IRCTC Chief Resigns: आईआरसीटीसी के अध्यक्ष संजय जैन ने दिया इस्तीफा, रेलवे करेगा अंतरिम प्रमुख की नियुक्ति
आईआरसीटीसी के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक संजय कुमार जैन ने व्यक्तिगत कारणों से इस्तीफा दे दिया है। रेल मंत्रालय ने 20 जुलाई, 2026 से प्रभावी उनके इस्तीफे को मंजूरी दी। रेलवे जल्द ही अंतरिम प्रमुख की नियुक्ति करेगा। आइए इस बारे में विस्तार से जानें।
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विस्तार
भारतीय रेल खानपान एवं पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी) के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक संजय कुमार जैन ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। रेल मंत्रालय ने 22 जून, 2026 को उनके इस्तीफे को मंजूरी दे दी है। यह इस्तीफा 20 जुलाई, 2026 से प्रभावी होगा। सार्वजनिक क्षेत्र के इस उपक्रम ने नियामक फाइलिंग में इस घटनाक्रम की पुष्टि की है।
कंपनी ने मंगलवार को शेयर बाजार को दी गई जानकारी में यह बताया। रेल मंत्रालय ने एक पत्र के माध्यम से अपनी मंजूरी कंपनी को सूचित की। यह पत्र 22 जून, 2026 को जारी किया गया था। सक्षम प्राधिकारी ने जैन के इस्तीफे को स्वीकार कर लिया है। सीएमडी पद के अतिरिक्त प्रभार के आदेश जल्द ही जारी किए जाएंगे। रेलवे एक अंतरिम प्रमुख की नियुक्ति की तैयारी कर रहा है। यह नियुक्ति उचित समय में की जाएगी। इस संबंध में विस्तृत घोषणा शीघ्र ही की जाएगी।
संजय जैन ने इस्तीफा क्यों दिया?
संजय कुमार जैन ने व्यक्तिगत कारणों का हवाला देते हुए अपना इस्तीफा प्रस्तुत किया है। उन्होंने अनुरोध किया कि उन्हें नोटिस अवधि पूरी होने के बाद कार्यमुक्त किया जाए। जैन ने अपने इस्तीफे पत्र में आईआरसीटीसी में सेवा को अपने पेशेवर जीवन का सबसे बड़ा सौभाग्य बताया। उन्होंने संगठन के कर्मचारियों और हितधारकों को उनके समर्थन के लिए धन्यवाद दिया। जैन ने कंपनी के निरंतर वृद्धि के लिए अच्छी स्थिति में होने का विश्वास व्यक्त किया। उन्होंने अपने कार्यकाल को बेहद संतोषजनक बताया।
उनके कार्यकाल में आईआरसीटीसी ने क्या प्रगति की?
जैन ने बताया कि उनके कार्यकाल के दौरान आईआरसीटीसी ने महत्वपूर्ण प्रगति की है। कंपनी 'मिनी रत्न' से 'नवरत्न' श्रेणी में पहुंच गई है। साथ ही, यह 'अनुसूची बी' से 'अनुसूची ए' में भी उन्नत हुई है। यह प्रगति कंपनी के मजबूत प्रदर्शन और विकास को दर्शाती है। उनके नेतृत्व में कंपनी ने कई मील के पत्थर हासिल किए। जैन ने आईआरसीटीसी के भविष्य के लिए अपनी आशा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि कंपनी आगे भी बेहतर प्रदर्शन करेगी।
पद छोड़ने से पहले उनकी क्या प्रतिबद्धता है?
जैन ने 20 जुलाई को पद छोड़ने से पहले एक सुचारु और व्यवस्थित संक्रमण सुनिश्चित करने की अपनी पूरी प्रतिबद्धता दोहराई है। उनका लक्ष्य है कि नए नेतृत्व को कार्यभार संभालने में कोई बाधा न आए। वह यह सुनिश्चित करेंगे कि सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी हों। इससे कंपनी का संचालन निर्बाध रूप से जारी रहेगा। यह कदम एक जिम्मेदार नेतृत्व की पहचान है। जैन ने कहा कि वह पूरी तरह से समर्पित हैं।