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भारत में इतना महंगा क्यों है नया फोल्डेबल iPhone Duo,आगे होगा सस्ता?
वीडियो डेस्क अमर उजाला डॉट कॉम
Published by: Bhaskar Tiwari
Updated Sat, 12 Sep 2026 05:00 AM IST
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Apple ने अपना पहला फोल्डेबल iPhone Duo भारत में लॉन्च कर दिया है और इसकी कीमत ने टेक यूजर्स का ध्यान खींचा है। भारत में iPhone Duo की शुरुआती कीमत 2,99,900 रुपये रखी गई है, जो 256GB स्टोरेज वाले मॉडल की कीमत है। वहीं, 2TB स्टोरेज वाले टॉप मॉडल की कीमत 4,49,900 रुपये तक जाती है। इसकी तुलना अगर अमेरिका से की जाए तो वहां iPhone Duo की शुरुआती कीमत 1,999 डॉलर है, जो भारतीय मुद्रा में लगभग 1.90 लाख रुपये के बराबर बैठती है। इस आधार पर पहली नजर में ऐसा लगता है कि भारत में iPhone Duo अमेरिका की तुलना में करीब 58 फीसदी महंगा है। हालांकि, केवल दोनों देशों की लिस्ट प्राइस की तुलना करने से वास्तविक कीमत का पूरा अंतर सामने नहीं आता, क्योंकि दोनों देशों में टैक्स और आयात से जुड़ी लागत की व्यवस्था अलग है।
भारत और अमेरिका में iPhone Duo की कीमत समझने के लिए सबसे पहले टैक्स को ध्यान में रखना जरूरी है। अमेरिका में Apple की बताई गई 1,999 डॉलर की कीमत में सेल्स टैक्स शामिल नहीं होता। अमेरिका में सेल्स टैक्स राज्य और स्थानीय क्षेत्र के हिसाब से अलग-अलग होता है और मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार यह लगभग 6 से 10 फीसदी तक हो सकता है। ऐसे में किसी राज्य में टैक्स जोड़ने के बाद 1,999 डॉलर वाले iPhone Duo की वास्तविक खरीद कीमत करीब 2,200 डॉलर तक पहुंच सकती है। इसके विपरीत भारत में घोषित 2,99,900 रुपये की कीमत में 18 फीसदी GST पहले से शामिल है। यानी भारतीय ग्राहक को लिस्ट प्राइस के ऊपर अलग से 18 फीसदी GST जोड़ने की जरूरत नहीं होती।
इसके अलावा भारत में किसी प्रीमियम स्मार्टफोन की कीमत तय होने में आयात लागत, लॉजिस्टिक्स, कस्टम से जुड़े खर्च, वितरण और अन्य कारोबारी लागत भी भूमिका निभाती हैं। फोल्डेबल iPhone जैसी नई और हाई-एंड तकनीक वाले डिवाइस के निर्माण और सप्लाई की लागत सामान्य iPhone मॉडल की तुलना में अधिक हो सकती है। इसकी जटिल स्क्रीन, हिंज मैकेनिज्म और कॉम्पैक्ट डिजाइन जैसी तकनीकी खूबियां भी कीमत बढ़ाने वाले कारकों में शामिल हो सकती हैं। भारत में Apple की प्रीमियम डिवाइसों की कीमत में इन सभी लागतों के साथ टैक्स का असर भी दिखाई देता है।
अब सवाल यह है कि क्या iPhone Duo भविष्य में भारत में सस्ता हो सकता है? इसकी संभावना पूरी तरह से Apple की कीमत रणनीति, बिक्री, मांग, उत्पादन लागत और बाजार में प्रतिस्पर्धा पर निर्भर करेगी। समय के साथ पुराने मॉडल पर डिस्काउंट, बैंक ऑफर या रिटेलर की प्रमोशनल कीमतें देखने को मिल सकती हैं। हालांकि, Apple की आधिकारिक लिस्ट प्राइस में बड़ी कटौती कब होगी, यह अभी निश्चित नहीं कहा जा सकता। इसलिए फिलहाल iPhone Duo की भारतीय कीमत अमेरिका की तुलना में काफी ज्यादा दिखाई देती है, लेकिन टैक्स और अन्य लागतों को शामिल करने के बाद वास्तविक अंतर शुरुआती तुलना से कम हो जाता है।
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