Biz Updates: पीएम मोदी की मौजूदगी में होगी पहले स्वदेशी विमान C295 की डिलीवरी; UN ऑनर रोल में भारत शामिल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस साल की दूसरी छमाही में गुजरात के वडोदरा स्थित टाटा-एयरबस असेंबली लाइन से रक्षा मंत्रालय को सैन्य परिवहन विमान C295 की डिलीवरी समारोह में शामिल हो सकते हैं। यह जानकारी एयरबस के प्रेसिडेंट (इंटरनेशनल) और एग्जीक्यूटिव कमेटी के सदस्य वाउटर वैन वर्श ने बुधवार को सिंगापुर एयरशो के दौरान पत्रकारों को दी।
सी295 वडोदरा असेंबली लाइन से तैयार होने वाला पहला मेड इन इंडिया सैन्य विमान है। यह परियोजना टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड और एयरबस के संयुक्त उद्यम के तहत चलाई जा रही है।
विमान निर्माण में इस्तेमाल होने वाले करीब 70 प्रतिशत पुर्जे भारत से ही हासिल किए गए हैं, जबकि शेष 30 प्रतिशत आयातित हैं। इनमें इंजन भी शामिल है, जो कनेक्टिकट मुख्यालय वाली प्रैट और व्हिटनी से लिया गया है।
भारत ने संयुक्त राष्ट्र (UN) के 2026 के नियमित बजट के लिए 35.18 मिलियन अमेरिकी डॉलर का पूरा भुगतान समय पर कर दिया है। इसके साथ ही भारत उन 47 सदस्य देशों के ऑनर रोल में शामिल हो गया है, जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र के वित्तीय नियमों के तहत निर्धारित 30 दिनों की अवधि के भीतर अपने नियमित बजट का पूरा भुगतान किया है।
UN को 2026 बजट का पूरा भुगतान कर भारत ऑनर रोल में
यूएन की कमेटी ऑन कॉन्ट्रिब्यूशंस के अनुसार, 3 फरवरी 2026 तक कुल 47 सदस्य देशों ने 2026 के लिए अपनी नियमित बजट देनदारियां पूरी कर दी हैं। भारत ने भी इसी दिन 35.18 मिलियन डॉलर का भुगतान किया। इस बीच, संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के प्रवक्ता स्टेफान डुजारिक ने दैनिक प्रेस ब्रीफिंग में ‘ऑनर रोल’ में शामिल देशों का उल्लेख करते हुए भारत को लेकर एक क्विज-शैली का सवाल भी पूछा, जिससे समय पर भुगतान को लेकर भारत की भूमिका को रेखांकित किया गया।
अमेरिका में 2026 तक महंगाई में नरमी जारी रहने की संभावना
स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) की एक रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका में महंगाई का दबाव 2026 तक बना रह सकता है। इसकी प्रमुख वजहें कमजोर श्रम बाजार रुझान, नाजुक मौद्रिक स्थितियां और आर्थिक गतिविधियों में सुस्ती बताई गई हैं।
रिपोर्ट में कहा गया है कि ऐसे माहौल में यूएस फेडरल रिजर्व को आने वाले समय में ब्याज दरों में कटौती करनी पड़ सकती है। एसबीआई ने ऐसे सात अहम कारक गिनाए हैं जो फेड को दरों में नरमी के लिए मजबूर कर सकते हैं।
SBI के अनुसार, श्रम बाजार में बढ़ती ढील, वास्तविक डिस्पोजेबल आय का ठहराव और महंगाई का घटता असर ये सभी संकेत देते हैं कि फेड की मौद्रिक नीति आगे नरम हो सकती है। रिपोर्ट में कहा गया, “श्रम बाजार में स्लैक, वास्तविक आय में ठहराव और महंगाई के दबाव में कमी, ये मिलकर फेड को ब्याज दरों में कटौती की दिशा में ले जा सकते हैं।”
ब्रिटेन में ब्याज दरें स्थिर रहने की संभावना, महंगाई अब भी लक्ष्य से ऊपर
