सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   Rise of India will be determined by India says EAM Jaishankar, asserts nation's growth built onown strength

Raisina Dialogue: 'भारत का उदय अपनी ताकत से होगा', हिंद महासागर में भारत की भूमिका पर क्या बोले विदेश मंत्री?

बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Kumar Vivek Updated Sat, 07 Mar 2026 03:36 PM IST
विज्ञापन
सार

रायसीना डायलॉग में विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने हिंद महासागर में भारत की बढ़ती रणनीतिक ताकत, ईरानी जहाजों (आईआरआईएस देना और आईआरआईआएस देना) से जुड़े हालिया कूटनीतिक घटनाक्रम और भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर अपना स्पष्ट रुख साझा किया है। आइए इस बारे में विस्तार से जानें।

Rise of India will be determined by India says EAM Jaishankar, asserts nation's growth built onown strength
एस जयशंकर, विदेश मंत्री - फोटो : amarujala.com
विज्ञापन

विस्तार

'भारत अपना रास्ता स्वयं निर्धारित करेगा।' विदेश मंत्री सुब्रमण्यम जयशंकर ने रायसीना डायलॉग के दौरान यह बात कही। उन्होंने जोर देकर कहा कि देश की वृद्धि उसकी अपनी घरेलू क्षमताओं और लचीलेपन पर आधारित है। जयशंकर ने साफ किया कि भारत का उदय उसकी अपनी ताकत से तय होगा, न कि दूसरों की गलतियों से। भारत हिंद महासागर क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

Trending Videos

अमेरिका को विदेशी मंत्री की दो टूक

विदेशी मंत्री ने कहा, "भारत का उदय भारत ही तय करेगा। यह हमारी ताकत से तय होगा, न कि दूसरों की गलतियों से।" विदेश मंत्री जयशंकर का यह बयान अमेरिकी विदेश उप मंत्री के उस बयान के एक दिन बाद आया है जिसमें उन्होंने कहा था कि अमेरिका भारत के साथ व्यापार मामले में दो दशक पहले हुई चीन जैसी गलती नहीं करेगा। जयशंकर ने कहा कि हिंद महासागर के लिए संसाधनों, कार्यों, प्रतिबद्धताओं और व्यावहारिक परियोजनाओं से समर्थन मिलना चाहिए। भारत इस क्षेत्र के केंद्र में है और भारत के मजबूत होने से हिंद महासागर के अन्य देशों को लाभ होगा। जयशंकर ने हिंद महासागर क्षेत्र को एक पारिस्थितिकी तंत्र बताया जो फिर से नया स्वरूप लेने और पुनर्निर्माण की प्रक्रिया में है।

विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में भारतीय कूटनीति ने इस प्रक्रिया में बहुत निवेश किया है। मंत्री ने हिंद महासागर में हालिया घटनाक्रमों पर भी बात की। उन्होंने ईरानी पोत आईआरआईएस डेना के डूबने का भी उल्लेख किया, जिसे एक अभ्यास के बाद भारतीय जल क्षेत्र से लौटने के दौरान श्रीलंका की समुद्री सीमा में अमेरिकी सेना ने डुबो दिया था। वहीं दूसरी ओर, भारत ने तकनीकी समस्याओं का सामना कर रहे एक अन्य ईरानी पोत आईआरआईएस लावन को कोच्चि में डॉक करने की अनुमति दी।

ईरान के आईआरआईएस लावन पर क्या बोले विदेश मंत्री?

आईआरआईएस लावन, जिसमें 183 चालक दल के सदस्य थे, कोच्चि में नौसेना सुविधाओं में ठहराए गए हैं। जयशंकर ने आईआरआईएस डेना के डूबने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि भारत ने मानवीय आधार पर ईरानी अनुरोध स्वीकार किया। भारतीय नौसेना ने आईआरआईएस डेना से इमरजेंसी कॉल मिलने के बाद खोज और बचाव प्रयासों में भी सहायता की थी। यह भारत के मानवीय सिद्धांतों के अनुसार है।

हिंद महासागर की भू-राजनीति पर वित्त मंत्री ने क्या कहा?

मंत्री ने हिंद महासागर की वास्तविकताओं को समझने पर जोर दिया। उन्होंने डिएगो गार्सिया में पांच दशकों से विदेशी सेनाओं की उपस्थिति का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जिबूती में विदेशी सेनाओं के अड्डे इस सदी के पहले दशक में बने। हंबनटोटा बंदरगाह भी इसी अवधि में विकसित हुआ। इन तथ्यों को समझना क्षेत्र की जटिलता के लिए महत्वपूर्ण है।

भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर क्या बोले जयशंकर?

जयशंकर ने व्यापारिक जहाजों पर काम करने वाले भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर ध्यान देने का आह्वान किया। उन्होंने बताया कि मालवाहक जहाजों पर हमलों में अक्सर भारतीय शामिल होते हैं और हाल ही में कुछ मौतें भी हुई हैं। भारत की नीतियां खाड़ी में रहने वाले नौ से दस करोड़ भारतीयों के कल्याण को प्राथमिकता देती हैं। व्यापारिक जहाजों की सुरक्षा भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने महसूस किया कि व्यापारिक समुद्री हिस्से को पर्याप्त प्रमुखता नहीं मिली।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed