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एपीके फाइल खोलते ही हैंग हुआ मोबाइल, खाते से निकले 1.91 लाख रुपये
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झज्जर। साइबर क्राइम थाना झज्जर की पुलिस टीम ने ऑनलाइन ठगी के मामले में मध्य प्रदेश निवासी एक आरोपी प्रिंस निवासी भेलसा, हाल कामदवा, सिनोनिया, निवाड़ी, मध्य प्रदेश को गिरफ्तार किया है।
थाना प्रबंधक साइबर क्राइम झज्जर निरीक्षक दर्शन सिंह ने बताया कि एक व्यक्ति के मोबाइल पर 5 सितंबर को अज्ञात नंबर से एपीके फाइल प्राप्त हुई थी। फाइल खोलने के बाद उसका मोबाइल हैंग होने लगा और बार-बार रि-स्टार्ट होने लगा। इसके बाद उसके बैंक खाते से 7 सितंबर को 95 हजार रुपये, 8 सितंबर को 96 हजार रुपये निकल गए। पीड़ित की शिकायत मिलने पर साइबर क्राइम थाना झज्जर में 11 सितंबर को धोखाधड़ी से संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई थी।
मामले की जांच के दौरान साइबर क्राइम पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, बैंक खातों में हुए लेन-देन और धनराशि के ट्रांजेक्शन की कड़ियों का विश्लेषण करते हुए आरोपी प्रिंस की पहचान कर उसे गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि आरोपी ने धोखाधड़ी से प्राप्त राशि में से 96 हजार रुपये अपने दोस्त के बैंक खाते में डलवाए थे।
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इसके बदले उसने 8 हजार रुपये कमीशन के रूप में प्राप्त किए थे। साइबर क्राइम थाना झज्जर की पुलिस टीम ने मामले में आरोपी की भूमिका, बैंक खातों और ठगी की रकम के लेन-देन से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है।
पुलिस आमजन से अपील करती है कि अनजान नंबरों से प्राप्त एपीके फाइल डाउनलोड या इंस्टॉल न करें और संदिग्ध लिंक से दूर रहें। ऑनलाइन ठगी होने पर तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करवाएं।
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थाना प्रबंधक साइबर क्राइम झज्जर निरीक्षक दर्शन सिंह ने बताया कि एक व्यक्ति के मोबाइल पर 5 सितंबर को अज्ञात नंबर से एपीके फाइल प्राप्त हुई थी। फाइल खोलने के बाद उसका मोबाइल हैंग होने लगा और बार-बार रि-स्टार्ट होने लगा। इसके बाद उसके बैंक खाते से 7 सितंबर को 95 हजार रुपये, 8 सितंबर को 96 हजार रुपये निकल गए। पीड़ित की शिकायत मिलने पर साइबर क्राइम थाना झज्जर में 11 सितंबर को धोखाधड़ी से संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई थी।
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मामले की जांच के दौरान साइबर क्राइम पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, बैंक खातों में हुए लेन-देन और धनराशि के ट्रांजेक्शन की कड़ियों का विश्लेषण करते हुए आरोपी प्रिंस की पहचान कर उसे गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि आरोपी ने धोखाधड़ी से प्राप्त राशि में से 96 हजार रुपये अपने दोस्त के बैंक खाते में डलवाए थे।
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इसके बदले उसने 8 हजार रुपये कमीशन के रूप में प्राप्त किए थे। साइबर क्राइम थाना झज्जर की पुलिस टीम ने मामले में आरोपी की भूमिका, बैंक खातों और ठगी की रकम के लेन-देन से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है।
पुलिस आमजन से अपील करती है कि अनजान नंबरों से प्राप्त एपीके फाइल डाउनलोड या इंस्टॉल न करें और संदिग्ध लिंक से दूर रहें। ऑनलाइन ठगी होने पर तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करवाएं।