ब्रिटेन के केंद्रीय बैंक अपनी प्रमुख ब्याज दर को 3.75% पर बरकरार रख सकता है। इसकी वजह यह है कि देश में महंगाई अभी भी तय लक्ष्य से ऊपर बनी हुई है, जबकि आर्थिक वृद्धि में सुधार के संकेत मिल रहे हैं। पूरे यूनाइटेड किंगडम के लिए ब्याज दरें तय करने वाला बैंक ऑफ इंग्लैंड पिछले करीब 18 महीनों से धीरे-धीरे दरों में कटौती करता आ रहा है। आमतौर पर हर तीन महीने में दरों में नरमी की गई है। केंद्रीय बैंक ने आखिरी बार दिसंबर में ब्याज दरों में 0.25 प्रतिशत अंक की कटौती की थी और संकेत दिया था कि इस साल आगे भी दरों में कमी संभव है। हालांकि, दिसंबर के बाद सामने आए कई आर्थिक संकेतकों से पता चलता है कि ब्रिटिश अर्थव्यवस्था ने साल की शुरुआत उम्मीद से बेहतर की है। आर्थिक गतिविधियों में यह मजबूती आगे चलकर महंगाई पर फिर से ऊपर की ओर दबाव बना सकती है।
सीरिया का पहला ऑफशोर तेल-गैस प्रोजेक्ट, अमेरिका और कतर के साथ MoU पर हस्ताक्षर
सीरिया की सरकारी तेल कंपनी ने बुधवार को देश के पहले ऑफशोर तेल और गैस क्षेत्र के विकास के लिए अमेरिका और कतर के साथ एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए। डैमस्कस में हुए इस समझौते पर अमेरिका की ऊर्जा दिग्गज शेवरॉन और कतर स्थित पावर इंटरनेशनल होल्डिंग के साथ दस्तखत किए गए। इस अवसर पर सीरिया के लिए अमेरिका के विशेष दूत टॉम बैरक भी मौजूद रहे।
सीरिया की सरकारी समाचार एजेंसी एसएएन के अनुसार, इस समझौते का उद्देश्य ऊर्जा क्षेत्र में रणनीतिक साझेदारियों को मजबूत करना है। एमओयू के तहत सीरिया के क्षेत्रीय जल में ऑफशोर खोज, तेल-गैस संसाधनों के विकास, निवेश को बढ़ावा देने और ऊर्जा क्षेत्र के समग्र विकास से जुड़ा सहयोग शामिल होगा।
केरल में निवेश घोटाले पर ईडी की बड़ी कार्रवाई, कई ठिकानों पर छापेमारी
प्रवर्तन निदेशालय ने गुरुवार को केरल में कथित निवेश धोखाधड़ी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में नेदुमपरम्बिल क्रेडिट सिंडिकेट समूह के प्रमोटरों और प्रमुख पदाधिकारियों के ठिकानों पर छापेमारी की। अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई निवेश घोटाले से जुड़े धनशोधन की जांच के तहत की गई है।
ईडी ने राज्य पुलिस द्वारा दर्ज कई एफआईआर के आधार पर धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत मामला दर्ज किया है। आरोप है कि समूह ने निवेशकों को ऊंचे रिटर्न का लालच देकर बड़ी मात्रा में धन जमा कराया, लेकिन न तो निवेश की गई राशि लौटाई गई और न ही वादा किया गया मुनाफा दिया गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि केरल के विभिन्न इलाकों में कई जमाकर्ताओं को इस योजना में निवेश के लिए प्रेरित किया गया था। ईडी अधिकारियों के मुताबिक, निवेशकों से जुटाई गई रकम का दुरुपयोग किया गया, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हुआ।
अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस ने रचा इतिहास, 1 करोड़ स्मार्ट मीटर लगाने का लक्ष्य हासिल
भारत के बिजली वितरण क्षेत्र में अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस लिमिटेड (एईएसएल) ने बड़ी उपलब्धि हासिल की है। कंपनी ने देशभर की वितरण कंपनियों (डिस्कॉम) में 1 करोड़ बिजली स्मार्ट मीटर की डिलीवरी और स्थापना सफलतापूर्वक पूरी कर ली है। इसके साथ ही AESL यह लक्ष्य हासिल करने वाली भारत की पहली और संभवतः दुनिया की भी पहली कंपनी बन गई है। कंपनी ने गुरुवार को जारी आधिकारिक बयान में बताया कि अगले वित्त वर्ष में अगले 1 करोड़ स्मार्ट मीटर की डिलीवरी किए जाने की उम्मीद है।
भारत की अग्रणी एडवांस्ड मीटरिंग इंफ्रास्ट्रक्चर सर्विस प्रोवाइडर (AMISP) के रूप में AESL को पांच राज्यों में करीब 2.5 करोड़ स्मार्ट मीटर लगाने का दायित्व मिला है। फिलहाल कंपनी की स्थापना की रफ्तार करीब 25,000 स्मार्ट मीटर प्रतिदिन है, जो इस उद्योग में सबसे तेज मानी जा रही है।
