पहले दिन रनों की 'बारिश' के बाद दूसरे दिन पड़ गया रनों का 'सूखा'
इसे कहते हैं खेल में उतार-चढ़ाव आना। मैच के पहले दिन बल्लेबाजों ने जहां रनों की बारिश कर डाली तो दूसरे दिन कुछ ऐसा हुआ रनों का सूखा ही पड़ गया। बल्लेबाज अगले दिन शुरुआती दिन के बनाए स्कोर की तुलना में आधा ही स्कोर कर सके।
ड्यूडिन में न्यूजीलैंड और श्रीलंका के बीच खेले जा रहे पहले टेस्ट मैच के दूसरे दिन मेहमान श्रीलंकाई टीम के बल्लेबाज 4 विकेट पर 197 रन ही बना सके। दिन का खेल खत्म होने तक श्रीलंका के लिए ओपनर दिमुथ करुणारत्ने ने 84 रनों की सबसे बड़ी पारी खेली। उनके अलावा दिनेश चंडीमल नाबाद 83 रनों पर खेल रहे हैं। मेजबान गेंदबाजों का सामना करने में श्रीलंकाई बल्लेबाजों को खासी मशक्कत करनी पड़ी।
हालांकि इन दोनों के अलावा अन्य बल्लेबाज टीम के लिए बड़ा योगदान नहीं कर सके। कप्तान एंजेलो मैथ्यूज सिर्फ 2 रन बनाकर आउट हो गए। खराब शुरुआत के कारण श्रीलंका की बल्लेबाजी बेहद धीमी रही और वे दिनभर बल्लेबाजी के दौरान 197 रन ही बना पाए। श्रीलंका के गिरे सभी विकेट विकेटकीपर वाटलिंग ने लपके। टीम ने 81 ओवर में 2.43 की औसत से रन बनाए। जबकि पहले दिन न्यूजीलैंड के बल्लेबाजों ने तूफानी बल्लेबाजी करते हुए 4.54 की औसत से रन बनाए थे।
सिर्फ 3 रन से बन गए 2015 के सबसे सफल एशियाई बल्लेबाज
शानदार फॉर्म में चल रहे दिनेश चंडीमल (नाबाद 83) अपनी अर्धशतकीय पारी की बदौलत इस साल टेस्ट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले एशियाई बल्लेबाज बन गए हैं। उन्होंने 17 पारियों में 2 शतक और 4 अर्धशतक की बदौलत 52.80 की औसत से 792 रन बनाए हैं। उन्होंने पाकिस्तान के यूनुस खान को पीछे छोड़ा जिन्होंने 14 टेस्ट पारियों में 789 रन बनाए थे।
हालांकि सिर्फ 3 रन से यूनुस को पीछे छोड़ने वाले चंडीमल के पास अपने स्कोर को आगे बढ़ाने का मौका है क्योंकि उनकी यह पारी अभी जारी है और उन्हें मैच की दूसरी पारी खेलनी है।
इससे पहले न्यूजीलैंड ने अपने पहले दिन के स्कोर 8 विकेट पर 409 रन से आगे खेलना शुरू किया और पूरी टीम 431 रन बनाकर आउट हो गई। उसकी ओर से ओपनर मार्टिन गुप्टिल ने सर्वाधिक 156 रनों की पारी खेली। गुप्टिल के अलावा केन विलियम्सन ने 88 और कप्तान ब्रैंडन मैकुलम ने 75 रनों का योगदान दिया।
किवी टीम ने पहले दिन तेजी से रन बनाते हुए 400 रनों से ज्यादा रन बना लिए थे। टेस्ट इतिहास में ऐसा तीसरी बार हुआ है जब इस टीम ने टेस्ट मैच के एक दिन में ही 400 से ज्यादा रन बना लिए। पहले दिन बल्लेबाज 4.54 की औसत से रन बनाते हुए 409 रन बनाए।