सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Irans top prosecutor denies donald Trumps claim that Tehran halted execution of 800 prisoners

Iran Vs US: फिर झूठे साबित हुए ट्रंप, फर्जी निकला दावा! ईरान के शीर्ष अभियोजक बोले- किसी की फांसी नहीं रोकी

वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, अबू धाबी Published by: हिमांशु चंदेल Updated Fri, 23 Jan 2026 03:22 PM IST
विज्ञापन
सार

Iran Top Prosecutor Statement: ईरान में 800 लोगों की फांसी रुकवाने के ट्रंप के दावे को ईरान के शीर्ष अभियोजक ने झूठा बताया है। न्यायपालिका ने कहा कि ऐसा कोई फैसला हुआ ही नहीं। देशव्यापी प्रदर्शनों में हजारों मौतों और गिरफ्तारियों के बीच अमेरिका और ईरान के रिश्ते और तनावपूर्ण हो गए हैं। आइए इस पूरे मामले को विस्तार से जानते हैं।

Irans top prosecutor denies donald Trumps claim that Tehran halted execution of 800 prisoners
डोनाल्ड ट्रंप, अमेरिका के राष्ट्रपति - फोटो : ट्रुथ सोशल@realDonaldTrump
विज्ञापन

विस्तार
Follow Us

एक बार फिर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बड़ा दावा झूठा साबित हुआ है। ईरान में देशव्यापी प्रदर्शनों के बाद 800 लोगों की फांसी रुकवाने के ट्रंप के दावे को ईरान के शीर्ष अभियोजक ने सिरे से खारिज कर दिया है। ईरान की न्यायपालिका ने इसे पूरी तरह फर्जी और भ्रामक बताया है।

Trending Videos


ईरान की न्यायिक समाचार एजेंसी मीजान के मुताबिक शीर्ष अभियोजक मोहम्मद मोवाहेदी ने साफ कहा कि न तो 800 लोगों की फांसी का कोई फैसला हुआ और न ही किसी बाहरी हस्तक्षेप से ऐसा कुछ रोका गया। उन्होंने कहा कि ट्रंप का बयान पूरी तरह झूठा है और इसका हकीकत से कोई लेना-देना नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन


अभियोजक मोवाहेदी ने क्या कहा?

  • न्यायपालिका के पास 800 लोगों से जुड़ा कोई आधिकारिक आंकड़ा मौजूद नहीं है।
  • ट्रंप द्वारा बताए गए आंकड़े का कोई रिकॉर्ड न्यायिक प्रणाली में नहीं है।
  • 800 लोगों की कोई सूची तैयार नहीं की गई है।
  • सामूहिक फांसी से जुड़ा कोई आदेश जारी नहीं हुआ है।
  • फांसी रोकने जैसा कोई फैसला न्यायपालिका ने नहीं लिया है।
  • ट्रंप का दावा पूरी तरह झूठा और भ्रामक है।
  • कुछ गिरफ्तार लोगों पर मौत की सजा से जुड़े आरोप जरूर लगाए गए हैं।
  • इन मामलों पर फैसला कानूनी प्रक्रिया के तहत ही होगा।

प्रदर्शनों में भारी जानमाल का नुकसान
ईरान में चल रहे प्रदर्शनों के दौरान हालात बेहद हिंसक रहे हैं। मानवाधिकार संगठनों के अनुसार अब तक 5,000 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। इनमें बड़ी संख्या प्रदर्शनकारियों की है। हजारों लोग घायल हुए हैं और करीब 26,800 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया है। सरकार ने अपनी ओर से कम आंकड़े बताए हैं, लेकिन पहले भी ईरान पर मौतों की संख्या कम दिखाने के आरोप लगते रहे हैं।

सैन्य तनाव और अमेरिकी चेतावनी
ट्रंप ने सामूहिक फांसी और शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों की हत्या को 'रेड लाइन' बताते हुए ईरान को चेतावनी दी है। इसी बीच अमेरिका ने मध्य पूर्व की ओर अपने युद्धपोत बढ़ा दिए हैं। ट्रंप का कहना है कि यह कदम एहतियात के तौर पर उठाया गया है। हालांकि विश्लेषकों का मानना है कि बयानबाजी के बावजूद हालात बेहद संवेदनशील बने हुए हैं और किसी भी वक्त तनाव और बढ़ सकता है। 


अन्य वीडियो-



 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article