फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Cricket ›   Cricket News ›   Former India captain Sunil Gavaskar feels subtle adjustment in batting stance helped Virat Kohli in Perth test

IND vs AUS: खराब फॉर्म से जूझने वाले कोहली को किस तरह मिली सफलता, गावस्कर ने बताया कारण

Wed, 27 Nov 2024 04:16 PM IST
शोभित चतुर्वेदी स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शोभित चतुर्वेदी Updated Wed, 27 Nov 2024 04:16 PM IST
सार

कोहली पिछले कुछ समय से खराब फॉर्म से गुजर रहे थे। कोहली पर्थ टेस्ट की पहली पारी में पांच रन बनाकर आउट हुए थे, लेकिन उन्होंने दूसरी पारी में दमदार बल्लेबाजी करते हुए शतक जड़ा और फॉर्म में वापसी करने में सफल रहे थे।

विज्ञापन
Former India captain Sunil Gavaskar feels subtle adjustment in batting stance helped Virat Kohli in Perth test
विराट कोहली - फोटो : BCCI

विस्तार

भारतीय टीम के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले टेस्ट मैच में शानदार प्रदर्शन करते हुए शतक जड़ा था। कोहली पिछले कुछ समय से खराब फॉर्म से गुजर रहे थे। कोहली पर्थ टेस्ट की पहली पारी में पांच रन बनाकर आउट हुए थे, लेकिन उन्होंने दूसरी पारी में दमदार बल्लेबाजी करते हुए शतक जड़ा और फॉर्म में वापसी करने में सफल रहे थे। इस पर पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर ने कहा कि कोहली ने अपने स्टांस में बदलाव किया जिसका उन्हें फायदा मिला। 
विज्ञापन

सचिन से आगे निकले थे कोहली 
कोहली अपनी शतकीय पारी के दम पर ऑस्ट्रेलिया में सर्वाधिक टेस्ट शतक लगाने वाले भारतीय बल्लेबाज बन गए थे। कोहली का ऑस्ट्रेलिया में यह सातवां टेस्ट शतक है, जबकि सचिन ने अपने करियर में ऑस्ट्रेलिया में छह शतक लगाए थे। इतना ही नहीं कोहली का ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट प्रारूप में यह छह साल बाद पहला शतक है। उन्होंने इससे पहले अंतिम बार ऑस्ट्रेलियाई धरती पर 2018 में इस प्रारूप में सैकड़ा जड़ा था। वहीं, टेस्ट में उन्होंने अंतिम शतक पिछले साल जुलाई में वेस्टइंडीज के खिलाफ लगाया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

गावस्कर ने एक स्पोर्ट्स चैनल से कहा, जब कोहली दूसरी पारी में बल्लेबाजी के लिए उतरे तो काफी सहज नजर आ रहे थे। पहली पारी में भारत ने दो विकेट जल्दी गंवा दिए थे और अन्य खिलाड़ियों की तरह वह भी दबाव में थे। दूसरी पारी में स्टांस बदलने के अलावा उन्होंने अपने पांवों को भी अच्छी तरह से जमाया। मुझे लगता है कि छोटी-छोटी चीजों से सामंजस्य बिठाने से वह उस स्थिति में पहुंचे जैसा कि वह चाहते थे। ऑस्ट्रेलिया की उछाल वाली पिचों पर आपके लिए इस तरह की छोटी-छोटी चीजों पर ध्यान देना महत्वपूर्ण हो जाता है। मुझे उनका जोश हेजलवुड पर मिडविकेट पर लगाया गया चौका बहुत अच्छा लगा। इस तरह का शॉट खेलना आसान नहीं होता है।
विज्ञापन

गावस्कर ने फेडरर, नडाल और जोकोविक से की कोहली की तलना
गावस्कर ने कोहली के हाल के संघर्ष की तुलना उस समय से की जब रोजर फेडरर, राफेल नडाल और नोवाक जोकोविच जैसे टेनिस दिग्गज खिताब नहीं जीत पाए थे। उन्होंने कहा, मैंने कमेंट्री करते हुए कहा था कि रोजर फेडरर, नोवाक जोकोविच और राफेल नडाल जैसे चैंपियन खिलाड़ी अगर सेमीफाइनल में हार जाते हैं तो लोग कहते हैं कि वह फॉर्म में नहीं थे। अगर कोई अन्य सेमीफाइनल में पहुंचता है तो कहा जाता है कि क्या शानदार प्रदर्शन है। यही बात विराट कोहली पर भी लागू होती है क्योंकि लोग उनसे हर समय शतक की उम्मीद रखते हैं। अगर वह 70 या 80 रन भी बनाता है तो लोग कहेंगे कि देखो वह रन नहीं बना पा रहा है। भारतीय प्रशंसक लालची हैं। वे अपने स्टार खिलाड़ी के 70 या 80 रन बनाने से खुश नहीं होते।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें क्रिकेट समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। क्रिकेट जगत की अन्य खबरें जैसे क्रिकेट मैच लाइव स्कोरकार्ड, टीम और प्लेयर्स की आईसीसी रैंकिंग आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed