Hindi News
›
Video
›
India News
›
Delhi Pollution: AQI reaches 'severe' category for the first time in 11 months, health advisory issued.
{"_id":"6914029260fdaa3f26052fda","slug":"delhi-pollution-aqi-reaches-severe-category-for-the-first-time-in-11-months-health-advisory-issued-2025-11-12","type":"video","status":"publish","title_hn":"Delhi Pollution: 11 महीने में पहली बार 'गंभीर' श्रेणी में पहुंचा AQI, हेल्थ एजवाइजरी जारी।","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Delhi Pollution: 11 महीने में पहली बार 'गंभीर' श्रेणी में पहुंचा AQI, हेल्थ एजवाइजरी जारी।
वीडियो डेस्क, अमर उजाला डॉट कॉम Published by: अभिलाषा पाठक Updated Wed, 12 Nov 2025 09:14 AM IST
सांसों का संकट फिर से लौटने के बाद केंद्र सरकार ने स्वास्थ्य दिशानिर्देश जारी किए। केंद्र ने वायु प्रदूषण के चलते बच्चे, गर्भवती महिलाएं व बुजुर्गों को उच्च जोखिम की श्रेणी में रखते हुए प्रदूषित क्षेत्रों के प्रत्येक सरकारी अस्पताल में चेस्ट क्लिनिक शुरू करने का आदेश जारी किया। राज्यों से त्वरित कार्रवाई के निर्देश देते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने उत्तर भारत के सभी राज्यों को 33 पन्नों के दिशा-निर्देश जारी किए।इसमें स्वास्थ्य तंत्र को अलर्ट करते हुए कहा है कि प्रदूषण से होने वाले श्वसन और हृदय रोगों के मामलों में बढ़ोतरी होती है। इसलिए अस्पतालों को विशेष तैयारी रखनी चाहिए। केंद्रीय सचिव पुण्य सलिला श्रीवास्तव ने मुख्य सचिवों को लिखे पत्र में कहा है कि वायु गुणवत्ता लगातार खराब हो रही है जो जन स्वास्थ्य के लिए गंभीर चुनौती बन चुकी है। हमें मिलकर एक स्वस्थ व स्वच्छ वातावरण बनाने की दिशा में काम करना होगा। चेस्ट क्लिनिक में प्रदूषण से प्रभावित रोगियों को किस तरह रिपोर्ट करना है और उनकी परेशानी का प्रबंधन कैसे करना है?
इसके लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने दिशानिर्देश में एक फॉर्मेट भी साझा किया है, जिसे प्रतिदिन अस्पताल से जिला और फिर वहां से दिल्ली तक भेजना अनिवार्य है। केंद्र ने राज्यों से पांचवीं कक्षा तक के बच्चों को ऑनलाइन पढ़ाई करने के साथ साथ निर्माण स्थलों पर भी ध्यान देने के लिए कहा है। केंद्र ने कहा है कि इन स्थलों पर धूल नियंत्रण के लिए पानी का छिड़काव, सामग्री को ढक कर रखना और मजदूरों को किट और मास्क उपलब्ध कराना अनिवार्य है। निर्माण कार्य में लगे श्रमिकों की नियमित स्वास्थ्य जांच और प्रशिक्षण भी अनिवार्य है।केंद्रीय सचिव ने पत्र में राज्यों से कहा है कि वे अपने राज्य और जिला टास्क फोर्स को तत्काल सक्रिय करते हुए पर्यावरण, परिवहन, नगर विकास, महिला एवं बाल विकास और श्रम विभागों के साथ समन्वय बढ़ाएं। साथ ही दिल्ली-एनसीआर में पहले से लागू ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रेप) का सख्ती से पालन कराएं। मंत्रालय ने कहा है कि वायु प्रदूषण सिर्फ सांस की बीमारी नहीं, बल्कि दिल, दिमाग और तंत्रिका तंत्र को भी प्रभावित करता है। सुबह और देर शाम बाहर घूमने, दौड़ने, सैर व शारीरिक व्यायाम से बचें। सुबह और देर शाम के समय बाहरी दरवाजे और खिड़कियां ना खोलें।जान लें कि दिल्ली में हवा की गुणवत्ता के गंभीर कैटेगरी में पहुंचने के पीछे मौसम की स्थिर स्थिति और स्थानीय उत्सर्जन माना जा रहा है। ध्यान रहे कि इस साल ये पहली बार है जब दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स "गंभीर" श्रेणी में पहुंचा है। CPCB के आंकड़ों के मुताबिक, पिछली बार दिसंबर 2024 में दिल्ली की वायु गुणवत्ता इतनी खराब हुई थी।
''गंभीर'' कैटेगरी में AQI कितना खतरनाक?
गौरतलब है कि AQI का 401 और 500 के बीच होना "गंभीर" कैटेगरी में माना जाता है। यह स्वस्थ व्यक्तियों की सेहत को भी प्रभावित कर सकता है। इसके अवाला, यह पहले से बीमार लोगों में गंभीर श्वास संबंधी समस्याएं पैदा कर सकता है।बिगड़ती वायु गुणवत्ता के क्या हैं नुकसान? बता दें कि दिल्ली की बिगड़ती एयर क्वालिटी ने हेल्थ एक्सपर्ट्स को को प्रदूषित हवा के लगातार संपर्क में रहने के दूरगामी स्वास्थ्य परिणामों को लेकर चिंतित किया है। वायु प्रदूषण से कैंसर के बढ़ते खतरे, शरीर की प्रतिरोधक क्षमता के कम होने और श्वसन संबंधी बीमारियों से स्वास्थ्य विशेषज्ञ परेशान हैं। ‘स्टेट ऑफ ग्लोबल एयर 2025’ रिपोर्ट के मुताबिक, भारत में 2023 में जहरीली हवा के कारण 20 लाख से ज्यादा मौतें हुईं।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
$video_url='';
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।