पश्चिम एशिया संकट: अमेरिकी आर्थिक आंकड़ों पर निर्भर करेगी कीमती धातुओं की चाल, अधिक उतार-चढ़ाव की उम्मीद नहीं
अगले सप्ताह सोना और चांदी में सीमित दायरे में कारोबार की संभावना है। निवेशक पश्चिम एशिया के तनाव और प्रमुख वैश्विक आर्थिक संकेतों पर नजर बनाए रखेंगे। यूएस फेड प्रमुख जेरोम पॉवेल के बयान ब्याज दर और मौद्रिक नीति का संकेत देंगे, जो सोने-चांदी की मांग को प्रभावित कर सकते हैं।
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अगले सप्ताह सोना और चांदी में सीमित दायरे में कारोबार देखने को मिल सकता है। निवेशकों की नजर पश्चिम एशिया के भू-राजनीतिक हालात और प्रमुख वैश्विक आर्थिक आंकड़ों पर बनी रहेगी। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि इन कारकों से ही कीमती धातुओं की दिशा तय होगी। विश्लेषकों के अनुसार, इस हफ्ते यूएस फेड प्रमुख जेरोम पॉवेल के संबोधन और अन्य फेड अधिकारियों के बयान खास अहमियत रखेंगे। इससे ब्याज दरों और मौद्रिक नीति को लेकर संकेत मिलेंगे, जो सोने-चांदी की मांग को प्रभावित कर सकते हैं।
विश्लेषकों का कहना है कि सोने में हालिया गिरावट की वजह गोल्ड ईटीएफ निवेशकों की बिकवाली, कमजोर भौतिक मांग, मजबूत डॉलर और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी रही। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना करीब 2 फीसदी गिरकर 4,492.5 डॉलर प्रति औंस पर बंद हुआ, जबकि चांदी हल्की बढ़त के साथ 69.79 डॉलर प्रति औंस पर रही। अमेरिकी बाजार में कमजोरी से सुरक्षित निवेश की मांग बढ़ी। इससे चांदी को सहारा मिला, लेकिन बढ़ती बॉन्ड यील्ड और ऊंचे तेल दामों के कारण पारंपरिक मांग थोड़ी सीमित रही।
पिछले सप्ताह के आंकड़ों पर नजर डालें तो घरेलू वायदा बाजार में सोना मामूली गिरावट के साथ करीब 1.44 लाख प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ, जबकि चांदी 1,182 रुपये बढ़कर 2.27 लाख प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई। रुपये की कमजोरी ने सोने-चांदी की कीमतों को कुछ सपोर्ट दिया है। पिछले हफ्ते रुपया 1 फीसदी से ज्यादा गिरकर करीब 94.80 प्रति डॉलर के स्तर तक पहुंच गया।
अगले सप्ताह इन कारकों पर रहेगी नजर
जेएम फाइनेंशियल के प्रणव मेर ने कहा, अगले हफ्ते निवेशकों का ध्यान पश्चिम एशिया की घटनाओं पर बना रहेगा। तनाव बढ़ने या घटने का कोई भी संकेत बाजार को नीचे या ऊपर ले जा सकता है। इसके अलावा, प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के विनिर्माण डाटा, यूरोजोन के महंगाई आंकड़े और अमेरिकी खपत व रोजगार आंकड़ों पर भी बाजार की नजर रहेगी। घरेलू स्तर पर बाजार में सुस्ती रह सकती है, क्योंकि 31 मार्च और 3 अप्रैल को महावीर जयंती और गुड फ्राइडे के चलते बाजार बंद रहेंगे।