{"_id":"6a7d3f63088d7614ea065300","slug":"colombia-whispers-from-rubble-saved-a-6-month-old-infant-mother-rescued-from-death-on-her-son-s-birthday-2026-08-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोलंबिया: मलबे से आई फुसफुसाहट ने बचाई छह महीने के मासूम की जान; बेटे के जन्मदिन पर काल के मुंह से बाहर आई मां","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
कोलंबिया: मलबे से आई फुसफुसाहट ने बचाई छह महीने के मासूम की जान; बेटे के जन्मदिन पर काल के मुंह से बाहर आई मां
Thu, 13 Aug 2026 09:26 AM IST
Pavan
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, पेरेरा
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, पेरेरा
Published by: Pavan
Updated Thu, 13 Aug 2026 09:26 AM IST
सार
कोलंबिया में 7.4 तीव्रता के भूकंप के तीसरे दिन मलबे से छह महीने के बच्चे और एक व्यक्ति को सुरक्षित बचाया गया। कैली में स्वयंसेवकों ने धीमी आवाज सुनकर हाथों से मलबा हटाया। वहीं डेनियला नाम की महिला 38 घंटे तक मलबे में फंसी रहने के बाद बचाई गईं। भूकंप में 200 से अधिक लोगों की मौत हुई है।
विज्ञापन
कोलंबिया में भूकंप की त्रासदी
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कोलंबिया में सोमवार को आए 7.4 तीव्रता के भीषण भूकंप के तीसरे दिन एक चमत्कारी घटना सामने आई है। कैली शहर के ला टोरेस डेल लिमोनार आवासीय परिसर में ढही पांच मंजिला इमारत के मलबे के ढेर से छह महीने के मासूम बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। मलबे के भीतर से आई बेहद धीमी फुसफुसाहट ने जान बचाई।
यह भी पढ़ें- West Asia: क्या पश्चिम एशिया में फिर बिगड़ेंगे हालात? लाल सागर में हूती लड़ाकों ने सऊदी जहाजों को बनाया निशाना
सोमवार को आए इस शक्तिशाली भूकंप के बाद जब ब्रायन ओसोरियो जुलुगा अपने ऑफिस से बाइक पर सवाल होकर घर लौट रहे थे तो वो रास्ते में मलबे में तब्दील हो चुकी इमारत देखकर रुक गए। गैस लीक की चेतावनी के बावजूद वह मलबे के पास पहुंचे और लोगों से खामोश रहने के लिए कहा। तभी मलबे के नीचे से एक शख्स की क्षीण आवाज गूंजी। हां! मैं यहां हूं। मेरे साथ एक बच्चा है।
विज्ञापन
इसके बाद ब्रायन और अन्य स्थानीय स्वयंसेवकों ने अपने हाथों से मलबा हटाना शुरू किया। रास्ते में एक भारी कंक्रीट का स्लैब रुकावट बना, जिसे सबने मिलकर एक साथ उठाया। जैसे ही मलबा हटा, बच्चे की सांसें सामान्य होने लगीं। एक पुलिसकर्मी की मदद से बच्चे को तुरंत एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया। आधे दबे हुए उस व्यक्ति को भी सुरक्षित बचा लिया गया। पश्चिमी कोलंबिया में आए इस विनाशकारी भूकंप में अब तक 200 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। मलबे में तब्दील हुई इस इमारत के पास लोगों का यह साझा प्रयास इंसानियत की मिसाल बन गया।
यह भी पढ़ें- 'सबसे भरोसेमंद सहयोगियों में से एक': व्हाइट हाउस प्रेस सचिव लेविट की विदाई पर बोले ट्रंप; क्या होगी नई भूमिका?
वहीं, रियोसुसियो शहर के रहने वाले जूलियो सीजर लार्गो की 32 वर्षीय बेटी डेनियला चमत्कारिक रूप से बच गईं। घटना के दिन उनके बेटे का 12वां जन्मदिन था और परिवार जश्न की तैयारी कर रहा था। डेनियला परेरा शहर में एक चार मंजिला इमारत के ढहने से मलबे में फंस गई थीं और 38 घंटे तक दबी रहीं। रेस्क्यू टीम ने 10 घंटे के कड़े संघर्ष के बाद उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला। अस्पताल ले जाते समय लोगों ने तालियां बजाकर खुशी मनाई। पिता ने इसे अपनी बेटी के दोबारा जन्म जैसा बताया है।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें- West Asia: क्या पश्चिम एशिया में फिर बिगड़ेंगे हालात? लाल सागर में हूती लड़ाकों ने सऊदी जहाजों को बनाया निशाना
विज्ञापन
सोमवार को आए इस शक्तिशाली भूकंप के बाद जब ब्रायन ओसोरियो जुलुगा अपने ऑफिस से बाइक पर सवाल होकर घर लौट रहे थे तो वो रास्ते में मलबे में तब्दील हो चुकी इमारत देखकर रुक गए। गैस लीक की चेतावनी के बावजूद वह मलबे के पास पहुंचे और लोगों से खामोश रहने के लिए कहा। तभी मलबे के नीचे से एक शख्स की क्षीण आवाज गूंजी। हां! मैं यहां हूं। मेरे साथ एक बच्चा है।
विज्ञापन
इसके बाद ब्रायन और अन्य स्थानीय स्वयंसेवकों ने अपने हाथों से मलबा हटाना शुरू किया। रास्ते में एक भारी कंक्रीट का स्लैब रुकावट बना, जिसे सबने मिलकर एक साथ उठाया। जैसे ही मलबा हटा, बच्चे की सांसें सामान्य होने लगीं। एक पुलिसकर्मी की मदद से बच्चे को तुरंत एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया। आधे दबे हुए उस व्यक्ति को भी सुरक्षित बचा लिया गया। पश्चिमी कोलंबिया में आए इस विनाशकारी भूकंप में अब तक 200 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। मलबे में तब्दील हुई इस इमारत के पास लोगों का यह साझा प्रयास इंसानियत की मिसाल बन गया।
यह भी पढ़ें- 'सबसे भरोसेमंद सहयोगियों में से एक': व्हाइट हाउस प्रेस सचिव लेविट की विदाई पर बोले ट्रंप; क्या होगी नई भूमिका?
वहीं, रियोसुसियो शहर के रहने वाले जूलियो सीजर लार्गो की 32 वर्षीय बेटी डेनियला चमत्कारिक रूप से बच गईं। घटना के दिन उनके बेटे का 12वां जन्मदिन था और परिवार जश्न की तैयारी कर रहा था। डेनियला परेरा शहर में एक चार मंजिला इमारत के ढहने से मलबे में फंस गई थीं और 38 घंटे तक दबी रहीं। रेस्क्यू टीम ने 10 घंटे के कड़े संघर्ष के बाद उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला। अस्पताल ले जाते समय लोगों ने तालियां बजाकर खुशी मनाई। पिता ने इसे अपनी बेटी के दोबारा जन्म जैसा बताया है।