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दिवालिया होने की कगार पर अनिल अंबानी की एक और कंपनी, 9000 करोड़ का है कर्ज

बिजनेस डेस्क, अमर उजाला Published by: ‌डिंपल अलवधी Updated Thu, 25 Jul 2019 03:45 PM IST
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With over 9000 crore rupees debt Anil Ambani Reliance Naval now stares at bankruptcy
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रिलायंस कम्युनिकेशंस के चेयरमैन अनिल अंबानी की मुश्किलें खत्म होने का नाम नहीं ले रही हैं। उनकी एक और कंपनी दिवालिया होने की कगार पर है। अनिल अंबानी की रिलायंस नेवल एंड इंजीनियरिंग के ऊपर नौ हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का कर्ज है।

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कंपनी पिछले कई महीनों से ब्याज का भुगतान भी नहीं कर पा रही है। इतना ही नहीं, आईडीबीआई बैंक ने इसके लिए कंपनी द्वारा प्रस्तावित समाधान योजना को मानने से इंकार कर दिया है।

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दिवालिया प्रक्रिया के लिए करेंगे आवेदन 

इकोनॉमिक टाइम्स की खबर में कहा गया है कि एक बैंकिंग सूत्र ने कहा है कि जिन बैंकों ने कंपनी को कर्ज दिया है, वे कंपनी के खिलाफ दिवालिया प्रक्रिया के लिए आवेदन करेंगे। कर्जदाताओं ने कर्ज के समाधान निकालने की संभावना से भी इंकार कर दिया है। 

रिलायंस समूह ने किया था निवेश

जनवरी 2018 तक रिलायंस समूह ने रिलायंस नेवल की सहायता के लिए कंपनी में काफी निवेश किया था। निवेश किए हुए पैसे में से ज्यादातर रकम का कर्ज चुकाने के लिए प्रयोग किया गया। 

वित्त वर्ष 2018-19 में हुआ 9,399 करोड़ का घाटा

वित्त वर्ष 2018-19 में रिलायंस नेवल को 9,399 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ था। वहीं इसके पिछले वित्त वर्ष में भी कंपनी को 406 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ था।

आईडीबीआई बैंक ने किया था आवेदन

आईडीबीआई बैंक ने पिछले साल ही आवेदन किया था, जिसमें कंपनी के खिलाफ इनसॉल्वेंसी और बैंकरप्सी (IBC) की प्रक्रिया शुरू करने को कहा गया था। बता दें कि रिलायंस नेवल एक जहाज निर्माण कंपनी है और उसके पास युद्धपोत बनाने का लाइसेंस और ठेका है। 

RBI ने दिया था 30 दिन का समय

भारतीय रिजर्व बैंक ने 70 लोन खातों का समाधान निकालने के लिए 30 दिन का समय दिया था। समाधान न निकलने पर बैंक ऐसे मामलों को दिवालिया कार्यवाई के लिए नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल के पास भेज सकते हैं। 

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