। जिसमे महिला गंभीर रूप से घायल हो गई थी। आरोपी हिमांशु ने जमानत के लिए प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश कंवर अमनिंदर सिंह की अदालत में प्रार्थना पत्र दायर किया था। जमानत का विरोध करते हुए अभियोजन पक्ष ने न्यायालय को बताया कि आरोपी और पीड़िता पिछले करीब तीन वर्षों से लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे थे और उनके रिश्ते से दो बेटियां भी हैं। 10 मई की रात करीब 11 बजे जब पीड़िता काम से घर लौट रही थी और उसे शिवा नाम का युवक छोड़ने आया था तभी हिमांशु ने रास्ते में उसे रोक लिया। आरोपी उसे खींचकर गली में ले गया और सब्जी काटने वाले चाकू से सिर व गर्दन के दोनों तरफ कई वार किए। बचाव के दौरान पीड़िता के हाथ में भी चोट लगी और वह गंभीर रूप से घायल होकर बेहोश हो गई। ऐसे गंभीर मामले में उसे जमानत नहीं दी जानी चाहिए। वहीं बचाव पक्ष ने कहा कि उसे झूठा फंसाया गया है उसने कोई जानलेवा हमला नहीं किया और उसका कोई आपराधिक इतिहास भी नहीं है। कहा कि वह जमानत की सभी शर्तों का पालन करेगा और हर तारीख पर अदालत में उपस्थित रहेगा। न्यायालय ने अपने आदेश में कहा कि पीड़िता के शरीर के अत्यंत संवेदनशील हिस्से यानी गर्दन पर गंभीर चोटें आई हैं। ऐसे में इस स्तर पर आरोपी को जमानत पर रिहा करना उचित नहीं होगा, क्योंकि उसके बाहर आने पर पीड़िता और अन्य गवाहों के प्रभावित होने की आशंका से इन्कार नहीं किया जा सकता।
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