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US-Russia Tension: ‘पुतिन के नेतृत्व को सीधे चुनौती देते देखना नई बात’, वैगनर विद्रोह पर अमेरिका का बड़ा बयान

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाशिंगटन Published by: काव्या मिश्रा Updated Tue, 27 Jun 2023 08:50 AM IST
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सार

रूस में डेढ़ दिन चला विद्रोह खत्म हो गया है। यह बगावत रूस की निजी सेना वैगनर ने की थी। वैगनर समूह के प्रमुख येवगेनी प्रिगोझिन ने सैनिकों को अपना मार्च रोकने का आदेश दिया है। विदेश विभाग के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने इन्हीं सब विषयों पर बात की।

Wagner rebellion: US says  It's a new thing to see Putin's leadership directly challenged
मैथ्यू मिलर, प्रवक्ता, अमेरिकी विदेश विभाग। - फोटो : ANI
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विस्तार

अमेरिकी विदेश विभाग ने सोमवार को रूस में चल रहे विद्रोह पर बात की। उसने कहा कि रूसी राष्ट्रपति पुतिन के नेतृत्व को सीधे चुनौती देते देखना निश्चित रूप से एक नई बात है। साथ ही अमेरिका ने यह भी साफ कर दिया है कि उसके पास वैगनर समूह के प्रमुख येवगेनी प्रिगोझिन के ठिकानों के बारे में कोई आकलन नहीं है। 

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विदेश विभाग के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने यूक्रेन और वैगनर समूह को लेकर पत्रकारों से बात की। उन्होंने कहा कि रूसी राष्ट्रपति पुतिन के नेतृत्व को सीधे चुनौती देते देखना निश्चित रूप से एक नई बात है। इतना ही नहीं, उनके अपने येवगेनी प्रिगोझिन द्वारा रूस-यूक्रेन युद्ध के औचित्य पर सीधे सवाल उठाते देखना भी एक नई बात है। बता दें, वैगनर ने कहा था कि युद्ध झूठ के आधार पर आयोजित किया गया है।

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मिलर ने कहा कि हम पहले ही उसके झूठ को लेकर बात कर चुके है। हालांकि, रूस के अधिकारियों ने अभी तक इस पर कुछ नहीं कहा है। उन्होंने कहा कि रूस में हुआ विद्रोह अब खत्म हो चुका है, लेकिन वहां स्थिति अभी सही नहीं है।  

गौरतलब है, रूस में डेढ़ दिन चला विद्रोह खत्म हो गया है। यह बगावत रूस की निजी सेना वैगनर ने की थी। वैगनर समूह के प्रमुख येवगेनी प्रिगोझिन ने अपने सैनिकों को मॉस्को तक अपना मार्च रोकने और यूक्रेन में अपने फील्ड शिविरों में लौटने का आदेश दिया है। प्रिगोझिन बेलारूस के लिए रवाना होगा। क्रेमलिन ने कहा कि रक्तपात, आंतरिक टकराव और अप्रत्याशित परिणामों वाले संघर्ष से बचना सबसे बड़ा लक्ष्य था। हालांकि, इस विद्रोह ने रूसी राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन के ताकतवर व अजेय होने के मिथक को तोड़ दिया है। इसके साथ ही इसने यूक्रेन में जंग छेड़ने की उनकी क्षमता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

विद्रोह कैसे शुरू हुआ?

दरअसल, कई महीनों से रूसी सेना के शीर्ष अधिकारियों और प्रिगोझिन के बीच सत्ता संघर्ष चल रहा है। प्रिगोझिन पूर्वी यूक्रेन में अपने सैनिकों की मौत के लिए रूसी सेना को जिम्मेदार ठहरा रहे है। उसने बार-बार उन पर अपनी निजी सेना को पर्याप्त रूप से सुसज्जित करने में विफल रहने और वैगनर द्वारा जीती गई जीतों को अपनी सफलता का दावा करने का आरोप लगाया है।

शुक्रवार को प्रिगोझिन का गुस्सा खुलकर सामने आया, जब उसने मॉस्को के सैन्य नेतृत्व पर वैगनर शिविरों पर हमले का आदेश देने का आरोप लगाया। वैगनर मुखिया ने कहा कि उन्हें रोकना होगा और अंजाम तक पहुंचाने की धमकी दी। बाद में उसने दावा किया कि उनकी सेना ने एक रूसी सैन्य हेलीकॉप्टर को मार गिराया है। 

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