Britain: कोविड की तैयारियों पर सार्वजनिक जांच जनता के लिए खुली, हर पीड़ित सबूतों के साथ बताएगा अपनी कहानी
ब्रिटेन में कोविड महामारी की तैयारियों और उससे निपटने के लिए सरकार के कदमों की सार्वजनिक जांच ने मंगलवार को लंदन में सुनवाई शुरू की। महामारी के दौरान अपने प्रियजनों को खोने वाले लोग जांच टीम को सबूतों के साथ अपनी कहानी बताएंगे।
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कोविड-19 महामारी के दौरान सरकार की तैयारियों पर सार्वजनिक जांच मंगलवार को लंदन में जनता की सुनवाई के लिए खोली गई। पिछले साल तत्कालीन प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने स्वतंत्र जांच बैठाई थी। कुछ सरकारी दस्तावेजों और संदेशों तक पहुंच को लेकर जब विवाद हुआ तो पहली बार सबूतों की सुनवाई शुरू की गई थी।
जांच की अध्यक्षता बैरोनेस हीथर हैलेट कर रही हैं, जिन्होंने एक टाइम टेबल प्रकाशित किया है। इसमें कहा गया है कि मॉड्यूल 1 के पहले चरण के दौरान छह सप्ताह की योजना है, जो 20 जुलाई तक चलेगी। बैरोनेस हैलेट ने एक बयान में कहा, "मैंने कई बार वादा किया है कि जिन लोगों ने कठिनाई और नुकसान का सामना किया है, वे हमेशा जांच के केंद्र में रहेंगे, और मैंने उस वादे को पूरा करने के लिए समय, संसाधनों और अपने संदर्भ की शर्तों की सीमाओं के भीतर अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया है।"
डोरलैंड हाउस जांच मुख्यालय के बाहर एकत्र हुए परिवारों के छोटे समूह को संबोधित करते हुए हाउस ऑफ लॉर्ड्स (संसद का ऊपरी सदन) की सदस्य पीयर ने कहा कि वह महामारी से संबंधित तीन प्रमुख सवालों के जवाब देना चाहती थीं कि क्या देश (कोविड-19 से निपटने के लिए) ठीक से तैयार था; प्रतिक्रिया उचित थी; क्या हम भविष्य के लिए सबक सीख सकते हैं?
उन्होंने इस महीने की शुरुआत में सबूत के लिए अपने आह्वान में कहा था कि महामारी ने ब्रिटेन में सभी को प्रभावित किया है और और जीवन के कई माममलों पर इसका स्थायी प्रभाव जारी है। हर किसी का अपना अनुभव है। उन्होंने आगे कहा कि आप अपने और अपने प्रियजनों पर हुए महामारी के प्रभावों को साझा कर जांच की कानूनी टीम की मदद कर सकते हैं, ताकि ब्रिटेन भविष्य के बेहतर तरीकों के लिए तैयार हो सके।उन्होंने कहा, महामारी अभूतपूर्व थी, हर किसी की अपनी कहानी है, इसलिए आप अपनी कहानी को सकाझा करके पूरी तस्वीर को समझने में मेरी मदद करें हर एक कहानी मायने रखेगी।
जांच टीम ने 'एवरी स्टोरी मैटर्स' पहल के तहत लोगों से महामारी के मानवीय प्रभाव के बारे में सबूत प्रदान करने और अपनी कहानियों को साझा करने के लिए कहा है। इसने कहा कि यह (पहल) महामारी से प्रभावित लोगों को सबूत देने या सार्वजनिक सुनवाई में भाग लेने की औपचारिकता के बिना अपने अनुभव साझा करने का मौका प्रदान करती है। इसमें आगे कहा गया है कि इसके ऑनलाइन और ऑफलाइन विकल्प लोगों के लिए अपने अनुभव साझा करने के लिए खुले हैं।
लर्निंग डिसएबिलिटी चैरिटी मेनकैप के अभियान अधिकारी विजय पटेल ने कहा, "मुझे उम्मीद है कि कई लोग 'एवरी स्टोरी मैटर्स' में भाग लेंगे। इससे जांच टीम हमारी आवाज सुन सकेगी। मैनकैप 'एवरी स्टोरी मैटर्स' को यथासंभव सुलभ बनाने के लिए जांच टीम के साथ काम कर रही है। जनता के लिए खुलने वाली सुनवाई यूट्यूब पर उपलब्ध होगी और जांच टीम प्रत्येक कार्य दिवस के अंत में सुनवाई का एक प्रतिलेख (ट्रांसक्रिप्ट) भी प्रकाशित करेगी।" मृत्यु प्रमाण पत्रों के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, ब्रिटेन में 227,321 मौतें हुई हैं।