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छत्तीसगढ़: राज्यपाल रमेन डेका ने ब्रेल पुस्तक और ऑडियो बुक्स का किया विमोचन
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
Published by: अमन कोशले
Updated Tue, 27 Jan 2026 07:00 PM IST
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सार
छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ने मंगलवार को लोकभवन में छत्तीसगढ़ के वीर और दिव्यांग महिलाओं की प्रेरक सफलता कथाओं पर आधारित ब्रेल पुस्तकों और ऑडियो बुक्स का विमोचन किया।
राज्यपाल रमेन डेका ने ब्रेल पुस्तक और ऑडियो बुक्स का किया विमोचन
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ने मंगलवार को लोकभवन में छत्तीसगढ़ के वीर और दिव्यांग महिलाओं की प्रेरक सफलता कथाओं पर आधारित ब्रेल पुस्तकों और ऑडियो बुक्स का विमोचन किया। इस पहल के तहत दो ब्रेल पुस्तकें और तीन हजार से अधिक कंटेंट को शामिल करते हुए तैयार की गई ऑडियो बुक्स आम लोगों के लिए जारी की गईं। इस मौके पर राज्यपाल ने ऑडियो बुक्स के निर्माण में योगदान देने वाले राज्य के विभिन्न जिलों के शिक्षकों को सम्मानित भी किया। उन्होंने कहा कि इन पुस्तकों को ब्रेल और ऑडियो स्वरूप में तैयार करना एक सराहनीय प्रयास है, जिससे दृष्टिबाधित और दिव्यांगजनों को पढ़ने-समझने में बड़ी सुविधा मिलेगी।
राज्यपाल ने कहा कि समाज में कई ऐसी गुमनाम हस्तियां हैं, जिन्होंने अपने कार्यों से मिसाल कायम की है। ऐसी प्रेरक कहानियों को सामने लाना और उन्हें प्रोत्साहित करना बेहद जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि दिव्यांगजन समाज का अहम हिस्सा हैं और देश व समाज के विकास में उनका योगदान महत्वपूर्ण है। उन्होंने दिव्यांगजनों के लिए सार्वजनिक स्थलों, अस्पतालों और अन्य जगहों पर रैम्प और सुविधाओं की जरूरत पर भी जोर दिया। साथ ही ऑडियो बुक्स के व्यापक प्रचार-प्रसार की बात कहते हुए कहा कि इससे प्रदेश के बाहर रहने वाले दिव्यांगजन भी लाभ उठा सकेंगे।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित के. शारदा, प्रीति शांडिल्य सहित अन्य शिक्षक और गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
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राज्यपाल ने कहा कि समाज में कई ऐसी गुमनाम हस्तियां हैं, जिन्होंने अपने कार्यों से मिसाल कायम की है। ऐसी प्रेरक कहानियों को सामने लाना और उन्हें प्रोत्साहित करना बेहद जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि दिव्यांगजन समाज का अहम हिस्सा हैं और देश व समाज के विकास में उनका योगदान महत्वपूर्ण है। उन्होंने दिव्यांगजनों के लिए सार्वजनिक स्थलों, अस्पतालों और अन्य जगहों पर रैम्प और सुविधाओं की जरूरत पर भी जोर दिया। साथ ही ऑडियो बुक्स के व्यापक प्रचार-प्रसार की बात कहते हुए कहा कि इससे प्रदेश के बाहर रहने वाले दिव्यांगजन भी लाभ उठा सकेंगे।
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कार्यक्रम में राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित के. शारदा, प्रीति शांडिल्य सहित अन्य शिक्षक और गणमान्य लोग उपस्थित रहे।